ePaper

बुद्ध पूर्णिमा पर झारखंड में श्रद्धालुओं ने गंगा में लगायी आस्था की डुबकी, साफा होड़ आदिवासियों ने ऐसे की पूजा-अर्चना

Updated at : 12 May 2025 6:11 PM (IST)
विज्ञापन
Buddha Purnima 2025 sahibganj

बुद्ध पूर्णिमा पर गंगा में स्नान पर पूजा-अर्चना करते श्रद्धालु

Buddha Purnima 2025: बुद्ध पूर्णिमा के मौके पर झारखंड के साहिबगंज जिले के राजमहल में उत्तर वाहिनी गंगा घाट पर श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाई. साफा होड़ आदिवासियों ने अखाड़ा लगाया और पूजा-अर्चना की. गंगा स्नान के लिए गंगा तट पर विभिन्न जिलों से आए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी. मन्नत पूरी होने पर बच्चों का मुंडन संस्कार भी किया गया.

विज्ञापन

Buddha Purnima 2025: राजमहल (साहिबगंज), दीप सिंह- झारखंड में एकमात्र साहिबगंज जिले के राजमहल से प्रवाहित उत्तरवाहिनी गंगा घाट पर बुद्ध पूर्णिमा के मौके पर बड़ी संख्या में आदिवासी एवं गैर आदिवासी श्रद्धालुओं ने सोमवार को आस्था की डुबकी लगाई. स्थानीय पुरोहितों ने कहा कि वैशाख महीने की पूर्णिमा के मौके पर पवित्र गंगा स्नान करने से पापों से मुक्ति मिलती है. जीवन में संपन्नता, सुख-समृद्धि एवं शांति की भी प्राप्ति होती है. वैशाख पूर्णिमा के दिन ही भगवान बुद्ध का जन्म हुआ था और इसी दिन उन्हें ज्ञान की प्राप्ति हुई थी. इसलिए इस दिन को विशेष रूप से बुद्ध पूर्णिमा के रूप में मनाया जाता है.

मन्नत पूरी होने पर बच्चों का हुआ मुंडन संस्कार


राजमहल अनुमंडल मुख्यालय सहित आसपास ग्रामीण क्षेत्र के अलावा बरहरवा, बोरियो, तालझारी, बोआरीजोर , लिट्टीपाड़ा, आमडापाड़ा, काठीकुंड, गोपीकांदर, दुमका व गोड्डा से आए श्रद्धालुओं ने राजमहल के सूर्य देव घाट, गुदाराघाट, कालीघाट व महाजनटोली घाट में गंगा स्नान के बाद गंगा पूजन एवं स्थानीय मंदिरों में पूजा-अर्चना की. मां गंगा से की गई मन्नत पूरी होने पर कई लोगों ने अपने बच्चों का मुंडन संस्कार भी कराया.

ये भी पढ़ें: झारखंड में भी है ‘रावण की नगरी’, रामायण काल से अलग कलाकारों का है गांव, इनका झूमर देखने उमड़ती है भीड़

धर्मगुरुओं के साथ किया गंगा स्नान एवं गंगा पूजन


साफा होड़ आदिवासियों ने अपने-अपने धर्मगुरुओं के साथ गंगा स्नान एवं गंगा पूजन किया. लोटा में जल भरकर गंगा तट पर अखाड़ा लगाते हुए मां गंगा मरांग गुरू रूपी भगवान शिव, भगवान श्री राम की पूजा-अर्चना कर आराधना की. शिष्यों के माध्यम से गुरु को अपने कष्ट की जानकारी देकर निवारण का आग्रह किया तो गुरु ने बेंत से मां गंगा को आह्वान करते हुए कष्ट का निवारण किया. पूरा दिन शहर अतिरिक्त वाहनों के प्रवेश से अस्त-व्यस्त रहा. स्टेशन चौक एवं गांधी चौक में कई बार जाम जैसी स्थिति उत्पन्न हो गयी.

ये भी पढ़ें: Jharkhand Village Story: झारखंड में यहां है पुलिसवालों का गांव, शिबू सोरेन के एक फैसले ने बदल दी थी किस्मत

विज्ञापन
Guru Swarup Mishra

लेखक के बारे में

By Guru Swarup Mishra

मैं गुरुस्वरूप मिश्रा. फिलवक्त डिजिटल मीडिया में कार्यरत. वर्ष 2008 से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से पत्रकारिता की शुरुआत. आकाशवाणी रांची में आकस्मिक समाचार वाचक रहा. प्रिंट मीडिया (हिन्दुस्तान और पंचायतनामा) में फील्ड रिपोर्टिंग की. दैनिक भास्कर के लिए फ्रीलांसिंग. पत्रकारिता में डेढ़ दशक से अधिक का अनुभव. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एमए. 2020 और 2022 में लाडली मीडिया अवार्ड.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola