झारखंड में सबसे ज्यादा कहां बरसा मानसून, किस जिले में कितनी बारिश, यहां देखें रिकॉर्ड

झारखंड में जमकर बरसा मानसून.
Monsoon Rain in Jharkhand: झारखंड में इस बार महज 36 दिन में सामान्य से 69 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है. मौसम विभाग ने यह जानकारी दी है. सबसे ज्यादा बारिश रांची और पूर्वी सिंहभूम जिले में हुई है. आईए, आपको बताते हैं कि झारखंड के एक-एक जिले में कितनी बारिश हुई है. सामान्य से अधिक बारिश कहां हुई और सामान्य से कम बारिश कहां हुई.
Monsoon Rain in Jharkhand: झारखंड में मानसून के सीजन में 36 दिनों में सामान्य से 69 फीसदी अधिक बारिश हो चुकी है. इतने दिनों में समूचे झारखंड में 417.2 मिलीमीटर वर्षा हुई है. आमतौर पर 1 जून से 6 जुलाई के बीच राज्य में 246.2 मिलीमीटर वर्षा को सामान्य वर्षा माना जाता है. इसकी तुलना में इस बार 417 मिलीमीटर वर्षा हुई है, जो झारखंड के लिए बहुत अच्छी खबर है. मौसम विभाग ने यह जानकारी दी है.
रांची में 740.7 मिलीमीटर बरसा मानसून
मौसम विभाग ने बताया है कि झारखंड में रांची, पूर्वी सिंहभूम, लातेहार, सरायकेला-खरसावां, सिमडेगा, पश्चिमी सिंहभूम, खूंटी, लोहरदगा, धनबाद और चतरा जिले में सबसे ज्यादा बारिश हुई है. रांची में अब तक 740.7 मिलीमीटर, पूर्वी सिंहभूम में 702.7 मिलीमीटर, लातेहार में 592.6 मिलीमीटर, सरायकेला खरसावावां में 582.1 मिलीमीटर, सिमडेगा में 567.9 मिलीमीटर, पश्चिमी सिंहभूम में 528.6 मिलीमीटर, बोकारो में 490.7 मिलीमीटर, खूंटी में 464.7 मिलीमीटर, लोहरदगा में 431.9 मिलीमीटर, धनबाद में 421.4 मिलीमीटर और चतरा में 413.7 मिलीमीटर वर्षा हो चुकी है.
गढ़वा, पाकुड़ और साहिबगंज में सामान्य से कम वर्षा
रांची में सामान्य से 156 फीसदी अधिक बारिश हुई है. लातेहार में 157 फीसदी, पूर्वी सिंहभूम में 134 फीसदी, रामगढ़ में 129 फीसदी, सरायकेला-खरसावां में 124 फीसदी और पलामू में 109 फीसदी अधिक बारिश हुई है. साहिबगंज, पाकुड़, गोड्डा और गढ़वा में अब तक सामान्य से कम बारिश हुई है. गढ़वा में 16 फीसदी, पाकुड़ में 20 फीसदी और साहिबगंज में 19 फीसदी कम वर्षा हुई है.
झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
झारखंड के किस जिले में कितना बरसा मानसून
| क्रम | जिला का नाम | वास्तविक वर्षा (मिमी) | सामान्य वर्षा (मिमी) |
| 1 | बोकारो | 342.9 | 217.2 |
| 2 | चतरा | 413.7 | 216 |
| 3 | देवघर | 160.1 | 247.1 |
| 4 | धनबाद | 421.4 | 269.8 |
| 5 | दुमका | 333.4 | 257.6 |
| 6 | पूर्वी सिंहभूम | 694.6 | 296.7 |
| 7 | गढ़वा | 147 | 175 |
| 8 | गिरिडीह | 268.5 | 249.8 |
| 9 | गोड्डा | 161.3 | 248.4 |
| 10 | गुमला | 399.5 | 257.9 |
| 11 | हजारीबाग | 354.1 | 203.9 |
| 12 | जामताड़ा | 349.3 | 270.4 |
| 13 | खूंटी | 464.7 | 270 |
| 14 | कोडरमा | 279.6 | 222.7 |
| 15 | लातेहार | 592.6 | 230.7 |
| 16 | लोहरदगा | 431.9 | 244.4 |
| 17 | पाकुड़ | 237.1 | 200 |
| 18 | पलामू | 345.4 | 165.3 |
| 19 | रामगढ़ | 566.1 | 185 |
| 20 | रांची | 648.3 | 253.2 |
| 21 | साहिबगंज | 251.7 | 203 |
| 22 | सिमडेगा | 582.1 | 260 |
| 23 | सरायकेला-खरसावां | 567.9 | 300.3 |
| 24 | पश्चिम सिंहभूम | 463.9 | 252.2 |
| झारखंड (औसत) | 417.2 | 246.2 |
10 जुलाई तक झारखंड में होती रहेगी बारिश
मौसम विभाग ने कहा है कि अभी झारखंड में बारिश का दौर जारी रहेगा. 10 जुलाई तक कहीं-कहीं भारी बारिश होगी. कुछ जगहों पर गर्जन के साथ तेज हवाएं चलेंगी. कुछ जगहों पर वज्रपात भी हो सकता है. हालांकि, अगले 5 दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में कोई बड़ बदलाव नहीं होगा. झारखंड में 17 जून को मानसून की एंट्री हुई थी. मानसून के आगमन के बाद से पूरे राज्य में लगातार बारिश हो रही है.
इसे भी पढ़ें
Weather Alert: आज 6 जुलाई को झारखंड के 13 जिलों में भारी बारिश और वज्रपात की आशंका
धनबाद, गढ़वा समेत झारखंड के 5 जिलों में अगले 3 घंटे में बदलेगा मौसम, वर्षा-वज्रपात का अलर्ट
Kal Ka Mausam: डालटनगंज से गुजर रहा मानसून ट्रफ, झारखंड के 8 जिले में भारी बारिश का येलो अलर्ट
प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी
लेखक के बारे में
By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




