नोटबंदी के बाद बनाया ठगी का हाइटेक प्लान, करोड़ों का कर दिया वारा-न्यारा और...
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 23 Apr 2018 6:12 PM
पीलीभीत: नोटबंदी का लाभ उठाते हुए डिजिटल लेनदेन का झांसा देकर व्यापारियों से ठगी करने वाले एक व्यक्ति को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. पुलिस सूत्रों ने आज यहां बताया कि नवंबर 2016 में नोटबंदी के बाद डिजिटल लेनदेन के लिए उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के हजारों व्यापारियों को स्वाइप मशीन उपलब्ध कराकर उनसे अपने […]
पीलीभीत: नोटबंदी का लाभ उठाते हुए डिजिटल लेनदेन का झांसा देकर व्यापारियों से ठगी करने वाले एक व्यक्ति को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. पुलिस सूत्रों ने आज यहां बताया कि नवंबर 2016 में नोटबंदी के बाद डिजिटल लेनदेन के लिए उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के हजारों व्यापारियों को स्वाइप मशीन उपलब्ध कराकर उनसे अपने खाते को जोड़ करोड़ों रुपये की चपत लगाने वाले मयंक सक्सेना नामक व्यक्ति को कल सुनगढ़ी क्षेत्र में गिरफ्तार कर लिया गया.
उन्होंने बताया कि सक्सेना ने नवंबर 2016 में नोटबंदी के बाद पीलीभीत शहर के पॉश इलाके में भारवी फाइनेंशियल सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के बैनर तले योजना कार्यालय खोला था. इसमें सक्सेना के साथ शिरीष नामक व्यक्ति भी था. जालसाजों ने अखबारों में कंपनी का विज्ञापन निकलवाया था. सूत्रों ने बताया कि सक्सेना की कंपनी ने डिजिटल लेनदेन के लिए व्यापारियों को स्वाइप मशीन बेची लेकिन सक्सेना ने इन मशीनों को व्यापारियों के खाते से जुड़कर अपनी कंपनी के खाते से जोड़ लिया था इसके चलते व्यापारियों का साधन भी कंपनी के खाते में पहुंचता रहा.
किसी को शक न हो इसके लिए कंपनी के खाते से व्यापारियों को थोड़ी-थोड़ी रकम भेजी जाती रही जनवरी 2017 तक व्यापारियों के लगभग चार लाख रुपये उनके खाते में नहीं आये. पूछने पर कंपनी के कर्मचारियों ने उन्हें नोटबंदी का कारण बताकर बहला दिया. उन्होंने बताया कि झांसे में आये व्यापारी स्वाइप मशीन से लेनदेन करते रहे. मार्च 2017 में व्यापारियों ने बंद कर दिया और कंपनी पर अपने पैसे के लिए दबाव बनाया. उसके बाद सक्सेना और उसके साथी कंपनी के कार्यालय में ताला डाल गायब हो गये, जिसके बाद पीलीभीत शहर के व्यापारी ने मई 2017 में मयंक के खिलाफ मुकदमा लिखवाया था.
उसके झांसे में पीलीभीत बिजनौर कानपुर के अलावा उत्तराखंड के भी सैंकड़ों व्यापारी फंसे थे जिनसे उसने करोड़ों की ठगी की. अपर पुलिस अधीक्षक रोहित मिश्र ने बताया कि सक्सेना की गिरफ्तारी के बाद बड़ी संख्या में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अलग-अलग जिलों से पुलिस के पास उन व्यापारियों के फोन आ रहे हैं जिनके साथ ठगी की गयी थी. उन्होंने बताया कि मयंक के खिलाफ बिजनौर में मुकदमा दर्ज है. उस पर वहां भी सात करोड़ की ठगी करने का आरोप है. इसके अलावा उसके खिलाफ धामपुर और उधमसिंह नगर में भी मुकदमे दर्ज हैं. पुलिस ने मयंक को जेल भेज दिया है. आगे कार्यवाही की जा रही है.
यह भी पढ़ें-
बरेली में 14 साल के लड़के ने 8 साल की बच्ची से कथित तौर पर किया रेप, गिरफ्तार
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










