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Chanakya Niti: चाणक्य नीति, किन बातों को हमेशा अपने पास ही रखें और क्यों

Updated at : 01 Sep 2024 12:23 AM (IST)
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Chanakya Niti: चाणक्य नीति, किन बातों को हमेशा अपने पास ही रखें और क्यों

Chanakya Niti: चाणक्य नीति के अनुसार, जानें किन महत्वपूर्ण बातों को हमें हमेशा अपने पास ही रखना चाहिए और क्यों

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Chanakya Niti: चाणक्य, जिन्हें हम आचार्य चाणक्य के नाम से भी जानते हैं, भारतीय राजनीति और नैतिकता के महान शिक्षक थे. उनकी नीति और सिद्धांत आज भी बहुत महत्वपूर्ण माने जाते हैं. चाणक्य ने हमें कई बातें सिखाई हैं कि किस तरह से अपने जीवन को बेहतर बनाया जा सकता है और किस तरह से अपने रहस्यों को दूसरों से छुपाकर रखा जा सकता है. इस लेख में हम जानेंगे कि चाणक्य के अनुसार कौन सी बातें ऐसी हैं जिन्हें हमें हमेशा अपने पास ही रखना चाहिए और क्यों.

व्यक्तिगत समस्याएं और योजनाएं

जब भी हम किसी व्यक्तिगत समस्या का सामना करते हैं या कोई योजना बनाते हैं, तो चाणक्य के अनुसार इसे दूसरों से छुपाकर रखना चाहिए. इसका कारण यह है कि दूसरों को हमारे प्लान्स या समस्याओं के बारे में पता चलने पर वे हमें सलाह देने या हमारी योजनाओं को बदलने की कोशिश कर सकते हैं. इससे हमें अपने लक्ष्य को पूरा करने में मुश्किल हो सकती है. इसलिए, अपनी योजनाओं और समस्याओं को सिर्फ अपने तक ही सीमित रखें.

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आर्थिक स्थिति

हमारी आर्थिक स्थिति, जैसे कि हमारी आय, खर्च और संपत्ति के बारे में भी बहुत सावधानी बरतनी चाहिए. अगर हम अपनी आर्थिक स्थिति को सार्वजनिक रूप से बताते हैं, तो लोग हमारे ऊपर निर्भर हो सकते हैं या हमें गलत तरीके से समझ सकते हैं. यह हमें परेशान कर सकता है और हमारे आर्थिक प्रबंधन को प्रभावित कर सकता है. इसलिए, अपनी आर्थिक जानकारी को खुद तक ही सीमित रखें.

व्यक्तिगत विचार और राय

हमारे व्यक्तिगत विचार और राय, खासकर जिनसे कोई विवाद हो सकता है, इन्हें भी हमें साझा करने से बचना चाहिए. चाणक्य के अनुसार, जब हम अपनी राय दूसरों से साझा करते हैं, तो यह हो सकता है कि वे हमारी राय को गलत समझें या इसका विरोध करें. इससे हमें मानसिक तनाव हो सकता है और रिश्तों में भी खटास आ सकती है. इसलिए, अपनी व्यक्तिगत राय और विचारों को सोच-समझ कर ही दूसरों से साझा करें.

रिश्तों की निजी बातें

चाणक्य का कहना है कि रिश्तों की निजी बातें, जैसे कि दोस्तों या परिवार के बीच की समस्याएं, भी दूसरों से छुपानी चाहिए. अगर हम इन बातों को सार्वजनिक करते हैं, तो इससे हमारे रिश्ते कमजोर हो सकते हैं और दूसरों की राय हमारे रिश्तों को प्रभावित कर सकती है. इसलिए, अपनी रिश्तों की समस्याओं को अपने तक ही सीमित रखें और उन्हें सुलझाने की कोशिश करें.

किसी के बारे में बुरी बातें

अगर किसी के बारे में हमें कुछ बुरा या नकारात्मक लगता है, तो इसे भी चाणक्य के अनुसार दूसरों से छुपाना चाहिए. जब हम दूसरों को किसी की बुरी बातें बताते हैं, तो यह हमारे चरित्र को प्रभावित कर सकता है और दूसरों के प्रति हमारे दृष्टिकोण को भी गलत बना सकता है. इसलिए, ऐसे मामलों में चुप रहना ही बेहतर होता है.

व्यक्तिगत सफलताओं और असफलताओं के बारे में

अपनी व्यक्तिगत सफलताओं और असफलताओं के बारे में भी दूसरों को नहीं बताना चाहिए. चाणक्य के अनुसार, यह जरूरी है कि हम अपनी सफलताओं को दूसरों से छुपाकर रखें ताकि हमारी मेहनत और प्रयास का मूल्य कम न हो. इसी तरह, असफलताओं के बारे में बात करके हम अपनी कमजोरी को उजागर कर सकते हैं, जिससे हमें मानसिक और भावनात्मक नुकसान हो सकता है.

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Rinki Singh

लेखक के बारे में

By Rinki Singh

Rinki Singh is a contributor at Prabhat Khabar.

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