एक बेड पर दो-दो मरीजों का चल रहा इलाज
Updated at : 30 May 2019 3:09 AM (IST)
विज्ञापन

जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल में मरीजों की हो रही परेशानियों की सूचना मिलने पर मंत्री सरयू राय बुधवार को वहां पहुंचे और इमरजेंसी निरीक्षण किया. मरीजों ने मंत्री को बताया कि दवा तो दूर चादर तक नहीं दी गयी है. एक बेड पर दो-दो मरीजों को रखा गया है. स्ट्रेचर व कुर्सी ही नहीं जमीन […]
विज्ञापन
जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल में मरीजों की हो रही परेशानियों की सूचना मिलने पर मंत्री सरयू राय बुधवार को वहां पहुंचे और इमरजेंसी निरीक्षण किया. मरीजों ने मंत्री को बताया कि दवा तो दूर चादर तक नहीं दी गयी है. एक बेड पर दो-दो मरीजों को रखा गया है. स्ट्रेचर व कुर्सी ही नहीं जमीन इलाज चल रहा.
अस्पताल उपाधीक्षक डॉ नकुल चौधरी ने मंत्री को बताया कि 10 बेड की इमरजेंसी में 38 बेड लगे है. मरीजों की संख्या बढ़ने से यह स्थिति बनी है. इमरजेंसी से आ रही गंदगी व दुर्गंध को दूर करने के लिए मंत्री के निर्देश पर तत्काल सफाई की गयी. इस मौके पर सरयू राय ने कहा कि अस्पताल में बहुत सी समस्याएं है जिन्हें धीरे-धीरे ठीक किया जा सकता है. इमरजेंसी में डॉक्टर के बैठने की कुर्सी तक टूटी मिली. सरयू राय ने कहा कि अस्पताल की लगातार मोनिटिरंग कर कमियों को दूर किया जायेगा.
मंत्री सरयू राय ने अस्पताल अधीक्षक डॉ अरुण कुमार, उपाधीक्षक डॉ नकुल चौधरी, पूर्व अधीक्षक डॉ आरवाई चौधरी के साथ बैठक कर आउटसाेर्स कर्मचारियों की बहाली के बारे में जानकारी ली.
अधीक्षक के पारा मेडिकल काउंसिल से निबंधन नहीं होने वाले कर्मचारी को हटाने की बात कही. इस पर मंत्री ने कहा कि हटाना उपयुक्त नहीं है उन्हें कुछ समय दिया जाये ताकि वे लोग अपना निबंधन करा सके. अधीक्षक ने मंत्री जी को बताया कि एमसीआइ के गाइडलाइन के अनुसार कई ऐसे पद पर कर्मचारी रखने को कहा गया जिनकी यहां जरूरत नहीं है.
वैसे पद की लिस्ट बनाकर वह सरकार को भेज रहे है ताकि उनकी जगह दूसरे कर्मचारी रखे जा सके. अस्पताल की सुरक्षा पर समेत पानी-बिजली की समस्या पर भी मंत्री ने अधीक्षक से जानकारी ली. बिजली गुल होने का मुख्य कारण है कि केबुल जमीन के तीन फीट अंदर होने चाहिए, जबकि सिर्फ आधे फीट अंदर ही लगा हुआ है. इससे निर्माण कार्य चल रहा है और वह केबुल बार-बार ब्लास्ट होने से बिजली गुल हो जा रही है. वहीं पानी के लिए वर्कऑडर जारी हो चुका है. इसके साथ ही अस्पताल में डॉक्टरों की कमी पर भी चर्चा की.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Tags
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




