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Diarrhea: दस्त का कारण, लक्षण और उपचार

Updated at : 20 Jul 2024 10:43 PM (IST)
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Diarrhea

Diarrhea

दस्त एक आम चिकित्सीय स्थिति है जिसमें व्यक्ति को बार-बार ढीले और पानीदार मल आते हैं. यह पेट और आंतों की कार्यक्षमता में गड़बड़ी का संकेत हो सकता है. दस्त आमतौर पर कुछ दिनों तक रहता है और बिना किसी विशेष उपचार के ठीक हो सकता है, लेकिन लंबे समय तक चलने वाला दस्त गंभीर समस्या का संकेत हो सकता है.

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Diarrhea: दस्त, जिसमें व्यक्ति को बार-बार पानी जैसा पतला मल आता है, एक आम समस्या है. किसी भी उम्र में यह समस्या हो सकती है और इसके कई कारण हो सकते हैं. दस्त से शरीर में पानी की कमी हो सकती है, जो डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ा सकता है. दस्त के कारण, लक्षण और उपचार के बारे में जानें.

दस्त के कारण

  1. बैक्टीरिया, वायरस और पैरासाइट के कारण संक्रमण, सबसे आम कारण होते हैं. उदाहरण के लिए, ई.कोली, साल्मोनेला, और नोरोवायरस.
  2. दूषित भोजन या पानी का सेवन दस्त का कारण बन सकता है.
  3. क्रोहन रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस जैसी स्थितियों में आंत की सूजन हो सकती है.
  4. कुछ दवाइयाँ, जैसे एंटीबायोटिक्स, दस्त का कारण बन सकती हैं.
  5. लैक्टोज असहिष्णुता वाले व्यक्तियों में दूध और दुग्ध उत्पादों का सेवन करने पर दस्त हो सकता है.
  6. कुछ ऐसा खा लेना जिससे एलर्जी हो.

दस्त के लक्षण

  1. सामान्य से अधिक बार और ढीला मल.
  2. पेट में दर्द और ऐंठन होना.
  3. मुंह सूखना, पेशाब का रंग गाढ़ा होना, कमजोरी महसूस होना.
  4. दस्त के साथ बुखार होना.
  5. मल में रक्त या म्यूकस आना.
  6. लंबे समय तक दस्त होने पर वजन में कमी हो सकती है.
  7. कुछ ऐसा खा लेना जिससे एलर्जी हो.

दस्त का उपचार

पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की पूर्ति

शरीर में तरल पदार्थ और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी को पूरा करने के लिए ORS (ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन) या अन्य तरल पदार्थों का सेवन करना चाहिए.

खान-पान में बदलाव

ताजे और हल्के खाद्य पदार्थों का सेवन करना, जैसे कि केला, चावल, सेब की प्यूरी और टोस्ट.

एंटीबायोटिक्स

यदि बैक्टीरियल संक्रमण के कारण दस्त हो रहा हो, तो डॉक्टर की सलाह पर एंटीबायोटिक्स का सेवन किया जा सकता है.

प्रोबायोटिक्स

प्रोबायोटिक्स आंत में अच्छे बैक्टीरिया की संख्या बढ़ाने में मदद कर सकते हैं और दस्त को ठीक करने में सहायक हो सकते हैं.

दवाइयाँ

लोपेरामाइड (Imodium) जैसी दवाइयाँ दस्त के लक्षणों को कम करने में मदद कर सकती हैं, लेकिन इनका उपयोग डॉक्टर की सलाह के बिना नहीं करना चाहिए.

चिकित्सकीय सलाह

यदि दस्त तीन दिन से अधिक समय तक बना रहे, मल में रक्त आ रहा हो, या व्यक्ति बहुत कमजोर महसूस कर रहा हो, तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लेना चाहिए.

दस्त को गंभीरता से लेना चाहिए, खासकर बच्चों और बुजुर्गों में, क्योंकि डिहाइड्रेशन के कारण उनकी स्थिति तेजी से बिगड़ सकती है. सही देखभाल और समय पर चिकित्सा से दस्त का प्रभावी उपचार किया जा सकता है.

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Jaya Soni

लेखक के बारे में

By Jaya Soni

Jaya Soni is a contributor at Prabhat Khabar.

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