इजराइल-लेबनान वार्ता का विरोध कर रहा हिजबुल्लाह, जानें क्यों बातचीत के लिए कर रहा मना?
Published by : Pritish Sahay Updated At : 14 Apr 2026 9:46 PM
इजराइली हमले के बाद लेबनान के बेरूत में उठता धुआं- फोटो- पीटीआई
Israel Lebanon Talk: लेबनान और इजराइल दशकों बाद मंगलवार को वाशिंगटन में सीधी राजनयिक वार्ता करने वाले हैं. यह बातचीत इजराइल और हिजबुल्ला आतंकवादी समूह के बीच एक महीने से अधिक समय से जारी युद्ध के बीच हो रही है. वहीं, हिजबुल्ला प्रमुख नइम कासिम ने लेबनान सरकार से वार्ता रद्द करने की अपील की है.
Israel Lebanon Talk: दशकों के बाद लेबनान (Lebanon) और इजराइल (Israel) मंगलवार को अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन में सीधी राजनयिक बात करने जा रहे हैं. यह वार्ता दोनों पक्षों के बीच एक महीने से अधिक समय से जारी संघर्ष के बीच हो रही है, जिसने लेबनान को भारी नुकसान पहुंचा है. इस अहम वार्ता में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो, इजराइल के अमेरिका में राजदूत येचिएल लीटर और लेबनान की राजदूत नादा हमादेह मोवाद शामिल हो रहे हैं. साल 1993 के बाद यानी 33 सालों के बाद पहली बार है जब दोनों देश सीधे आमने-सामने बातचीत करेंगे.
हिजबुल्लाह ने कहा- किसी भी समझौते का नहीं करेंगे पालन
इस शांति वार्ता का हिजबुल्लाह (Hezbollah) पूरजोर विरोध कर रहा है. उसने साफ कर दिया है कि वह किसी भी समझौते को स्वीकार नहीं करेगा. उसका कोई प्रतिनिधि वार्ता में शामिल भी नहीं होगा. संगठन की राजनीतिक परिषद के एक उच्च पदस्थ सदस्य वाफिक सफा ने न्यूज एजेंसी एपी को बताया कि वह वार्ता में हुए किसी भी समझौते का पालन नहीं करेगा.
इजराइल-लेबनान वार्ता का क्यों विरोध कर रहा हिजबुल्लाह?
हिजबुल्ला इस तरह की सीधी वार्ता को लेकर संशय में हैं. उसका मानना है कि लेबनान सरकार के पास बातचीत का कोई ठोस आधार नहीं है. हिजबुल्लाह ने जोर देते हुए कहा कि उसे ईरान का समर्थन करना चाहिए, जो हिजबुल्ला का प्रमुख सहयोगी और संरक्षक है. हिजबुल्ला के महासचिव नइम कासिम ने एक भड़काऊ भाषण देते हुए लेबनान से वार्ता रद्द करने का आह्वान किया है. जबकि, लेबनान सरकार को उम्मीद है कि वार्ता से लड़ाई खत्म होने का रास्ता निकलेगा.
दक्षिण लेबनान पर जारी है इजराइल का अटैक
न्यूज एजेंसी पीटीआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका में होने जा रही शांति बैठक से इतर इजराइली सेना ने दक्षिणी लेबनान में अपना हमला जारी रखा है. इजराइल का कहना है कि हिजबुल्लाह पर हमले का मकसद इजराइल से लगती लेबनान की सीमा से लेकर उत्तर में लगभग 30 किलोमीटर दूर लिटानी नदी तक एक सुरक्षा क्षेत्र बनाना है.
हिजबुल्लाह भी कर रहा है हमला
हिजबुल्ला नवंबर 2024 में खत्म हुए इजराइल के साथ अपने पिछले युद्ध में काफी कमजोर हो गया था. फिर भी हर दिन उत्तरी इजराइल और लेबनान के अंदर मौजूद इजराइली सैनिकों पर ड्रोन, रॉकेट और तोप से हमले करता रहता है.
इजराइल-हिजबुल्लाह जंग में जा चुकी है हजारों जानें
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार लेबनान में इजराइली हमलों में कम से कम 2,089 लोग मारे गए हैं, जिनमें 252 महिलाएं, 166 बच्चे और 88 चिकित्साकर्मी शामिल हैं. इजराइल के हमले में 6,762 अन्य घायल हुए हैं. 10 लाख से अधिक लोग विस्थापित हो चुके हैं.
Also Read: होर्मुज नाकाबंदी के बाद एक्शन में पीएम मोदी, डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर 40 मिनट तक की बात
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Pritish Sahay
प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










