High Court Judge Salary: आधा भारत नहीं जानता कि हाई कोर्ट के जज की सैलरी कितनी होती है

High Court Judge Salary
High Court Judge Salary: हाईकोर्ट के जजों का वेतन केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित किया जाता है. वर्तमान में हाईकोर्ट के जज को प्रति माह 2.25 लाख रुपये (225,000 रुपये) का वेतन दिया जाता है.
High Court Judge Salary: हाल ही में दिल्ली हाईकोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस यशवंत वर्मा चर्चा में आ गए हैं. उनके सरकारी बंगले में आग लगने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम आग बुझाने के लिए पहुंची थी. इस दौरान बंगले से भारी मात्रा में नकदी बरामद हुई, जिससे यह मामला और भी चर्चित हो गया. इस घटना के बाद कई लोगों के मन में सवाल उठने लगे कि आखिर हाईकोर्ट के एक जज की सैलरी और अन्य सुविधाएं कितनी होती हैं? आइए विस्तार से जानते हैं.
हाईकोर्ट के जज की सैलरी
हाईकोर्ट के जजों का वेतन केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित किया जाता है. डिपार्टमेंट ऑफ जस्टिस की वेबसाइट के अनुसार वर्तमान में हाईकोर्ट के जज को प्रति माह 2.25 लाख रुपये (225,000 रुपये) का वेतन दिया जाता है.

हाईकोर्ट के जज की पेंशन और ग्रेच्युटी
हाईकोर्ट के जजों को सेवा निवृत्ति के बाद भी आर्थिक सुरक्षा प्रदान की जाती है.
- पेंशन: हाईकोर्ट के जज को सेवानिवृत्ति के बाद 13.50 लाख रुपये प्रति वर्ष (1.12 लाख रुपये प्रति माह) पेंशन के रूप में दी जाती है.
- ग्रेच्युटी: हाईकोर्ट के जज को सेवा पूरी करने के बाद 20 लाख रुपये ग्रेच्युटी के रूप में प्राप्त होते हैं.
भत्ते और अतिरिक्त सुविधाएं
हाईकोर्ट के जजों को वेतन के अलावा कई भत्ते और सुविधाएं भी दी जाती हैं, जिनमें शामिल हैं:
- फर्निशिंग भत्ता: अपने सरकारी आवास के साज-सज्जा के लिए उन्हें 6 लाख रुपये का फर्निशिंग भत्ता मिलता है.
- मकान किराया भत्ता (HRA): हाईकोर्ट के जजों को उनकी बेसिक सैलरी का 24 प्रतिशत HRA के रूप में दिया जाता है.
- सम्प्चुअरी भत्ता (Sumptuary Allowance): हाईकोर्ट के जजों को सरकारी और सामाजिक आयोजनों से जुड़े खर्चों को मैनेज करने के लिए 27,000 रुपये प्रति माह का भत्ता प्रदान किया जाता है.

सैलरी और पेंशन का स्रोत
- हाईकोर्ट के जजों के वेतन और भत्तों का खर्च संबंधित राज्य की संचित निधि (Consolidated Fund) से किया जाता है.
- वहीं, उनकी पेंशन का खर्च भारत सरकार की संचित निधि से वहन किया जाता है.
इसके अलावा और सुविधा
हाईकोर्ट के जजों को सुरक्षा, गाड़ी, ड्राइवर, स्टाफ और अन्य सुविधाएं भी दी जाती हैं, ताकि वे अपने न्यायिक कार्यों को सुचारू रूप से पूरा कर सकें. इस प्रकार हाईकोर्ट के जजों को न सिर्फ आकर्षक वेतन मिलता है, बल्कि सेवानिवृत्ति के बाद भी उन्हें पर्याप्त आर्थिक लाभ दिए जाते हैं.
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By Abhishek Pandey
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