Budget 2023-24: कहां से होती है झारखंड सरकार की कमाई, किस मद में कितना होता है खर्च, पूरा लेखा-जोखा यहां देखें

Jharkhand Budget 2023|स्वास्थ्य एवं पेयजल पर सरकार ने 9.57 फीसदी राशि खर्च किये, जबकि पुलिस एवं आपदा प्रबंधन पर 8.36 फीसदी. सरकार के बजट का एक बड़ा हिस्सा पेंशन में खर्च होता है. पेंशन पर सरकार को अपने बजट का 7.96 फीसदी खर्च करना पड़ा था.
सरकार की आय के 6 स्रोत हैं, जबकि खर्च के मुख्य 14 मद. वर्ष 2022-23 के बजट में सरकार ने सबसे ज्यादा पैसा 13.54 फीसदी शिक्षा पर खर्च किया. ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग दूसरे नंबर पर रहा. सरकार ने 12.59 फीसदी राशि इस विभाग के जरिये खर्च किये.
स्वास्थ्य एवं पेयजल पर सरकार ने 9.57 फीसदी राशि खर्च किये, जबकि पुलिस एवं आपदा प्रबंधन पर 8.36 फीसदी. झारखंड सरकार के बजट का एक बड़ा हिस्सा पेंशन में खर्च होता है. पेंशन पर सरकार को अपने बजट का 7.96 फीसदी खर्च करना पड़ा था.
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समाज कल्याण के लिए सरकार ने 7.87 फीसदी राशि खर्च की, जबकि भू-राजस्व, श्रम, पर्यटन, सूचना प्रौद्योगिकी एवं अन्य मद में 7.45 फीसदी राशि खर्च की गयी. पेंशन के बाद एक और मद है, जिसमें सरकारको 7 फीसदी से अधिक की राशि खर्च करनी पड़ रही है. वो है कर्ज का भुगतान. कर्ज के भुगतान में सरकार को 7.18 फीसदी राशि देनी पड़ती है.
अगर सरकार 100 रुपये कमाती है, तो उसके 6.59 रुपये ब्याज भुगतान में खर्च हो जाते हैं. कृषि और उससे जुड़े सेक्टरएवं जल संसाधन पर सरकार 5.92 फीसदी पैसे खर्च करती है. ऊर्जा क्षेत्र में सरकार की ओर से 4.80 फीसदी राशि खर्च की जाती है. सड़क एवं परिवहन व्यवस्था पर बजट का 4.14 फीसदी पैसा खर्च होता है.
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शहरी विकास एवं आवासन पर सरकार ने 3.02 फीसदी खर्च करती है, जबकि वन एवं पर्यावरण पर उसका खर्च सिर्फ 1.01 फीसदी है. इस तरह बजट में सरकार की ओर से सबसे कम खर्च वन एवं पर्यावरण विभाग पर ही की जाती है.
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केंद्रीय टैक्स में राज्य की हिस्सेदारी – 26.71 फीसदी
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राज्य सरकार की टैक्स से आय – 24.58 फीसदी
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गैर-टैक्स मद से राज्य सरकार की आय – 13.61 फीसदी
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सहायता अनुदान – 17.22 फीसदी
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कर्ज – 17.80 फीसदी
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लोन रिकवरी और एडवांस – 0.08 फीसदी
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शिक्षा – 13.54
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ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज – 12.59
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स्वास्थ्य एवं पेयजल – 9.57
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पुलिस एवं आपदा प्रबंधन – 8.36
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पेंशन – 7.96
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समाज कल्याण – 7.87
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भू-राजस्व, श्रम, पर्यटन, सूचना प्रौद्योगिकी एवं अन्य – 7.45
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कर्ज का भुगतान – 7.18
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ब्याज का भुगतान – 6.59
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कृषि, उससे जुड़े क्षेत्र एवं जल संसाधन – 5.92
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ऊर्जा – 4.80
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सड़क एवं परिवहन – 4.14
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शहरी विकास एवं आवासन – 3.02
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वन एवं पर्यावरण – 1.01
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By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है। उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवरेज करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है। मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है
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