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Waqf Amendment Bill 2025: Waqf Bill पर बवाल क्यों? परीक्षा के लिए जरूरी हर सवाल का जवाब यहां मिलेगा

Updated at : 02 Apr 2025 3:17 PM (IST)
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Waqf Amendment Bill 2025

वक्फ संशोधन विधेयक 2025

Waqf Amendment Bill 2025 in Hindi: वक्फ संशोधन विधेयक 2025 को वक्फ अधिनियम 1995 में बदलाव लाने के उद्देश्य से पेश किया गया है. सरकार का कहना है कि वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता लाने और विवादों को सुलझाने की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए यह विधेयक लाया गया है। इसके जरिए वक्फ संपत्तियों का बेहतर संचालन सुनिश्चित किया जा सकेगा. वहीं विपक्ष और मुस्लिम संगठनों का आरोप है कि इस विधेयक के जरिए वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता को कमजोर किया जा रहा है और सरकारी हस्तक्षेप को बढ़ावा दिया जा रहा है. उनका कहना है कि इससे वक्फ बोर्ड का स्वतंत्र रूप से काम करने का अधिकार छिन जाएगा.

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Waqf Amendment Bill 2025 in Hindi: वक्फ संशोधन विधेयक 2025, वक्फ अधिनियम 1995 में संशोधन करने के लिए लाया गया है. सरकार का कहना है कि यह विधेयक वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन को पारदर्शी बनाने और विवाद को निपटान प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए है. लेकिन विपक्ष और मुस्लिम संगठनों का आरोप है कि यह विधेयक वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता को खत्म करके सरकारी हस्तक्षेप को बढ़ावा देगा.  

वक्फ संशोधन विधेयक 2025 के प्रमुख प्रावधान क्या हैं?

  •  वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण: अब हर वक्फ संपत्ति को जिला कलेक्टर के पास पंजीकृत कराना अनिवार्य होगा. इससे संपत्तियों की सही जानकारी दर्ज हो सकेगी, लेकिन मुस्लिम संगठनों को यह डर है कि इससे सरकारी हस्तक्षेप बढ़ सकता है. 
  •  गैर-मुस्लिम सदस्य: पहली बार वक्फ बोर्ड में गैर-मुस्लिम सदस्यों की नियुक्ति का प्रावधान किया इसमें किया गया है, जिस पर कई धार्मिक संगठनों ने आपत्ति जताई है.  
  •  “प्रैक्टिसिंग मुस्लिम” की परिभाषा: बिल में स्पष्ट किया गया है कि पिछले पांच सालों से इस्लामिक परंपराओं का पालन करने वाला व्यक्ति ही वक्फ बोर्ड में शामिल हो सकता है. 
  •  विवाद समाधान का अधिकार: पहले वक्फ से जुड़े विवादों का समाधान वक्फ ट्रिब्यूनल करता था, लेकिन अब यह अधिकार जिला कलेक्टर को  सौंप दिया गया है.  इससे न्यायिक प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं. 

Waqf Amendment Bill 2025: क्यों हो रहा है विवाद?

इस बिल पर सरकार और विपक्ष आमने-सामने हैं. लोकसभा में इसके पास होने की संभावना है, वहीं राज्यसभा में कड़ी टक्कर देखने को मिल सकती है. बिल के पास होने को लेकर विपक्ष का कहना है कि यह कानून मुस्लिम समुदाय के धार्मिक मामलों में दखल देने की कोशिश है और इससे वक्फ बोर्ड की स्वायत्तता खत्म हो जाएगी. वहीं सरकार का दावा है कि इसे वक्फ संपत्तियों के बेहतर प्रबंधन के लिए लाया गया है और इससे अनियमितताएं रुकेंगी. 

इस पर मुस्लिम संगठनों ने भी नाराजगी जताई है, उनका कहना है कि सरकार को धार्मिक संस्थाओं के कामकाज में दखल देने का अधिकार नहीं होना चाहिए.  वक्फ संपत्तियों को लेकर पहले भी विवाद होते रहे हैं और इस नए बिल की वजह से यह मामला और गरमा गया है. इस पर संसद में गरमागरम बहस चल रही है और आने वाले दिनों में इस पर बड़ा राजनीतिक टकराव देखने को मिल सकता है. 

वक्फ संशोधन विधेयक 2025 पर महत्वपूर्ण GK प्रश्न और उनके उत्तर

प्रश्न: वक्फ संशोधन विधेयक 2025 किस अधिनियम में संशोधन करता है?

उत्तर: वक्फ अधिनियम 1995

प्रश्न: वक्फ क्या है?

उत्तर: वक्फ एक इस्लामी संपत्ति प्रबंधन प्रणाली है जिसके तहत एक संपत्ति धार्मिक, धर्मार्थ या सामाजिक उद्देश्यों के लिए समर्पित की जाती है. 

प्रश्न: वक्फ संपत्तियों का प्रबंधन कौन करता है?

उत्तर: वक्फ बोर्ड

प्रश्न: भारत में वक्फ बोर्डों का संचालन कौन करता है?

उत्तर: केंद्रीय वक्फ परिषद और राज्य वक्फ बोर्ड

प्रश्न:  वक्फ संशोधन विधेयक 2025 का उद्देश्य क्या है?

उत्तर: वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता लाना और विवाद समाधान प्रक्रिया में सुधार करना

प्रश्न: वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण अब किसके पास अनिवार्य होगा?

उत्तर: जिला कलेक्टर

प्रश्न: वक्फ बोर्ड में गैर-मुस्लिम सदस्यों की अधिकतम संख्या कितनी हो सकती है?

उत्तर: 4

प्रश्न: विधेयक के तहत “अभ्यास करने वाले मुस्लिम” की परिभाषा क्या है?

उत्तर: ऐसा व्यक्ति जो पिछले 5 वर्षों से इस्लामी मान्यताओं का पालन कर रहा हो. 

प्रश्न: अब वक्फ संपत्तियों के विवादों को सुलझाने का अधिकार किसे दिया गया है?

उत्तर: जिला कलेक्टर

प्रश्न: यदि वक्फ संपत्ति का समय पर पंजीकरण नहीं होता है, तो इसका क्या प्रभाव होगा?

उत्तर: संपत्ति से संबंधित मुकदमा या अपील करने का अधिकार समाप्त हो सकता है. 

विपक्ष और सरकार के बीच मतभेद

प्रश्न: विपक्ष इस विधेयक का विरोध क्यों कर रहा है?

उत्तर: विपक्ष का दावा है कि यह मुस्लिम धार्मिक संस्थानों के अधिकारों में हस्तक्षेप करता है. 

प्रश्न: सरकार इस विधेयक को क्यों आवश्यक मानती है?

उत्तर: सरकार का कहना है कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और वक्फ संपत्तियों का दुरुपयोग रुकेगा. 

प्रश्न: इस विधेयक को संसद में किसने पेश किया?

उत्तर: केंद्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री

प्रश्न: इस विधेयक पर संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) द्वारा कितने संशोधन प्रस्तावित किए गए?

उत्तर: 14 संशोधन

प्रश्न: इस विधेयक के खिलाफ कितने विपक्षी सांसदों ने असहमति नोट प्रस्तुत किए?

उत्तर: 11 सांसद

अन्य महत्वपूर्ण तथ्य

प्रश्न: भारत में वक्फ संपत्तियों की कुल संख्या कितनी है?

उत्तर: वक्फ बोर्ड के पास 9.4 लाख एकड़ जमीन और 8.7 लाख संपत्तियां हैं, जिनकी कीमत लगभग 1.2 लाख करोड़ रुपये है.

प्रश्न: केंद्रीय वक्फ परिषद की स्थापना कब हुई थी?

उत्तर: 1964 में

प्रश्न: वर्तमान में वक्फ बोर्डों के कामकाज की निगरानी कौन करता है?

उत्तर: केंद्रीय वक्फ परिषद (सीडब्ल्यूसी)

प्रश्न: वक्फ संशोधन विधेयक 2025 कब लागू होगा?

उत्तर: यह संसद में पारित होने और राष्ट्रपति द्वारा अनुमोदित होने के बाद लागू होगा. 

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Govind Jee

लेखक के बारे में

By Govind Jee

गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.

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