कौन हैं राज उरांव? 36 साल की उम्र में बने झारखंड आदिवासी कांग्रेस के वर्किंग चेयरमैन

Updated:
विज्ञापन

राज उरांव बने झारखंड आदिवासी कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष.

WhatsApp चैनल से जुड़ेंगूगल पर प्रभात खबर चुनें

Adivasi Congress: झारखंड के युवा कांग्रेस नेता राज उरांव को झारखंड आदिवासी कांग्रेस में बड़ी जिम्मेदारी मिली है. महज 36 साल की उम्र में पार्टी ने उन्हें झारखंड आदिवासी कांग्रेस का वर्किंग चेयरमैन नियुक्त किया है. कौन हैं राज उरांव? उनके पिता और दादा क्या करते थे? राज उरांव की आगे की क्या है योजना? यहां पढ़ें.

विज्ञापन

Adivasi Congress: ऑल इंडिया आदिवासी कांग्रेस के चेयरमैन डॉ विक्रांत भूरिया ने राज उरांव को झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी (जेपीसीसी) के आदिवासी कांग्रेस का कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है. वह झारखंड प्रदेश आदिवासी कांग्रेस के अध्यक्ष के साथ सहयोग करेंगे और उनको ही रिपोर्ट करेंगे. डॉ विक्रांत भूरिया की ओर से इसकी सूचना प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश को बी दी गय है. उनसे कहा गया है कि वे राज उरांव का सहयोग करें.

विज्ञापन

आदिवासी कांग्रेस के सबसे कम उम्र के वर्किंग चेयरमैन

राज उरांव (36) आदिवासी कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष बनने वाले सबसे कम उम्र के नेता हैं. उन्होंने बीटेक और इतिहास की डिग्री ली है. शुरू से कांग्रेस में सक्रिय रहे. छात्र संगठन एनएसयूआई, युवा कांग्रेस में भी सक्रिय रहे. उन्होंने छात्र नेता के रूप में विद्यार्थियों के मुद्दे को जोर-शोर से उठाया.

कांग्रेस की विचारधारा को जनता के बीच ले जायेंगे – राज उरांव

राज उरांव ने प्रभात खबर (prabhatkhabar.com) से बातचीत में कहा कि कांग्रेस पार्टी, सोनिया गांधी, राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, केसी वेणुगोपाल, के राजू, डॉ विक्रांत भूरिया और केशव महतो कमलेश सरीखे नेताओं ने उन पर जो विश्वास जताया है, उस पर खरा उतरने की कोशिश करेंगे. वह कांग्रेस की विचारधारा को मजबूत करने में अपनी भूमिका निभायेंगे.

झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

Adivasi Congress: अमर उरांव के सुपुत्र और फागु उरांव के पोते हैं राज उरांव

राज उरांव झारखंड प्रदेश कांग्रेस की रांची जिला इकाई के अध्यक्ष रहे अमर उरांव के सुपुत्र हैं. अमर उरांव के निधन के बाद से राज उरांव सामाजिक गतिविधियों में लगातार सक्रिय हैं. राज उरांव अपने परिवार की तीसरी पीढ़ी के व्यक्ति हैं, जो कांग्रेस पार्टी में सक्रिय हैं. उनके पिता अमर उरांव रांची के जिलाध्यक्ष रहे हैं. उनके दादा फागु उरांव भी कांग्रेस के बड़े नेता हुआ करते थे.

फागु उरांव के घर से 1962 में निकली थी पहली सरहुल शोभायात्रा

झारखंड में पहली सरहुल शोभायात्रा वर्ष 1962 में फागु उरांव के घर से ही निकली थी. फागु उरांव करमटोली में होटल चलाते थे. उस वक्त रांची ग्रामीण इलाका था और करमटोली सबसे बड़ा बाजार हुआ करता था. कार्तिक उरांव जब विदेश से लौटे, तो फागु उरांव ने उन्हें बैलगाड़ी में बैठाकर ले गये थे.

इसे भी पढ़ें

SIR को लेकर झारखंड कांग्रेस ने बनाया मास्टर प्लान, बूथ पर तैनात होंगे 29 हजार एजेंट

झारखंड कांग्रेस की महिला इकाई में बड़ा बदलाव, रमा खलखो बनीं नयी अध्यक्ष, गुंजन सिंह की छुट्टी

झारखंड कांग्रेस ने 25 जिलाध्यक्षों की घोषणा की, कुमार राजा को रांची महानगर और सोमनाथ मुंडा को ग्रामीण की जिम्मेदारी

कांग्रेस की बैठक में संगठन सृजन, संवैधानिक मूल्यों और स्थानीय समस्याओं पर चर्चा

आपके शहर में

विज्ञापन

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola