जन्मदिन विशेष: ...और कवि से गीतकार बन गये शैलेंद्र, जानें कुछ खास?
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 30 Aug 2016 2:32 PM
‘किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार’, ‘मेरा जूता है जापानी’, ‘सजन रे झूठ मत बोलो’, ‘प्यार हुआ इकरार हुआ’ और ‘खोया खोया चांद’ जैसे कई सुपरहिट और अनमोल गीत लिखनेवाले जानेमाने गीतकार शैलेंद्र आज हमारे बीच नहीं हैं लेकिन उनके गाने आज भी सबके दिलों में बसते है. उनके गानों में बेफ्रिकी और मस्तमौलापन तो […]
‘किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार’, ‘मेरा जूता है जापानी’, ‘सजन रे झूठ मत बोलो’, ‘प्यार हुआ इकरार हुआ’ और ‘खोया खोया चांद’ जैसे कई सुपरहिट और अनमोल गीत लिखनेवाले जानेमाने गीतकार शैलेंद्र आज हमारे बीच नहीं हैं लेकिन उनके गाने आज भी सबके दिलों में बसते है. उनके गानों में बेफ्रिकी और मस्तमौलापन तो होता ही था साथ ही उनके गानों को समाज का दर्पण भी कहा जाता था. उन्होंने अपने गानों में समाज में मौजूद गरीबी और बेबसी को भी अलग ही अंदाज में दर्शाया.
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