भड़काऊ बयान मामले में थानों में हाजिरी लगा रहे हुमायूं कबीर, सप्ताह में दूसरी बार मुर्शिदाबाद पुलिस के सामने हुए पेश

आम जनता उन्नयन पार्टी सुप्रीमो और विधायक हुमायूं कबीर.
आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) के प्रमुख और विधायक हुमायूं कबीर कथित भड़काऊ बयान के मामले में दूसरी बार पुलिस के सामने हाजिर हुए. शक्तिपुर थाना पुलिस ने उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया था. यह मामला विधानसभा में भी गरमाया था.
पश्चिम बंगाल में जनसभाओं के दौरान कथित तौर पर सांप्रदायिक और भड़काऊ बयान देने के मामले में आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) के प्रमुख और नोदा से विधायक हुमायूं कबीर मुर्शिदाबाद जिले की शक्तिपुर थाना पुलिस के सामने पेश हुए. कथित हेट स्पीच (Hate Speech) मामले में एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी बार है, जब विधायक को पुलिस के सामने हाजिर होना पड़ा है.
2 बार नोटिस टालने के बाद पहुंचे शक्तिपुर थाना
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, विधायक हुमायूं कबीर रविवार को पूर्वाह्न करीब 11 बजे मुर्शिदाबाद के शक्तिपुर थाने पहुंचे. इससे पहले शक्तिपुर पुलिस ने उन्हें पूछताछ के लिए 2 बार नोटिस जारी किये थे, लेकिन वह पेश नहीं हुए थे.
कैसे तामील हुआ नया समन?
इस सप्ताह की शुरुआत में (14 जुलाई को) जब कबीर एक अन्य मामले में रेजीनगर थाने गये थे, तब शक्तिपुर पुलिस ने उनके परिवार के सदस्यों को एक नया समन तामील कराया था. इस नये समन में उन्हें रविवार (19 जुलाई) को शक्तिपुर थाने में अनिवार्य रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया गया था.
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2 थानों में दर्ज है अलग-अलग प्राथमिकी
हुमायूं कबीर पर मुर्शिदाबाद के अलग-अलग क्षेत्रों में आयोजित राजनीतिक जनसभाओं के दौरान कथित रूप से भड़काऊ और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वाले बयान देने के आरोप हैं. इससे पहले, एक अन्य प्राथमिकी के सिलसिले में वह 14 जुलाई को रेजीनगर थाने में पेश हुए थे. वहां करीब चार घंटे तक उनसे पूछताछ हुई थी. शक्तिपुर थाना क्षेत्र में दी गयी भड़काऊ दलील को लेकर दर्ज दूसरी प्राथमिकी के आधार पर रविवार को उनसे पूछताछ की गयी.
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विधानसभा में भी गूंजा था मुद्दा
विधायक हुमायूं कबीर की इस विवादित टिप्पणी की गूंज हाल ही में संपन्न हुए पश्चिम बंगाल विधानसभा के बजट सत्र के दौरान भी सुनाई दी थी. इस मामले को लेकर सदन में सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई थी. राज्य में सरकार बदलने के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने चेतावनी दी थी कि राज्य में सांप्रदायिक सद्भाव और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाले बयान देने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जायेगा. उनके खिलाफ पुलिस सख्त कानूनी कार्रवाई करेगी.
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By मिथिलेश झा
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