1. home Hindi News
  2. state
  3. jharkhand
  4. jamtara
  5. family members accompanying patient for treatment beat up with doctor photo captured in cctv camera srn

इलाज के लिए मरीज के साथ आए परिजनों ने की चिकित्सक के साथ मारपीट, सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई तस्वीर

By Prabhat khabar Digital
Updated Date
जामताड़ा में परिजनों ने की चिकित्सक के साथ मारपीट, सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई तस्वीर
जामताड़ा में परिजनों ने की चिकित्सक के साथ मारपीट, सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई तस्वीर
twitter

जामताड़ा : सदर अस्पताल जामताड़ा में ऑन ड्यूटी चिकित्सक के साथ मारपीट की घटना के बाद डॉक्टरों में आक्रोश बढ़ गया है. घटना बुधवार सुबह 6:00 बजे की है. डॉ दिनेश चंद्र मुंशी इमरजेंसी ड्यूटी में मौजूद थे. इसी क्रम में काशीटांड़ निवासी गीता कुमारी 26 वर्ष को लेकर उनके परिजन इमरजेंसी में इलाज करवाने पहुंचे थे.

उनके साथ पति आलोक मंडल एवं अन्य परिजन मौजूद थे. परिजनों ने इमरजेंसी में डॉक्टर को आवाज दी. डॉक्टर ने मरीज को बैठने को कहा और उनके साथ आए परिजनों से मास्क लगाने की बात कही. परिजन बिना मास्क के पहुंचे हुए थे. इस पर परिजन आक्रोशित हो गए और डॉक्टर से उलझ गए.

पहले तो दोनों के बीच इस बात को लेकर नोकझोंक हुई उसके बाद मरीज के साथ आए एक परिजन मनीष मंडल ने डॉक्टर पर हाथ चला दिया और उनकी पिटाई कर दी. घटना के बाद सदर अस्पताल के चिकित्सकों में काफी आक्रोश देखा जा रहा है बता दें कि जामताड़ा सदर अस्पताल में चिकित्सक की पिटाई का यह चौथा मामला है.

सुरक्षा के नाम पर सदर अस्पताल में मात्र एक होमगार्ड की तैनाती नाईट शिफ्ट में की गई थी. बता दें कि सदर अस्पताल में यह चौथी घटना है जब चिकित्सकों के साथ मारपीट की घटना घटी है.

घटना के बाद पीड़ित डॉक्टर वरीय पदाधिकारी को दी जानकारी, थाना को दिया आवेदन

घटना के बाद चिकित्सक डॉ डीसी मुंशी ने तत्काल इस बात की जानकारी उपाधीक्षक, सिविल सर्जन एवं अन्य को दी. वहीं मरीज को भर्ती कर उन्होंने ट्रीटमेंट शुरू कर दिया. परिजनों के अनुसार के अनुसार महिला जहरीले पदार्थ का सेवन कर ली थी और स्थिति खराब होने के बाद उसके परिजन इलाज के लिए उसे सदर अस्पताल लेकर पहुंचे थे.

डॉ डीसी मुंशी ने घटना के बावत वरीय पदाधिकारियों को अवगत कराने के साथ एक लिखित आवेदन जामताड़ा थाना के नाम देकर कार्रवाई की मांग की है.

घटना के विरोध में झासा के पदाधिकारियों ने की बैठक

वहीं घटना को लेकर दोपहर 2:30 बजे डीएस कार्यालय में झासा के पदाधिकारियों की बैठक हुई. जिसमें मारपीट की हुई घटना की निंदा की गई. साथ हीं डॉक्टरों व कर्मियों की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन से मांग किया गया. चिकित्सकों का कहना था कि इस तरह के माहौल में काम करना मुश्किल हो रहा है.

आए दिन चिकित्सकों के साथ मरीजों के परिजनों द्वारा मारपीट की जाती है. लगातार एक के बाद एक घटना हो रही है और प्रशासन की ओर से इस पर कार्रवाई नहीं किया जाना चिंताजनक है. साथ हीं डॉक्टर ने सुरक्षा की मांग करते हुए सदर अस्पताल परिसर में पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराने की मांग रखी है. इसके अलावा अस्पताल प्रबंधन की ओर से भी सुरक्षा के बाबत इंतजाम किए जाने का प्रस्ताव शामिल किया गया.

सुरक्षा को लेकर अस्पताल स्तर से भी व्यवस्था का हुआ निर्णय

अस्पतालों स्तर पर सुरक्षा के बावत सदर अस्पताल में अलार्म लगवाने की बात कही गई जिस पर सर्वसम्मति से सहमति बना. वहीं तीनों शिफ्ट में पर्याप्त सुरक्षा बल सदर अस्पताल में उपलब्ध कराने की मांग प्रशासन से की गई. इसके अलावा चिकित्सकों ने डीएस से निजी सुरक्षा एजेंसी से संपर्क कर आर्म्स गार्ड की व्यवस्था करने का प्रस्ताव रखा. जिस पर सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया.

सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई मारपीट की घटना

बता दें कि बुधवार की सुबह 6:00 बजे चिकित्सक के साथ मारपीट की घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है. घटना के बाद अस्पताल के कर्मियों ने सीसीटीवी फुटेज खंगाला. जिसमें मारपीट करते हुए दिखाई दिया है. अस्पताल प्रबंधन की ओर से सीसीटीवी फुटेज पुलिस को मुहैया कराने की बात कही गई है.

मरीज के पति ने मानी गलती कहा हमने डॉक्टर से माफी भी मांगी थी

वही मरीज के पति आलोक मंडल ने भी इस घटना को स्वीकारा और गलती मानते हुए कहा कि मरीज की स्थिति को देखते हुए सभी लोग परेशान हो गए थे. 4:00 बजे सुबह घर से मरीज को लेकर निकले थे उस समय मास्क का ध्यान नहीं रहा. हमने डॉक्टर से रिक्वेस्ट किया कि दुकान खुलती है तो हम लोग मास्क ले आएंगे. इसी बीच दोनों ओर से बहस होने लगी और साथ में आए एक व्यक्ति से झड़प हो गई. हमने डॉक्टर से माफी भी मांगी थी.

प्रशासन अगर सकारात्मक पहल नहीं करती है तो कड़े निर्णय लेने को बाध्य होंगे

झासा के पदाधिकारी डॉ पीके शर्मा ने घटना की निंदा करते हुए जिला प्रशासन से सदर अस्पताल में पर्याप्त सुरक्षा मुहैया कराने की मांग रखी है. उन्होंने कहा कि इस माहौल में डॉक्टरों के लिए काम करना मुश्किल हो रहा है. अगर जिला प्रशासन सुरक्षा नहीं देती है और हमारी मांगों को नहीं मानती है तो बाध्य होकर हमें कड़े निर्णय लेने होंगे. मौके पर सीएस डॉ आशा एक्का, डॉ सीके शाही, डॉ एसके मिश्रा, उपाधीक्षक डॉ चंद्रशेखर आजाद, डॉ सुबोध कुमार, डॉ निलेश कुमार, डॉ वीरेंद्र कुमार, डॉ कीर्ति झा सहित अन्य उपस्थित थे.

posted by : sameer oraon

Share Via :
Published Date
Comments (0)
metype

संबंधित खबरें

अन्य खबरें