14.1 C
Ranchi

लेटेस्ट वीडियो

सरकारी चिकत्सिक नौ से तीन बजे तक न करें प्राइवेट प्रैक्टिस

सरकारी चिकित्सक नौ से तीन बजे तक न करें प्राइवेट प्रैक्टिस विभाग तैयार कर रहा नया दिशा-निर्देशबड़े निजी अस्पताल में भी प्रैक्टिस की मनाहीवरीय संवाददाता, रांचीस्वास्थ्य विभाग अपने चिकित्सकों के लिए नया दिशा-निर्देश तैयार कर रहा है. इसमें रिम्स को छोड़ शेष सरकारी अस्पतालों तथा स्वास्थ्य केंद्रों में कार्यरत चिकित्सकों से कहा जायेगा कि वे […]

सरकारी चिकित्सक नौ से तीन बजे तक न करें प्राइवेट प्रैक्टिस विभाग तैयार कर रहा नया दिशा-निर्देशबड़े निजी अस्पताल में भी प्रैक्टिस की मनाहीवरीय संवाददाता, रांचीस्वास्थ्य विभाग अपने चिकित्सकों के लिए नया दिशा-निर्देश तैयार कर रहा है. इसमें रिम्स को छोड़ शेष सरकारी अस्पतालों तथा स्वास्थ्य केंद्रों में कार्यरत चिकित्सकों से कहा जायेगा कि वे सुबह नौ से दिन के तीन बजे तक अोपीडी आवर में प्राइवेट प्रैक्टिस नहीं करें. इससे पहले तथा बाद में उन्हें प्रैक्टिस की आजादी होगी. विभाग ने यह निर्णय भी लिया है कि चिकित्सकों को सरकारी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र के पांच सौ मीटर की परिधि (रेडियस) में प्रैक्टिस की मनाही होगी. उनसे यह भी कहा जायेगा कि वह किसी बड़े निजी अस्पताल में भी प्राइवेट प्रैक्टिस नहीं कर सकते. इन दिशा-निर्देशों का पालन नहीं करनेवाले चिकित्सकों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जायेगी. इससे संबंधित चिट्ठी तैयार हो रही है, जल्द ही इसे सभी जिलों के सिविल सर्जनों को भेजा जायेगा. गौरतलब है कि राज्य के सरकारी चिकित्सकों को नन प्रैक्टिसिंग एलावेंस (एनपीए) नहीं दिया जाता है. सिर्फ रिम्स के चिकित्सकों को एनपीए का भुगतान किया जाता है. इधर, सरकारी चिकित्सकों के ड्यूटी आवर में प्राइवेट प्रैक्टिस करने की शिकायतें मिलती रही है. पहले रांची, फिर अन्य जिलों की रिपोर्ट में इस बात का खुलासा हो चुका है कि चिकित्सक एक महीने में तीन से पांच दिन अोपीडी करते हैं. इसके बाद विभागीय सचिव ने चिकित्सकों को सुधरने को कहा था. एक महिला चिकित्सक से उन्होंने कहा था कि घर जाकर सोचें कि सरकार जो आपको वेतन दे रही है, उसके बदले आप क्या कर रहे हैं.वर्जन : विभाग ने यह नीतिगत निर्णय लिया है कि चिकित्सकों को नीयत समय (नौ से तीन) में प्रैक्टिस न करने सहित अन्य दिशा निर्देश दिये जायें. इससे संबंधित चिट्ठी अभी तैयार हो रही है. जल्द ही इसे जिलों को भेजा जायेगा. रमेश कुमार दुबे, संयुक्त सचिव (स्वास्थ्य विभाग)

Prabhat Khabar Digital Desk
Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

संबंधित ख़बरें

Trending News

जरूर पढ़ें

वायरल खबरें

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel