कोलकाता. भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने गुरुवार शाम को कोलकाता में डॉक्टर्स मीट को संबोधित करते हुए कहा कि दिल्ली में अरविंद केजरीवाल ने आयुष्मान भारत योजना को नकारा और जनता ने उन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखा दिया. उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी इस जनकल्याणकारी योजना को ठुकराया है और वर्ष 2026 में जनता उन्हें भी इसका जवाब देगी. नड्डा ने कहा कि पिछले 11 वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के स्वास्थ्य क्षेत्र में अभूतपूर्व और ऐतिहासिक परिवर्तन हुए हैं, जिससे भारत की स्वास्थ्य व्यवस्था की दिशा और दशा दोनों बदली हैं.
उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत योजना दुनिया की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना है, जिसके तहत देश के 63 करोड़ से अधिक गरीब और वंचित नागरिकों को पांच लाख रुपये तक का निःशुल्क इलाज मिल रहा है. नड्डा ने दुख जताया कि राजनीतिक कारणों से पश्चिम बंगाल की जनता को इस योजना के लाभ से वंचित रखा गया है. उन्होंने बताया कि देशभर में 1.81 लाख से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्थापित किये जा चुके हैं, जो प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ बन चुके हैं.
ये केंद्र तीन से चार हजार की आबादी को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा रहे हैं, जहां से आम नागरिक की स्वास्थ्य जांच, परामर्श और उपचार की शुरुआत होती है.
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