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जेएनयू का नाम बदल कर सुभाष चंद्र बोस यूनिवर्सिटी कर देना चाहिए : सुब्रमण्यम स्वामी

Updated at : 28 Feb 2016 4:44 PM (IST)
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जेएनयू का नाम बदल कर सुभाष चंद्र बोस यूनिवर्सिटी कर देना चाहिए : सुब्रमण्यम स्वामी

नयी दिल्‍ली : जेएनयू मामले पर भाजपा नेता सुब्रमण्‍यम स्‍वामी भी कूद गये हैं. स्‍वामी ने जेएनयू के नाम को बदलकर सुभाष चंद्र बोस यूनिवर्सिटी करने की मांग की. उन्‍होंने जेएनयू को देश के खिलाफ साजिश करने वालों का अड्डा बताया. स्‍वामी ने कहा कि जेएनयू में जो कुछ हुआ उससे दुख है. जएनयू को […]

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नयी दिल्‍ली : जेएनयू मामले पर भाजपा नेता सुब्रमण्‍यम स्‍वामी भी कूद गये हैं. स्‍वामी ने जेएनयू के नाम को बदलकर सुभाष चंद्र बोस यूनिवर्सिटी करने की मांग की. उन्‍होंने जेएनयू को देश के खिलाफ साजिश करने वालों का अड्डा बताया.

स्‍वामी ने कहा कि जेएनयू में जो कुछ हुआ उससे दुख है. जएनयू को चार माह के लिए बंद कर देना चाहिए और तलाशी अभियान चलाना चाहिए. उन्‍होंने कहा, जेएनयू देशद्रोह का केंद्र बन गया है. देश के कई हिस्‍सों में देशद्रोह की बातें होती हैं, लेकिन जेएनयू में सबसे अधिक होता है.

मीडिया में चल रही खबरों के अनुसार स्‍वामी ने कानुपर के वीएसएसडी कॉलेज में वैश्विक आतंकवाद विषय पर चर्चा के दौरान कहा, जेएनयू का नाम बदल कर सुभाष चंद्र बोस के नाम पर रखा जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि किसी शिक्षण संस्थान का नाम ऐसे शख्स के नाम पर कैसे रखा जा सकता है जो कैम्ब्रिज कालेज की परीक्षा में नाकाम रहा हो. उन्होंने कहा कि जेएनयू को परीक्षा खत्म होने के बाद चार महीने के लिये बंद कर देना चाहिये.
उन्‍होंने कहा, कश्‍मीर में धारा 370 नेहरु के चलते लगी. जबकि बाबा भीमराव आंबेडर ने इसका विरोध किया था. स्‍वामी ने कश्‍मीर को देश का अहम हिस्‍सा बताया और पाकिस्‍तान के कब्‍जे वाले कश्‍मीर को भी भारत में शामिल करने के लिए पहल करने की बात कही. उन्‍होंने कश्‍मीर पंडितों की समस्‍या का भी हल निकालने की मांग की. उन्‍होंने सुझाव दिया कि कश्‍मीर पंडितों के घर पर कुछ दिनों के लिए सेना के जवानों को रखा जाना चाहिए बाद में कश्‍मीर पंडितों की घर वापसी करा देने चाहिए.
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