ePaper

झारखंड विधानसभा में हेमंत सोरेन- अयोध्या में 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद ऐसा आया रामराज

Updated at : 05 Feb 2024 3:55 PM (IST)
विज्ञापन
झारखंड विधानसभा में हेमंत सोरेन- अयोध्या में 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद ऐसा आया रामराज

फ्लोर टेस्ट के लिए झारखंड के पूर्व सीएम हेमंत सोरेन को ईडी अधिकारी कड़ी सुरक्षा के बीच विधानसभा लेकर आए. गिरफ्तारी के बाद पहली बार हेमंत सोरेन को बोलने का मौका मिला. उन्होंने विधानसभा में अपना पक्ष रखा. इस दौरान उन्होंने बीजेपी पर तंज कसते कहा- रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद ऐसा रामराज आया.

विज्ञापन

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार (5 फरवरी) को ‘रामराज’ का नाम लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर हमला बोला. झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के नेता ने दो दिवसीय विधानसभा के विशेष सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि 22 जनवरी को अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा हुई. इसके बाद ऐसा माहौल बनाया गया कि पूरे देश में रामराज आ गया. प्राण प्रतिष्ठा के बाद भाजपा के कदम बिहार में पड़े. पिछड़े वर्ग की सरकार को बदल दिया गया. इसके बाद दूसरा कदम झारखंड पर पड़ा. 31 जनवरी की रात को आदिवासी मुख्यमंत्री को हटाने के लिए ईडी ने उसे गिरफ्तार कर लिया. हेमंत सोरेन ने कहा कि संभल कर खाइए, गलती से कांटा गले में फंस गया, तो अंतरी फाड़कर निकलेगा.

झारखंड के मान-सम्मान और स्वाभिमान की रक्षा के लिए हुआ झामुमो का उदय

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे कोई गम नहीं कि आज ईडी ने मुझे पकड़ा है. जिस तरह बंधु दा की सदस्यता ली. ये लोग मेरा भी यही हश्र कर सकते हैं. हम सत्ता के लिए कभी राजनीति में नहीं आए. लेकिन, मैं सदन में कहना चाहूंगा कि झामुमो का उदय झारखंड के मान-सम्मान और स्वाभिमान की रक्षा के लिए हुआ. इस पर जो भी बुरी नजर डालेगा, उसे हम मुंहतोड़ जवाब देंगे. चाहे जंग का मैदान कोई भी हो. राजनीतिक या कानूनी. न हम पीछे हटे हैं, न हमने पीठ दिखाई है.

Also Read: विधानसभा में हेमंत सोरेन- मैं आंसू नहीं बहाऊंगा, 31 जनवरी को देश के इतिहास में जुड़ा काला अध्याय

ईडी ने कहा कि मुझे विधानसभा में भी नहीं बोलना है

हेमंत सोरेन ने सदन में चंपाई सोरेन के विश्वासमत का समर्थन करते हुए कहा कि मुझे कोर्ट का आदेश है कि मीडिया के सामने या बाहर कोई बयान नहीं देना है. ईडी से मैंने पूछा कि क्या मैं सदन में भी कुछ नहीं बोल सकता. इस पर उन्होंने कहा कि नहीं, आप सदन में भी कुछ नहीं बोल सकते. तो मैंने कहा कि विधानसभा में आइईए, स्पीकर की कुर्सी पर बैठकर मुझे यह आदेश दीजिए. झामुमो विधायक ने कहा कि अब विधानसभा और राष्ट्रपति भवन, लोकसभा और राज्यसभा से भी लोग अरेस्ट होंगे. 150-200 सांसदों के निलंबन को क्या इतिहास के पन्नों पर सुनहरे अक्षरों में लिखा जाएगा?

आपके तमाम षड्यंत्र धरे रह जाएंगे

उन्होंने आदिवासियों का आह्वान किया कि आप तैयार हो जाइए. अब शोषण की एक नई परिभाषा गढ़ी जा रही है. अगर खुद को आपने कमजोर किया, तो आने वाली पीढ़ी कभी माफ नहीं करेगी. उन्होंने राज्यपाल को भी निशाने पर लिया. कहा कि राज्यपाल ने 32 पेज का अभिभाषण पढ़ा. हम चिल्लाते रहे. जब देश में लोकतंत्र ही नहीं बचेगा, तो अभिभाषण पढ़कर क्या होगा. आज हर चीज पिछले दरवाजे से हो रही है. उन्होंने कहा कि धरती पर समय सबसे बलवान है. वक्त फिर घूमेगा, हम फिर आपके बीच उपस्थित होंगे. इतनी मजबूती से उपस्थित होंगे कि आपके तमाम षड्यंत्र धरे रह जाएंगे.

Also Read: चंपाई सोरेन के फ्लोर टेस्ट में शामिल हुए झारखंड के पूर्व सीएम, लगे हेमंत सोरेन जिंदाबाद के नारे

विज्ञापन
Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola