ePaper

Himachal Flood: हिमाचल में तबाही की बारिश, अबतक 88 लोगों की मौत, 4000 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान

Updated at : 12 Jul 2023 8:14 PM (IST)
विज्ञापन
Himachal Flood: हिमाचल में तबाही की बारिश, अबतक 88 लोगों की मौत, 4000 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान

Dharamshala: Collapsed portion of railway bridge over the Chakki river after flash flood triggered by heavy monsoon rains, in Dharamshala, Saturday, Aug. 20, 2022. (PTI Photo)(PTI08_20_2022_000055B)

हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश और जगह जगह हुए भूस्खलन के बाद जब सरकार और प्रशासन की ओर से तबाही का जायजा लिया गया तो हर तरफ बर्बादी का ही मंजर ही नजर आया. तबाही की बारिश के कारण राज्य में 88 लोगों की जान चली गई है, 16 लापता हैं और 100 घायल हुए हैं. राज्य भर में 492 जानवरों की मौत हो चुकी है.

विज्ञापन

Himachal Flood: हिमाचल प्रदेश में मानसून की बारिश ने जबरदस्त तबाही मचायी है. भारी बरसात, बाढ़ और लैंड स्लाइड ने कई लोगों की जान ले ली हैं. इसके अलावा करोड़ों की संपत्ति को नुकसान पहुंचाया है. भारी बारिश के कारण सैकड़ों जानवरों की भी मौत हो गई है. राज्य सरकार के एक आंकड़े के मुताबिक हिमाचल प्रदेश में तबाही की बारिश के कारण राज्य में 88 लोगों की जान चली गई है, 16 लापता हैं और 100 घायल हुए हैं. राज्य भर में 492 जानवरों की मौत हो चुकी है.

1300 सड़कें अवरुद्ध, 20 पुल क्षतिग्रस्त
हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश और जगह जगह हुए भूस्खलन के बाद जब सरकार और प्रशासन की ओर से तबाही का जायजा लिया गया तो हर तरफ बर्बादी का ही मंजर ही नजर आया. आम लोगों और मवेशियों की मौत के अलावा प्रदेश में भारी बारिश, भूस्खलन और बाढ़ के कारण लगभग 1300 सड़कें अवरुद्ध हो गई जबकि 40 बड़े पुल क्षतिग्रस्त हो गये हैं.

भूस्खलन की संभावनाएं
हिमाचल प्रदेश के IMD निदेशक सुरेंद्र पॉल प्रदेश में बारिश को लेकर कहा कि बीते 24 घंटे में सिरमौर, सोलन, शिमला और किन्नौर जिलों में बारिश हुई है. मंडी, कांगड़ा, कुल्लू में हल्की बारिश हुई है. उन्होंने कहा कि आज और कल बारिश में कमी रहेगी. 14 जुलाई के आसपास मानसून फिर से सक्रिय होगा. अगले 48 घंटे में भूस्खलन की संभावनाएं हैं.

बाढ़ और बारिश में फंसे पर्यटक
हिमाचल प्रदेश में हुई बेतरतीब बारिश में कई पर्यटक भी फंस गये हैं. कुछ इलाकों से पर्यटकों को निकाला गया है, और कुछ इलाकों से निकालने की प्रक्रिया जारी है. दरअसल, राज्य में 850 से ज्यादा सड़कों के बंद होने के कारण भारी संख्या में पर्यटक अपने-अपने ठिकानों पर ही रुके हुए हैं और हालात के बेहतर होने का इंतजार कर रहे हैं. सीएम सुक्खू ने बताया कि चंद्रताल में करीब 300 लोग, जिनमें ज्यादातर पर्यटक हैं, शनिवार से फंसे हुए हैं. पर्यटकों में सात बीमार हैं, जिसमें दो बुजुर्ग और एक लड़की शामिल है, उन्हें मंगलवार को हवाई मार्ग से चंद्रताल से भुंतर लाया गया है.

Also Read: Delhi Rain: टूटा 45 सालों का रिकॉर्ड.. यमुना का जलस्तर 207.66 मीटर के पार, CM केजरीवाल ने की इमरजेंसी मीटिंग

इधर, सड़क बचाव दल चंद्रताल के रास्तों पर जमे बर्फ को साफ कर रहा है. मुख्यमंत्री सुक्खू ने मंगलवार को कहा था कि सभी फंसे हुए पर्यटकों को बुधवार तक निकाल लिया जाएगा और इस कार्य के लिए छह हेलीकॉप्टर तैनात किए गए हैं. उन्होंने यह भी दावा किया कि प्राकृतिक आपदा की वजह से पहाड़ी राज्य को अनुमानित 4000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है.

भाषा इनपुट से साभार

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola