ePaper

झारखंड में लगातार बारिश से गंगा समेत छोटी-बड़ी नदियां उफान पर, कई जिलों में बाढ़ के हालात, 6 की मौत

Updated at : 26 Jul 2025 8:27 PM (IST)
विज्ञापन
Flood in Jharkhand Monsoon IMD

लगातार बारिश से कई जिलों में बाढ़ के हालात. फोटो : प्रभात खबर

Flood in Jharkhand: झारखंड में मानसून की बारिश का दौर जारी है. मौसम विभाग ने 31 जुलाई तक बारिश जारी रहने का येलो अलर्ट जारी किया है. इस बीच लगातार बारिश से कोल्हान के तीनों जिलों के अलावा साहिबगंज में बाढ़ जैसे हालात हैं. वर्षाजनित हादसों में अब तक 6 लोगों की मौत हो चुकी है. खरसावां में 4, पूर्वी सिंहभूम में 1 और गुमला के पालकोट में 1 व्यक्ति की मौत हो गयी.

विज्ञापन

Flood n Jharkhand: झारखंड पर मानसून मेहरबान है. लगातार बारिश हो रही है. सामान्य से 52 फीसदी अधिक बारिश हो चुकी है. कई जिलों में सामान्य से 100 फीसदी से अधिक बारिश हो चुकी है. जिस मानसून की बारिश का सबको इंतजार रहता है, वही मानसून अब मुसीबत बन गया है. लगाातर बारिश से कुछ जिलों में बाढ़ जैसे हालात हैं. जमशेदपुर के बागबेड़ा और जुगसलाई के निचले इलाके में 500 घरों में बाढ़ का पानी घुस गया है. राज्य के कई जिलों में बाढ़ के मद्देनजर जिला प्रशासन हाई अलर्ट पर है. वर्षाजनित हादसों में एक दिन में 6 लोगों की मौत हो गयी.

Flood in Jharkhand: खरसावां में 4 युवक नाले में डूबे

कोल्हान प्रमंडल के पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां के साथ-साथ साहिबगंज जिले में बाढ़ के हालात हैं. सबसे ज्यादा 4 लोगों की मौत खरसावां जिले में हुई है. यहां एक नाले में नहाने गये 4 युवकों की मौत हो गयी. इसके बाद गांव में चीख-पुकार मच गयी.

कोवाली में कच्चा मकान ढहा, 5 साल की बच्ची की मौत

पूर्वी सिंहभूम के जिले मुख्यालय जमशेदपुर से सटे कोवाली में बारिश की वजह से एक कच्चा मकान ढह गया, जिसमें एक 5 साल की बच्ची की मौत हो गयी और उसकी मां गंभीर रूप से घायल हो गयी. घायल महिला को अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

बागबेड़ा व जुगसलाई के 500 घरों में घुसा बाढ़ का पानी

जमशेदपुर के बागबेड़ा और जुगसलाई के निचले क्षेत्रों में 500 से अधिक घरों में बाढ़ का पानी घुस गया है. इलाके की स्थिति गंभीर हो गयी है. पानी भर जाने से लोगों की जिंदगी मुश्किल हो गयी है. शनिवार की सुबह बारिश थमने के बावजूद, नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से राहत की कोई उम्मीद नहीं दिख रही है. बीडीओ, सीओ, जिला परिषद समेत अन्य पंचायत प्रतिनिधि लगातार बाढ़ की स्थिति की मॉनिटरिंग कर रहे हैं.

झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

गुमला के पालकोट में कई घर ध्वस्त, एक की मौत

गुमला जिले में भी लगातार हो रही बारिश की वजह से कई लोगों के घर ध्वस्त हो गये. पालकोट में घर गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गयी. कई लोगों के घर में रखा सारा सामान बर्बाद हो गया. लोगों ने प्रशासन से मुआवजे की मांग की है.

कोल्हान की 2 बड़ी नदियां खतरे के निशान से ऊपर

कोल्हान की 2 बड़ी नदियां स्वर्णरेखा और खरकई दोनों खतरे के निशान से ऊपर बह रहीं हैं. खरसावां की 5 नदियां उफान पर हैं. संजय नदी पर बना पुल खरसावां में डूब चुका है. एक अन्य पुल पर 4 फुट पानी बह रहा है, जिससे आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया है.

इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर के पास कोवाली में बारिश से कच्चा मकान ढहा, 2 महिलाएं दबीं, बेटी की मौत, मां गंभीर

साहिबगंज में गंगा नदी उफान पर, उधवा में बाढ़ का खतरा

साहिबगंज जिले में गंगा नदी के उफान की वजह से उधवा पर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है. बाढ़ से उधवा प्रखंड के राधानगर, बेगमगंज, श्रीधर दियारा, पूर्वी प्राणपुर, दक्षिण पलासगाछी, उत्तर पलासगाछी, अमानत दियारा, पूर्वी उधवा दियारा अधिक प्रभावित होता है. मध्य, उत्तर और दक्षिण पियारपुर, पश्चिमी उधवा दियारा, जोंका समेत अन्य पंचायतों में आंशिक रूप से लोग प्रभावित होते हैं.

हर साल दर्जनों एकड़ भूमि समा जाती हैं गंगा में

बाढ़ के दौरान कटाव से प्रतिवर्ष दर्जनों एकड़ कृषि योग्य जमीन और घर गंगा नदी में समा जाते हैं. शनिवार तक गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने के बावजूद गांवों और मोहल्लों तक पानी नहीं पहुंचा है, लेकिन पश्चिम प्राणपुर पंचायत के जलबालु क्षेत्र में गंगा का पानी उफनाने की स्थिति में है. दो-तीन दिनों में गंगा का पानी इस इलाके में घुस सकता है.

इसे भी पढ़ें : झारखंड में बारिश से सरायकेला-खरसावां की 5 नदियां उफान पर, संजय नदी का पुल डूबा, देखें PHOTOS

बाढ़ से निबटने के लिए प्रशासन तैयार : बीडीओ

प्रखंड विकास पदाधिकारी सह अंचल अधिकारी जयंत कुमार तिवारी ने कहा है कि नदी के किनारे स्थित पश्चिम प्राणपुर और पूर्वी प्राणपुर पंचायतों में अभी अधिक खतरा बना हुआ है. वरीय अधिकारियों के निर्देशानुसार अंचल प्रशासन बाढ़ से निबटने के लिए पूरी तरह तैयार है. बाढ़ राहत और बचाव कार्यों के लिए अंचल अधिकारी की अध्यक्षता में एक आपातकालीन बैठक हुई, जिसमें स्थानीय जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए. बाढ़ की स्थिति में लोगों तक राहत सामग्री कैसे पहुंचे, इस पर विमर्श हुआ.

इसे भी पढ़ें

JJMP के 3 हार्डकोर उग्रवादियों को गुमला पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया

खरसावां के दलाईकेला गांव में मची चीख-पुकार, नहाने गये 4 युवक नाले में डूबे

Weather Forecast: झारखंड से गुजर रहा मानसून ट्रफ, 31 जुलाई तक होगी भारी बारिश, येलो अलर्ट जारी

हेमंत सोरेन सरकार पर अमर बाउरी का बड़ा हमला- मदर टेरेसा क्लिनिक के नाम पर धर्मांतरण बढ़ाने की तैयारी

विज्ञापन
Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola