India’s Got Latent Row: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से कहा- YouTube पर बढ़ते अश्लील कंटेंट पर सख्ती जरूरी

Updated:
विज्ञापन
Indias Got Latent Row SC YouTube

India’s Got Latent Row: SC on YouTube

Indias Got Latent Row: यह मामला सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में आ गया है. कई यूजर्स ने #RegulateYouTubeContent जैसे हैशटैग के साथ यूट्यूब पर सख्त नियमों की मांग की है.

विज्ञापन

Indias Got Latent Row: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से यूट्यूब पर प्रसारित होने वाले अश्लील और आपत्तिजनक कंटेंट को रेगुलेट करने पर विचार करने को कहा है. अदालत ने विशेष रूप से India’s Got Latent शो में दिखाए गए कंटेंट पर चिंता जताई, जिसमें कई व्यूअर्स ने अश्लीलता और नैतिक मूल्यों के उल्लंघन का आरोप लगाया है.

सुप्रीम कोर्ट की कड़ी टिप्पणी

शीर्ष अदालत ने सुनवाई के दौरान कहा कि यूट्यूब पर बिना सेंसरशिप के कई ऐसे शो और वीडियो अपलोड किए जा रहे हैं, जो भारतीय संस्कृति और नैतिकता के खिलाफ हैं. कोर्ट ने सरकार से कहा कि वह अश्लील कंटेंट को नियंत्रित करने के लिए ठोस कदम उठाए.

यूट्यूब पर कंटेंट मॉडरेशन की मांग

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि डिजिटल प्लैटफॉर्म्स पर आपत्तिजनक कंटेंट की निगरानी और नियंत्रण के लिए एक सख्त नियामक ढांचा होना चाहिए. अदालत ने केंद्र को निर्देश दिया कि वह इस मुद्दे पर जल्द से जल्द जवाब दाखिल करे.

सरकार का रुख और संभावित नियम

सूचना और प्रसारण मंत्रालय इस मुद्दे पर जल्द ही विचार कर सकता है और OTT प्लैटफॉर्म्स, यूट्यूब और अन्य डिजिटल मीडिया के लिए नये दिशानिर्देश जारी किए जा सकते हैं. सरकार पहले ही डिजिटल मीडिया रेगुलेशन को लेकर सक्रिय रही है और इस मामले में और सख्ती की जा सकती है.

सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़

यह मामला सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में आ गया है. कई यूजर्स ने #RegulateYouTubeContent जैसे हैशटैग के साथ यूट्यूब पर सख्त नियमों की मांग की है. वहीं, कुछ लोग इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर प्रतिबंध लगाने की कोशिश भी मान रहे हैं.

अब आगे क्या होगा?

सुप्रीम कोर्ट के इस निर्देश के बाद उम्मीद की जा रही है कि सरकार जल्द ही यूट्यूब और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए नये नियमों की घोषणा कर सकती है. अगर ऐसा हुआ, तो फिल्म, वेब सीरीज और ऑनलाइन कंटेंट को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है.

Ranveer Allahbadia Controversy: ‘इतना कांड करने के बाद ये पता चला कि ये भी चुराया हुआ था दूसरी जगह से’

India’s Got Latent क्या है और इस मंच से रणवीर इलाहाबादिया, समय रैना और अपूर्वा मखीजा ने क्या और कैसे मचाया बवाल?

Ranveer Allahbadia Controversy: रणवीर इलाहाबादिया पर फूड डिलीवरी ऐप ने ली चुटकी, India’s Lost Talent के साथ पेश किया विज्ञापन

विज्ञापन
राजीव कुमार

लेखक के बारे में

By राजीव कुमार

राजीव, हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और प्रभातखबर डॉट कॉम में कार्यरत हैं. अपने 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारीय अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. आसान भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी कंटेंट राइटिंग की सबसे बड़ी पहचान है.

राजीव की एक्सपर्टीज स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग के साथ-साथ डिजिटल ट्रेंड्स जैसे टॉपिक्स में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, ऑफिशियल डेटा, कंपनी अपडेट्स और एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी यूजर्स तक पहुंचाते हैं.

डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. Google Discover और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारी भरे होते हैं, बल्कि यूजर्स की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, कॉम्पैरिजन-बेस्ड आर्टिकल्स और एक्सप्लेनर स्टोरीज को यूजर्स काफी पसंद करते हैं.

राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन, पॉजिटिव जर्नलिज्म और फीचर राइटिंग जैसे अलग-अलग बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई.

जमशेदपुर में जन्मे राजीव की प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद उन्होंने भारतीय विद्या भवन, पुणे से जर्नलिज्म ऐंड मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उनको आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में यूजर्स तक पहुंचाने में मदद करती है.

जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola