ePaper

Mahakumbh: क्या हिंदू धर्म से बर्खास्त हो जाएंगे राहुल गांधी? जानें कहा पास हुआ प्रस्ताव

Updated at : 10 Feb 2025 7:00 AM (IST)
विज्ञापन
Rahul Gandhi

Rahul Gandhi

Mahakumbh: धर्म संसद ने राहुल गांधी के उस वायरल वीडियो पर संज्ञान लिया, जिसमें वे मनुस्मृति को लेकर कथित रूप से आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए नजर आ रहे हैं.

विज्ञापन

Mahakumbh: महाकुंभ मेला क्षेत्र के सेक्टर 12 में स्थित शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के शिविर में आयोजित परम् धर्म संसद में रविवार को दो महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित किए गए. इस धर्म संसद में अमेरिकी प्रशासन द्वारा हिंदुओं के प्रति किए गए कथित अपमानजनक व्यवहार की कड़ी निंदा की गई. इसके अलावा, कांग्रेस के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के मनुस्मृति पर दिए गए कथित विवादास्पद बयान पर नाराजगी जताई गई और उन्हें हिंदू धर्म से बहिष्कृत करने का प्रस्ताव पारित किया गया. साथ ही, उनसे इस विषय पर माफी मांगने और अपने बयान के लिए स्पष्टीकरण देने की मांग की गई है. धर्म संसद ने उन्हें एक महीने का समय दिया है, जिसमें उन्हें यह स्पष्ट करना होगा कि क्यों न उन्हें हिंदू धर्म से निष्कासित किया जाए.

धर्म संसद ने राहुल गांधी के उस वायरल वीडियो पर संज्ञान लिया, जिसमें वे मनुस्मृति को लेकर कथित रूप से आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए नजर आ रहे हैं. सभा में कहा गया कि इस बयान से उन करोड़ों हिंदू श्रद्धालुओं की भावनाओं को ठेस पहुंची है, जो मनुस्मृति को एक पवित्र ग्रंथ मानते हैं. प्रस्ताव रखते हुए विकास पाटनी ने कहा कि यह टिप्पणी अस्वीकार्य है और इसे हिंदू धर्म के मूल सिद्धांतों के विरुद्ध माना जाना चाहिए. इस पर सभी संतों और उपस्थित सदस्यों की सहमति से प्रस्ताव पारित कर दिया गया.

इसके अलावा, धर्म संसद में अमेरिका द्वारा कुछ भारतीय नागरिकों को देश से बाहर निकाले जाने के मामले को भी उठाया गया. धर्म संसद ने कहा कि यह अमेरिकी प्रशासन का अधिकार है कि वह अवैध रूप से प्रवेश करने वाले लोगों को बाहर करे, लेकिन हिरासत में लिए गए भारतीय हिंदुओं को जबरन प्रतिबंधित भोजन परोसना घोर निंदनीय कृत्य है. ऐसा प्रतीत होता है कि यह कार्य हिंदू धर्म और उनकी धार्मिक आस्था का अपमान करने के उद्देश्य से जानबूझकर किया गया है.

इसे भी पढ़ें: 12 फरवरी को छुट्टी, स्कूल-ऑफिस-बैंक और मांस-शराब की दुकानें बंंद

शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने धर्म संसद के विचारों को अभिव्यक्त करते हुए कहा कि अमेरिकी प्रशासन का यह रवैया हिंदू विरोधी प्रतीत होता है, जिसे किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता. उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व वाली अमेरिकी सरकार की कड़ी निंदा करते हुए उनसे इस कृत्य के लिए माफी मांगने की मांग की. साथ ही, भारत सरकार से भी यह अनुरोध किया गया कि वह अमेरिकी प्रशासन की इस कार्रवाई के विरुद्ध आधिकारिक रूप से निंदा प्रस्ताव पारित करे. इस धर्म संसद में उपस्थित सभी संतों और धर्माचार्यों ने इन दोनों प्रस्तावों का समर्थन करते हुए हिंदू धर्म की रक्षा और उसकी गरिमा बनाए रखने की प्रतिबद्धता जताई.

इसे भी पढ़ें: पुलिस ने लोगों को महाकुंभ में जाने से रोका, देखें वीडियो

इसे भी पढ़ें: पत्नी को अकेले भेजो, तभी बिजली जोड़ेंगे

इसे भी पढ़ें: महाकुंभ में तौलिया लपेट नहाने पहुंची लड़की का वीडियो वायरल

विज्ञापन
Aman Kumar Pandey

लेखक के बारे में

By Aman Kumar Pandey

अमन कुमार पाण्डेय डिजिटल पत्रकार हैं। राजनीति, समाज, धर्म पर सुनना, पढ़ना, लिखना पसंद है। क्रिकेट से बहुत लगाव है। इससे पहले राजस्थान पत्रिका के यूपी डेस्क पर बतौर ट्रेनी कंटेंट राइटर के पद अपनी सेवा दे चुके हैं। वर्तमान में प्रभात खबर के नेशनल डेस्क पर कंटेंट राइटर पद पर कार्यरत।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola