चीन को प्रतिद्वंद्वि के रुप में न देखे भारत: अमेरिका

नयी दिल्ली: भारत दौरे पर आये अमेरिकी रक्षा मंत्री जक हेगल ने शनिवार को कहा कि भारत को वाशिंगटन और चीन के साथ अपने संबंधों के बीच चुनाव करने की जरुरत नहीं है तथा उसे बीजिंग को अपने प्रतिद्वंद्वी के रुप में नहीं देखना चाहिए. अमेरिकी रक्षा ने यहां कहा कि भारत और अमेरिका को […]
नयी दिल्ली: भारत दौरे पर आये अमेरिकी रक्षा मंत्री जक हेगल ने शनिवार को कहा कि भारत को वाशिंगटन और चीन के साथ अपने संबंधों के बीच चुनाव करने की जरुरत नहीं है तथा उसे बीजिंग को अपने प्रतिद्वंद्वी के रुप में नहीं देखना चाहिए.
अमेरिकी रक्षा ने यहां कहा कि भारत और अमेरिका को अपने रक्षा संबंध का विस्तार करना चाहिए तथा अपनी सुरक्षा सहयोग साझेदारी में जापान को शामिल करना चाहिए. उन्होंने कहा, ‘जिस तरह अमेरिका को अपने एशियाई गठजोड तथा चीन के साथ अपने सकारात्मक संबंधों के बीच चुनाव करने की जरुरत नहीं है, उसी तरह भारत को भी अमेरिका के साथ घनिष्ठ संबंध तथा चीन के साथ उन्नत संबंध में चुनाव करने की आवश्यकता नहीं है.’
उन्होंने यहां ऑब्जर्वर रिसर्च फांउडेशन के कार्यक्रम में कहा, ‘बीजिंग के साथ हमारे संबंधों में दिल्ली एवं वाशिंगटन दोनों को स्वस्थ प्रतिस्पर्धा देखनी चाहिए तथा हमें प्रतिद्वंद्विता के जाल से बचना चाहिए.’ विवादित दक्षिण चीन सागर की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि भारत एवं अमेरिका विवादों का शांतिपूर्ण हल के पक्ष में हैं और वे चाहते हैं कि सागर में नौवहन की स्वतंत्रता हो.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




