ePaper

पोस्टर बैनर से नहीं... सेवा की राजनीति से मिले वोट, राजस्थान में गरजे गडकरी

Updated at : 15 May 2023 9:16 PM (IST)
विज्ञापन
पोस्टर बैनर से नहीं... सेवा की राजनीति से मिले वोट, राजस्थान में गरजे गडकरी

गडकरी ने कहा कि मैं बहुत कठिन निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लडा था. मुझे सभी नेताओं ने मना किया था, मैं जिद के साथ लडा था और अब मैंने यह तय किया है कि अगले चुनाव में मैं पोस्टर, बैनर नहीं लगाउंगा.. चाय नहीं पिलाउंगा और कुछ नहीं करूंगा.. जिसको देना हो वोट देगा.. जिसको नहीं देना हो.. नहीं देगा.

विज्ञापन

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को कहा कि लोगों की सेवा और कल्याण की राजनीति पर वोट दिए जाते हैं न कि पोस्टरों पर. गडकरी ने कहा कि वह अगले चुनाव में अपने निर्वाचन क्षेत्र में लोगों को पोस्टर लगाने या लोगों को चाय पिलाने जैसा कुछ नहीं करेंगे और जिन्हें वोट देना है वो वोट देंगे और जिन्हें नहीं देना है वो वोट नहीं देंगे. इसके साथ ही उन्होंने पोस्टर और बैनर नहीं लगाने के बावजूद अगले चुनावों में अपनी जीत का अंतर बढ़ने का भरोसा जताया.केंद्रीय मंत्री सोमवार को राजस्थान के सीकर जिले के खाचरियावास गांव में पूर्व उपराष्ट्रपति भैरोंसिंह शेखावत की पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे.

पोस्टर, बैनर नहीं लगाउंगा- गडकरी: गडकरी ने कहा कि मैं बहुत कठिन निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लडा था. मुझे सभी नेताओं ने मना किया था, मैं जिद के साथ लडा था और अब मैंने यह तय किया है कि अगले चुनाव में मैं पोस्टर, बैनर नहीं लगाउंगा.. चाय नहीं पिलाउंगा और कुछ नहीं करूंगा.. जिसको देना हो वोट देगा.. जिसको नहीं देना हो.. नहीं देगा.. मेरा विश्वास है कि पहले साढे़ तीन लाख मतों का अंतर था और अब इसमें एक डेढ लाख का इजाफा होगा.

पोस्टर नहीं जीताता चुनाव: गडकरी ने कहा कि कोई से पोस्टर चुनाव नहीं जीतता है, वोट नहीं पाता है. गडकरी ने कहा वोट मिलता है सेवा की राजनीति से. वोट मिलता है विकास की राजनीति से, वोट मिलता है गांवों में गरीबी का कल्याण करने से, वोट मिलता है स्वास्थ्य शिक्षा की सुविधाएं देकर लोगों की सेवा करने से और युवाओं को रोजगार देने से.. बच्चों को अच्छे स्कूल देने से और गरीबों को अच्छे अस्पताल देने से वोट मिलता है.

केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि जो भैंरो सिंह जी सेवा नीति कह रहे थे वो केवल बातों से नहीं होगी. किताबों से नहीं होगी. अनुसंधान से नहीं होगी. वो उनके जीवन के आदर्श और विचार, सिद्धांतों के आधार पर केवल बातों से नहीं. कथनी और व्यवहार में अंतर न रखते हुए कार्य करना होगा. यह सही अर्थ में उनको सच्ची श्रद्धांजलि होगी.

Also Read: सिद्धारमैया या डीके शिवकुमार… कौन बनेगा कर्नाटक का मुख्यमंत्री! दिल्ली दरबार जल्द लगाएगी मुहर

पीएम मोदी ने बदली है परिस्थिति: गडकरी ने यह भी कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में समय के साथ परिस्थितयां बदली है, किसान अन्नदाता बने हैं बाद में किसान उजरादाता बने हैं और बायोमास से कोलतार बनाया जा रहा है. उन्होंने कहाकि मैं दिल्ली से जयपुर इलेक्ट्रिक राजमार्ग बना रहा हूं और जब इलेक्ट्रिक बस चलेगी तो टिकट किराया वर्तमान से तीस प्रतिशत कम होगा. कार्यक्रम में पूर्व मुख्‍यमंत्री वसुंधरा राजे, केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़, उपनेता प्रतिपक्ष सतीश पूनिया समेत भाजपा के अन्य नेता मौजूद रहे.

विज्ञापन
Agency

लेखक के बारे में

By Agency

Agency is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola