सिरमटोली सरना स्थल के पास से रैंप को कितना हटाया गया है? सरहुल के लिए किया जा रहा यह काम

Updated at : 27 Apr 2025 8:58 AM (IST)
विज्ञापन
सरना स्थल के पास से रैंप को हटाते मजदूर

सरना स्थल के पास से रैंप को हटाते मजदूर

Jharkhand News: सिरमटोली स्थित सरना स्थल के पास से रैंप का कुछ हिस्सा को हटाया गया है, ताकि, यहां पर्याप्त जगह रह सके. इसके अलावा फ्लाइ ओवर के सर्विस रोड के बीचों-बीच पटेल चौक तक पेवर ब्लॉक बानाया जाएगा, ताकि सरहुल में इस जगह का इस्तेमाल हो सके.

विज्ञापन

रांची : सिरमटोली फ्लाइओवर के रैंप निर्माण का काम इन दिनों तेजी से चल रहा है. शनिवार को भी कड़ी सुरक्षा के बीच काम हुआ. जानकारी के मुताबिक इसका काम 15 मई तक पूरा हो सकता है. लेकिन निर्माण कार्य के बीच लोगों के मन में सबसे बड़ा सवाल ये है कि रैंप को कितना हटाया गया है. धार्मिक स्थल के आयोजन के लिए क्या किया जा रहा है, ताकि लोगों को परेशानी न हो. जानकारी के मुताबिक सरना स्थल के पास रैंप को कुछ कम किया गया है ताकि, यहां पर्याप्त जगह रह सके. इसके अलावा त्योहार में किसी को परेशानी न हो, इसे लेकर यहां पर बेहतर तरीके से काम किया जा रहा है. फ्लाइ ओवर के सर्विस रोड के बीचों-बीच पटेल चौक तक पेवर ब्लॉक लगाया जायेगा. इस जगह का इस्तेमाल सरहुल में किया जा सकेगा.

रात दिन किया जा रहा सिरम टोली रैंप निर्माण का काम

अभी सिरम टोली रैंप का काम रात-दिन किया जा रहा है. निर्माण स्थल पर पुलिस प्रशासन के अधिकारी मौजूद हैं. शनिवार को दिन भर वरीय पदाधिकारी निरीक्षण करते रहे. सिरमटोली चौक के पास बैरिकेडिंग कर दी गयी है. वहीं, इंजीनियरों और एलएंडटी कंपनी की टीम पूरे दिन मौजूद रही. रैंप निर्माण का काम तेजी से किया जा रहा है. इसे तीन से चार दिनों में पूरा कर लिया जायेगा. फिलहाल फ्लाइओवर प्रोजेक्ट में लगभग सभी जगहों पर काम हो रहा है.

Also Read: Pahalgam Terror Attack: पहलगाम आतंकी हमले के बाद रेल समेत झारखंड के सभी 24 जिले अलर्ट, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

मेकन चौक की ओर के रैंप का काम पूरा

नेपाल हाउस की ओर के रैंप में बिटुमिंस कंक्रीट (बीसी) के काम को अंतिम रूप दिया गया है. वहीं, मेकन चौक की ओर के रैंप में सभी काम कर लिये गये हैं. अब अंतिम चरण का काम बाकी है. इसे एक सप्ताह के अंदर पूरा कर लिया जायेगा. पूरे फ्लाइओवर में साउंड बैरियर लगा दिया गया है. पटेल चौक से सिरमटोली सरना स्थल के बीच कुछ जगहों पर लगाना बाकी है. इस तरह अब फिनिशिंग का काम हो रहा है.

Also Read: झारखंड में रह रहे हैं 10 पाकिस्तानी, लेकिन नहीं जाएंगे भारत छोड़कर, जानें क्यों ?

विज्ञापन
Sameer Oraon

लेखक के बारे में

By Sameer Oraon

इंटरनेशनल स्कूल ऑफ बिजनेस एंड मीडिया से बीबीए मीडिया में ग्रेजुएट होने के बाद साल 2019 में भारतीय जनसंचार संस्थान दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. 5 साल से अधिक समय से प्रभात खबर में डिजिटल पत्रकार के रूप में कार्यरत हूं. इससे पहले डेली हंट में बतौर प्रूफ रीडर एसोसिएट के रूप में काम किया. झारखंड के सभी समसामयिक मुद्दे खासकर राजनीति, लाइफ स्टाइल, हेल्थ से जुड़े विषयों पर लिखने और पढ़ने में गहरी रुचि है. तीन साल से अधिक समय से झारखंड डेस्क पर काम कर रहा हूं. फिर लंबे समय तक लाइफ स्टाइल के क्षेत्र में भी काम किया हूं. इसके अलावा स्पोर्ट्स में भी गहरी रुचि है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola