ePaper

अमेरिका छोड़ने पर मिलेंगे 2,21,000 रूपये, इन लोगों को बाहर करने पर उतारू है ट्रंप सरकार

Updated at : 04 Oct 2025 3:23 PM (IST)
विज्ञापन
Donald Trump Plan for Unaccompanied Alien Children

डोनाल्ड ट्रम्प की अकेले विदेशी बच्चों के लिए योजना.

Donald Trump Government Payout for Self deportation: डोनाल्ड ट्रंप की अमेरिकी सरकार अकेले प्रवासी बच्चों को अमेरिका छोड़ने के लिए 2500 डॉलर की प्रोत्साहन राशि देने की पेशकश की है. यह एकमुश्त पुनर्वास सहायता भत्ता तभी मिलेगा जब वे अमेरिका छोड़ने का विकल्प चुनेंगे. हालांकि मेक्सिको को इस योजना से बाहर रखा गया है.

विज्ञापन

Donald Trump Government Payout for Self deportation: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपने देश में मेक अमेरिका ग्रेट अगेन के अपने वादे पर पूरी तरह से अग्रसर हो रहे हैं. दुनिया भर में टैरिफ और सैंक्शन के बाद अमेरिकी वीजा पर वे कड़ा रुख अपना रहे हैं. यानी अमेरिका में घुसने वालों पर उनकी नजर टेढ़ी है. हालांकि अब उन्होंने संयुक्त राष्ट्र अमेरिका को छोड़ने वालों को भी पैसा देने वाली योजना पर काम करना शुरू कर दिया है. ट्रंप प्रशासन अमेरिका में रह रहे अकेले प्रवासी बच्चों को उनके देश में वापस लौटने के लिए  2500 डॉलर यानी लगभग 2,21,000 रूपये मिलेंगे. 

रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व वाला अमेरिकी प्रशासन अमेरिका में मौजूद 14 वर्ष या उससे अधिक आयु के अकेले प्रवासी बच्चों को एकमुश्त 2,500 डॉलर का भत्ता देकर स्वेच्छा से अपने गृह देशों लौटने का प्रस्ताव दे रहा है. यह प्रोत्साहन पेशकश अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग (DHS) द्वारा जारी की गई है. अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग के शरणार्थी पुनर्वास कार्यालय (Office of Refugee Resettlement) द्वारा शुक्रवार को संघीय प्रवासी आश्रयों को एक पत्र भेजा गया. लेटर के मुताबिक 14 वर्ष और उससे अधिक आयु के बच्चे इस एकमुश्त पुनर्वास सहायता भत्ते के लिए पात्र होंगे, यदि वे अमेरिका छोड़ने का विकल्प चुनते हैं. भुगतान केवल न्यायिक स्वीकृति और सुरक्षित वापसी के बाद ही किया जाएगा.

अधिकारियों ने इस वित्तीय पेशकश की पुष्टि की है, हालांकि उन्होंने सार्वजनिक रूप से सटीक राशि का खुलासा नहीं किया. यह पहल ट्रंप प्रशासन की व्यापक रणनीति का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य स्वैच्छिक निर्वासन को बढ़ावा देना है. इससे पहले, इसी साल डीएचएस ने उन वयस्क प्रवासियों को 1,000 डॉलर का भत्ता देने की घोषणा की थी, जिन्होंने खुद से बाहर जाना (स्व निर्वासन) चुना था. इस योजना के लिए विदेश विभाग से 250 मिलियन डॉलर दिए गए थे.

कौन पात्र हैं?

रॉयटर्स के मुताबिक, एक यूएस इमिग्रेशन और कस्टम इनफोर्समेंट अधिकारी ने बताया कि यह 2,500 डॉलर की पेशकश शुरुआत में 17 वर्षीय बच्चों को की जा रही है. हालांकि, मैक्सिको से आने वाले बच्चे इसके लिए पात्र नहीं होंगे. जो बच्चे शुक्रवार तक पहले ही अमेरिका छोड़ने के लिए सहमत हो गए थे, उन्हें भी इस योजना के अंतर्गत कवर किया जाएगा. भुगतान केवल तब किया जाएगा जब एक आव्रजन न्यायाधीश (इमिग्रेशन जज)  इस अनुरोध को मंजूरी दे देगा और बच्चा सुरक्षित रूप से अपने देश लौट आएगा.

कौन होते हैं अकेले प्रवासी बच्चे?

अमेरिकी संघीय कानून के तहत, जो प्रवासी बच्चे बिना माता-पिता या कानूनी अभिभावक के अमेरिका की सीमा पर पहुंचते हैं, उन्हें अकेला (Unaccompanied) वर्गीकृत किया जाता है और उन्हें सरकारी आश्रयों में रखा जाता है, जब तक कि उन्हें परिवार से मिलाया न जाए या पालक देखभाल में न भेजा जाए. गुरुवार तक, 2,100 से अधिक अकेले बच्चे स्वास्थ्य एवं मानव सेवा विभाग (HHS) की हिरासत में थे.

नीति की हो रही आलोचना बताया गया क्रूर रणनीति

आलोचकों ने इस कदम को क्रूर और दबाव डालने वाला बताया है, जबकि अधिकारियों का कहना है कि यह बच्चों को एक विकल्प देता है. आप्रवासन अधिकार कार्यकर्ताओं ने इस योजना की कड़ी आलोचना की है और इसे दबाव डालने वाली रणनीति बताया है. किड्स इन नीड ऑफ डिफेंस की अध्यक्ष वेंडी यंग ने कहा कि यह भत्ता एक क्रूर रणनीति है, जो कमजोर बच्चों के कानूनी अधिकारों को कमजोर करता है. उन्होंने कहा कि अकेले बच्चे जो अमेरिका में सुरक्षा की तलाश में आते हैं, वे हमारी सुरक्षा के हकदार हैं. उन्हें उस देश वापस लौटने के लिए मजबूर करना, जहां उनकी जान और सुरक्षा को खतरा है, अन्यायपूर्ण है.

स्वास्थ्य एवं मानव सेवा विभाग ने किया बचाव

हालांकि, स्वास्थ्य एवं मानव सेवा विभाग अधिकारियों ने इस कार्यक्रम का बचाव किया है. एचएचएस संचार निदेशक एंड्रयू निक्सन ने कहा, यह कार्यक्रम UACs (Unaccompanied Alien Children) को विकल्प देता है और उन्हें अपने भविष्य के बारे में सूचित निर्णय लेने की अनुमति देता है. ट्रंप प्रशासन के प्रवासी बच्चों की निर्वासन प्रक्रिया को तेज करने के प्रयासों को बार-बार कानूनी चुनौतियों का सामना करना पड़ा है. सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 2019 से अब तक 6 लाख से अधिक अकेले नाबालिग अमेरिका-मेक्सिको सीमा पार कर चुके हैं.

ये भी पढ़ें:-

घूमने गए थे सिंगापुर पहुंच गए जेल, दो भारतीयों ने वेश्याओं को होटल में बुलाकर गहने और पैसे लूटे

17 सालों में 3,00,00,00,000 डॉलर किए दान, अमेरिका में इन पर मेहरबान इंडियन

अमेरिकी सिक्के पर नजर आएंगे डोनाल्ड ट्रंप, ट्रेजरी ने जारी किया तस्वीर और ड्राफ्ट, देश के 250वीं वर्षगांठ पर होगा जारी? 

विज्ञापन
Anant Narayan Shukla

लेखक के बारे में

By Anant Narayan Shukla

इलाहाबाद विश्वविद्यालय से पोस्ट ग्रेजुएट. करियर की शुरुआत प्रभात खबर के लिए खेल पत्रकारिता से की और एक साल तक कवर किया. इतिहास, राजनीति और विज्ञान में गहरी रुचि ने इंटरनेशनल घटनाक्रम में दिलचस्पी जगाई. अब हर पल बदलते ग्लोबल जियोपोलिटिक्स की खबरों के लिए प्रभात खबर के लिए अपनी सेवाएं दे रहे हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola