अरवा बनाम उसना चावल: कौन है सेहत के लिए ज्यादा फायदेमंद?

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Usna Rice And Arwa Rice

Usna Rice And Arwa Rice, Freepik

Arwa vs Usna Rice: अरवा और उसना चावल में क्या अंतर है? जानें कौन सा चावल डायबिटीज, मोटापा और पाचन के लिए अधिक लाभकारी है. पोषण, स्वाद और सेहत के आधार पर सही चावल का चुनाव करें.

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Arwa vs Usna Rice : भारत में चावल हर र��ोई का अभिन्न हिस्सा है, लेकिन इसकी किस्मों को लेकर अक्सर भ्रम बना रहता है. खासकर अरवा चावल और उसना चावल के बीच कौन ज्यादा फायदेमंद है? यह सवाल अक्सर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक लोगों के मन में उठता है. दोनों चावलों की बनावट, स्वाद और पोषणतत्वों में अंतर होता है, जो इनके स्वास्थ्य प्रभावों को भी अलग बनाता है.

किसे कहते हैं अरवा चावल है?

अरवा चावल को रॉ राइस भी कहा जाता है. इसे धान से सीधे भूसा हटाकर तैयार किया जाता है. इसमें पानी या भाप से पकाने की कोई प्रक्रिया नहीं होती. इसकी सफेदी और बनावट के कारण यह लोगों को स्वादिष्ट लगता है. साथ ही साथ यह पतला होने के कारण जल्दी पचता है. हालांकि इसका अधिक इस्तेमाल रक्त शर्करा (Blood Sugar) को तेजी से बढ़ा सकता है.

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उसना चावल किसे कहा जाता है?

उसना चावल को पारबॉइल्ड राइस भी कहा जाता है. इसे धान के साथ ही भाप में पकाकर सुखाया जाता है और फिर छिलका हटाया जाता है. यह प्रक्रिया चावल के पोषक तत्वों को बनाए रखती है. इसलिए उसना चावल में विटामिन B, फाइबर और आयरन अधिक मात्रा में पाए जाते हैं.

पोषण के लिहाज से कौन सा चावल है बेहतर

ग्लाइसेमिक इंडेक्स : अरवा चावल का GI ज्यादा होता है, जिससे यह डायबिटीज मरीजों के लिए इसे फायदेमंद नहीं माना जाता है. जबकि उसना चावल का GI कम होता है, जो शुगर को धीरे-धीरे बढ़ाता है.

फाइबर: उसना चावल में फाइबर अधिक होता है, जिससे यह पाचन के लिए अच्छा होता है.

विटामिन व मिनरल्स: उसना चावल में पोषण तत्व अधिक सुरक्षित रहते हैं, क्योंकि यह भाप में पकाया जाता है.

कौन सा बेहतर है?

स्वास्थ्य की दृष्टि से उसना चावल को अरवा चावल से बेहतर माना जाता है. यह खासकर डायबिटीज, मोटापे या हृदय रोग से पीड़ित लोगों के लिए उपयुक्त है. वहीं, अरवा चावल स्वाद में बेहतर होने के साथ जल्दी पक जाता है, इसलिए इसे त्योहारों और विशेष अवसरों पर अधिक उपयोग किया जाता है.

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समीर उरांव

लेखक के बारे में

By समीर उरांव

इंटरनेशनल स्कूल ऑफ बिजनेस एंड मीडिया से बीबीए मीडिया में ग्रेजुएट होने के बाद साल 2019 में भारतीय जनसंचार संस्थान दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. 5 साल से अधिक समय से प्रभात खबर में डिजिटल पत्रकार के रूप में कार्यरत हूं. इससे पहले डेली हंट में बतौर प्रूफ रीडर एसोसिएट के रूप में काम किया. झारखंड के सभी समसामयिक मुद्दे खासकर राजनीति, लाइफ स्टाइल, हेल्थ से जुड़े विषयों पर लिखने और पढ़ने में गहरी रुचि है. तीन साल से अधिक समय से झारखंड डेस्क पर काम कर रहा हूं. फिर लंबे समय तक लाइफ स्टाइल के क्षेत्र में भी काम किया हूं. इसके अलावा स्पोर्ट्स में भी गहरी रुचि है.

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