Vijay Diwas 2025: विजय दिवस पर याद करें 1971 युद्ध के शहीद और वीर जवानों का बलिदान, अपनों को भेजें ये शौर्य भरे संदेश
Published by : Prerna Updated At : 16 Dec 2025 11:45 AM
vijay diwas 2025
Vijay Diwas 2025: भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस और पराक्रम के सामने पाकिस्तान की सेना ने आत्मसमर्पण किया था, जिसके परिणामस्वरूप बांग्लादेश को आज़ादी मिली. यह युद्ध कुल 13 दिनों तक चला था. आज के दिन पूरा देश भारतीय सेना के उन वीर जवानों को नमन कर रहा है.
Vijay Diwas 2025: हर साल भारत में 16 दिसंबर को विजय दिवस के रूप में मनाया जाता है. इसी दिन वर्ष 1971 में भारतीय सेना ने पाकिस्तान के खिलाफ ऐतिहासिक जीत हासिल की थी. भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस और पराक्रम के सामने पाकिस्तान की सेना ने आत्मसमर्पण किया था, जिसके परिणामस्वरूप बांग्लादेश को आज़ादी मिली. यह युद्ध कुल 13 दिनों तक चला था. आज के दिन पूरा देश भारतीय सेना के उन वीर जवानों को नमन कर रहा है, जिन्होंने अपने शौर्य और बलिदान से इतिहास रच दिया. विजय दिवस उन महान योद्धाओं के सर्वोच्च त्याग को याद करने का अवसर है, जिनकी वीर गाथाएं हर भारतीय को प्रेरणा देती हैं और देश के राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक बनी हुई हैं.
क्या थी युद्ध की वजह
देश के विभाजन के बाद पाकिस्तान को दो हिस्सों पश्चिमी पाकिस्तान और पूर्वी पाकिस्तान में बांट दिया गया था. बंगाल का बड़ा क्षेत्र पूर्वी पाकिस्तान कहलाता था. उस समय पूर्वी पाकिस्तान में देश की लगभग 56 प्रतिशत आबादी निवास करती थी और यहां की प्रमुख भाषा बांग्ला थी. करीब 24 वर्षों तक पूर्वी पाकिस्तान की जनता ने पश्चिमी पाकिस्तान के अत्याचारों को सहा. जब लोगों ने विरोध शुरू किया तो उसे दबाने के लिए पाकिस्तानी सेना ने दमनात्मक अभियान चलाया. हालात इतने भयावह हो गए कि बड़ी संख्या में लोग अपनी जान बचाने के लिए भारत में शरण लेने को मजबूर हुए. भारत ने पूर्वी पाकिस्तान के स्वतंत्रता आंदोलन में उनका समर्थन किया. इसके बाद 4 दिसंबर 1971 को भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ युद्ध की घोषणा की, जो 16 दिसंबर 1971 को समाप्त हुआ. इस युद्ध में भारत की जीत के साथ पूर्वी पाकिस्तान आज़ाद हुआ और एक नए राष्ट्र बांग्लादेश का गठन हुआ.
विजय दिवस के इस खास मौके पर शहीद जवानों को याद करते हुए अपनों को शेयर करें ये मैसेज और कोट्स और शहीद वीर सपूतों को दें श्रद्धाजंलि-
वीर जवानों के शौर्य और बलिदान को नमन,देश की आन-बान-शान का प्रतीक है विजय दिवस.विजय दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं.
जिस दिन भारत की वीर सेना ने इतिहास रचा,
उस शौर्य और साहस को नमन.
विजय दिवस की शुभकामनाएं.
भारत की विजय, वीरों का सम्मान,
हर दिल में गूंजे देशभक्ति का गान.
विजय दिवस मुबारक हो.
16 दिसंबर—
साहस, बलिदान और विजय की अमर कहानी.
देश के वीर सैनिकों को कोटि-कोटि नमन.
विजय दिवस की शुभकामनाएं.
जिनकी वीरता से मिली हमें आज़ादी और सम्मान,
उन शहीदों और सैनिकों को नमन.
विजय दिवस की हार्दिक बधाई.
यह भी पढ़ें: 93 हजार सैनिक, घुटनों पर पाकिस्तान, आखिर क्या है 1971 की कहानी
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prerna
मैं प्रेरणा प्रभा पिछले 4 साल से डिजिटल मीडिया में काम कर रही हूं. मैंने लगभग 3 साल ग्राउन्ड रिपोर्टिंग करके सरकार से जुड़े कई मुद्दों को उठाया है, इसके साथ ही कई और बड़ी खबरों को कवर किया है. अभी फिलहाल में प्रभात खबर के लाइफस्टाइल और हेल्थ के सेक्शन में खबरें लिखती हूं. मेरी कोशिश रहती है कि जो भी पाठक लाइफस्टाइल और हेल्थ के बारे में कुछ खोज रहे हो उन्हें में वो खबरें सरल और आसान भाषा में लिख कर दे सकूं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










