अलीगढ़ की सांकरा गंगा में छोड़े गए 1 लाख से अधिक मछलियों के बच्चे, जानें क्यों?

आजादी के अमृत महोत्सव के तहत अलीगढ़ के सांकरा स्थित गंगाघाट पर भारत सरकार की प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना अंतर्गत रिवर रैचिंग एवं जन जागरूकता के तहत संगोष्ठी हुई, जिसके बाद अलीगढ़ की जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह व भाजपा बृज क्षेत्र उपाध्यक्ष ठा. श्यौराज सिंह ने 108300 मत्स्य बीज गंगा में छोड़े.
Aligarh News: मनुष्य अपने फायदे के लिए नदियों से लगातार मछलियां पकड़ रहा है, जिससे नदियों की स्वच्छता में कमी आ रही है. इसी कमी को दूर करने के लिए अलीगढ़ के सांकरा स्थित गंगा में 1 लाख से अधिक मछलियों के बच्चे छोड़े गए.
आजादी के अमृत महोत्सव के तहत अलीगढ़ के सांकरा स्थित गंगाघाट पर भारत सरकार की प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना अंतर्गत रिवर रैचिंग एवं जन जागरूकता के तहत संगोष्ठी हुई, जिसके बाद अलीगढ़ की जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह व भाजपा बृज क्षेत्र उपाध्यक्ष ठा. श्यौराज सिंह ने 108300 मत्स्य बीज यानी मछलियों के बच्चे गंगा में छोड़े. जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह ने कहा कि गंगा नदी को स्वच्छ व अविरल बनाये रखने के लिए मछलियों का बड़ा योगदान रहता है. साथ ही समस्त गंगा स्नान करने वाले श्रद्धालुओं को भी गंगा को स्वच्छ बनाये रखने में अपनी-अपनी भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए. अलीगढ़ के उप निदेशक मत्स्य ने कहा कि हम सभी का दायित्व है कि किसी भी कीमत पर छोटी मछलियां न पकड़ी जाएं. प्राकृतिक रूप से नदियों के लिए मछलियां बहुत जरूरी है, इसलिए आज 1 लाख से अधिक ज्यादा मछलियों के बच्चे गंगा नदी में छोड़े गए.
मत्स्य पालन विभाग, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय ने भारत सरकार प्रधान मंत्री मत्स्य संपदा योजना को लागू किया. भारत में मत्स्य पालन क्षेत्र के सतत और जिम्मेदार विकास के माध्यम से नीली क्रांति लाने के लिए योजना चली. मछुआरों के कल्याण सहित मत्स्य पालन क्षेत्र के समग्र विकास के लिए 20050 करोड़ को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में वित्त वर्ष 2020-21 से वित्त वर्ष 2024-25 तक 5 साल के लिए दिया गया.
रिपोर्ट : चमन शर्मा
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




