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हजारीबाग खासमहाल जमीन घोटाले में विनय चौबे से पूछताछ शुरू, एसीबी को सहयोग नहीं कर रहे निलंबित IAS

Updated at : 03 Sep 2025 9:56 PM (IST)
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निलंबित आईएएस विनय चौबे (फाइल फोटो)

Vinay Chaubey Interrogation: हजारीबाग खासमहाल जमीन घोटाले में एसीबी की टीम ने बुधवार से विनय चौबे (शराब घोटाले में निलंबित आइएएस अधिकारी) से पूछताछ शुरू कर दी है. जमीन से संबंधित बिंदुओं पर एसीबी की टीम ने विनय चौबे से कई सवाल किये, लेकिन उन्होंने किसी सवाल का पूरा जवाब नहीं दिया. एसीबी रिमांड पर लेकर उनसे पूछताछ कर रही है.

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Vinay Chaubey Interrogation: रांची-हजारीबाग खासमहाल जमीन घोटाले के केस में एसीबी (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) की टीम ने बुधवार से विनय चौबे (शराब घोटाला केस में निलंबित आइएएस अधिकारी) से पूछताछ शुरू कर दी है. एसीबी की टीम ने जमीन से संबंधित बिंदुओं पर विनय चौबे से कई सवाल किये, लेकिन विनय चौबे ने किसी सवाल का पूरा जवाब नहीं दिया. पूछताछ के दौरान एसीबी को उन्होंने पूरा सहयोग नहीं किया.

रिमांड पर लिए गए हैं विनय चौबे


हजारीबाग में खासमहाल जमीन घोटाले में जांच के क्रम में एसीबी को प्रथम दृष्टया हजारीबाग के तत्कालीन डीसी विनय चौबे के खिलाफ साक्ष्य मिले थे. इसके आधार पर एसीबी ने उन्हें केस में आरोपी बनाया था और पूछताछ के लिए मंगलवार को रिमांड पर लिया था. केस के अनुसंधान के दौरान एसीबी को जो जानकारी मिली थी, उसके अनुसार खास महाल जमीन में न्यायालय द्वारा पारित आदेश के अनुसार हीराबाग ट्रस्ट की जमीन में हीरा लाल सेठी और पन्नालाल सेठी को श्री महावीर जी सेवायत का चार्ज मिला था. इस जमीन को किसी भी व्यक्ति को हस्तांतरित करने का अधिकार नहीं था.

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ये है पूरा मामला


तत्कालीन आयुक्त उत्तरी छोटानागपुर को आदेश दिया गया था कि उस लीज जमीन को किसी के नाम से ट्रांसफर करने का आदेश नहीं दिया जाए, लेकिन मामले में कोर्ट के आदेश को नजरअंदाज कर पावर ऑफ अटॉर्नी के माध्यम से लीज नवीकरण को सही मानते हुए तत्कालीन उपायुक्त द्वारा भूमि सुधार एवं राजस्व विभाग के एक आदेश को हथियार बनाते हुए हीराबाग ट्रस्ट की जमीन को 23 क्रेताओं के नाम पर बेच दी दी गयी. इस प्रकार इसमें तत्कालीन हजारीबाग डीसी विनय चौबे के साथ-साथ अन्य लोगों की संलिप्तता पर प्रथम दृष्टया साक्ष्य मिले थे.

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Guru Swarup Mishra

लेखक के बारे में

By Guru Swarup Mishra

मैं गुरुस्वरूप मिश्रा. फिलवक्त डिजिटल मीडिया में कार्यरत. वर्ष 2008 से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से पत्रकारिता की शुरुआत. आकाशवाणी रांची में आकस्मिक समाचार वाचक रहा. प्रिंट मीडिया (हिन्दुस्तान और पंचायतनामा) में फील्ड रिपोर्टिंग की. दैनिक भास्कर के लिए फ्रीलांसिंग. पत्रकारिता में डेढ़ दशक से अधिक का अनुभव. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एमए. 2020 और 2022 में लाडली मीडिया अवार्ड.

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