Ranchi news : झारखंड में सहायक पुस्तकाध्यक्ष व लाइब्रेरी प्रोफेशनल्स के कितने पद स्वीकृत व रिक्त हैं : हाइकोर्ट
Updated at : 26 Sep 2025 7:27 PM (IST)
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हाइकोर्ट ने राज्य सरकार को शपथ पत्र दायर करने का दिया निर्देश
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: हाइकोर्ट ने राज्य सरकार को शपथ पत्र दायर करने का दिया निर्देश
: मामले की अगली सुनवाई छह अक्तूबर को होगी.: मामला जेपीएससी जेट-2025 में लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन साइंस विषय को बाहर रखने का.
रांची. झारखंड हाइकोर्ट के जस्टिस आनंद सेन की अदालत ने जेपीएससी जेट में लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन साइंस विषय को बाहर रखने के मामले में दायर याचिका पर सुनवाई की. मामले की सुनवाई के दाैरान अदालत ने प्रार्थी, राज्य सरकार व झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) का पक्ष सुना. पक्ष सुनने के बाद अदालत ने राज्य सरकार को शपथ पत्र के माध्यम से जवाब दायर करने का निर्देश दिया. अदालत ने सरकार से पूछा कि जेपीएससी जेट की परीक्षा में लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन साइंस को क्यों बाहर रखा गया है. झारखंड में सहायक पुस्तकाध्यक्ष व लाइब्रेरी प्रोफेशनल्स के कितने पद स्वीकृत हैं तथा वर्तमान में कितने पद रिक्त हैं. मामले की अगली सुनवाई के लिए अदालत ने छह अक्तूबर की तिथि निर्धारित की. इससे पूर्व प्रार्थी की ओर से अदालत को बताया गया कि जेट का आयोजन दो दशक बाद हो रहा है. इस पात्रता परीक्षा के आयोजन के लिए जारी विज्ञापन में 54 विषय शामिल हैं, लेकिन लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन साइंस विषय को बाहर रखा गया है, जबकि यह एक यूजीसी मान्य विषय है. यह भी बताया गया कि राज्य के विश्वविद्यालयों में सहायक पुस्तकाध्यक्ष व लाइब्रेरी प्रोफेशनल्स के कई स्वीकृत पद वर्षों से रिक्त हैं. इसके बाद भी उक्त विषय के विद्यार्थियों को जेट में अवसर नहीं दिया जा रहा है, जो संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 का उल्लंघन है. प्रार्थी ने जेट में शामिल करने के लिए आदेश देने का आग्रह किया. वहीं जेपीएससी की ओर से अधिवक्ता संजय पिपरावाल, अधिवक्ता राकेश रंजन व अधिवक्ता प्रिंस कुमार ने अदालत को बताया गया कि विषयों की सूची उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग की संस्तुति के आधार पर प्रकाशित की गयी है तथा इस विषय में राज्य सरकार ही जवाब दे सकती है. इस पर राज्य सरकार की ओर से बताया गया कि केवल उन्हीं विषयों को जेट में शामिल किया गया है, जिनमें सहायक प्राध्यापकों के पद स्वीकृत हैं. उल्लेखनीय है कि प्रार्थी राजेश कुमार ने याचिका दायर की है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
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