निरीक्षण में मिलीं कमियां, एचएम व शिक्षकों से स्पष्टीकरण

Updated at : 08 Apr 2024 9:24 PM (IST)
विज्ञापन
निरीक्षण में मिलीं कमियां, एचएम व शिक्षकों से स्पष्टीकरण

तीन सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम ने राजकीयकृत उत्क्रमित उवि कुरकुरा कामडारा का किया निरीक्षण

विज्ञापन

तीन सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम ने राजकीयकृत उत्क्रमित उवि कुरकुरा कामडारा का किया निरीक्षण गुमला. झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद रांची की तीन सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम रामगढ़ की अनुमंडल शिक्षा पदाधिकारी खुशबू, प्रीति मिश्रा व विमल कुमार ने सोमवार को राजकीयकृत उत्क्रमित उवि कुरकुरा कामडारा का निरीक्षण किया. निरीक्षण में टीम ने विद्यालय में कई कमियां पायी. टीम ने बताया कि विद्यालय में असेंबली के समय कॉर्डिनेशन नहीं पाया गया. कक्षा संचालन की समय-सारिणी व मानक स्तर का नोटिस बोर्ड नहीं था. दीवार पर गलत सूचना अंकित थी. विद्यालय का लैब बंद था और अस्त-व्यस्त पाया गया. पुरानी किताबें बेतरतीब ढंग से रखी हुई थी. विद्यालय में कक्षा नौ से 12 तक संचालित छात्र कोष व विकास कोष के लिए खाता भी नहीं खोला गया है. कक्षा रूम में बच्चों की संख्या कम पायी गयी. विद्यालय का शौचालय भी जर्जर अवस्था में है. विद्यालय की सीढ़ी में रेलिंग नहीं है, जो बच्चों के लिए खतरनाक है. मध्याह्न भोजन में सोमवार व शुक्रवार को बच्चों को फल उपलब्ध नहीं कराया जाता है. विद्यालय में बच्चों के खेलने के लिए खेल सामग्री है, परंतु सारा सामान कमरे में बंद पड़ा हुआ है. विद्यालय में बच्चों के लिए हाउस का गठन हुआ है, परंतु कोई कार्य नहीं है. जिम्मेवारी रजिस्टर भी नहीं बना है. विद्यालय का साइंस लैब का शिक्षकों द्वारा प्रयोग नहीं किया जाता है. बच्चों द्वारा मध्याह्न भोजन खाने के लिए उपलब्ध कमरा भी दयनीय स्थिति में है, जिस पर टीम ने असंतोष प्रकट किया. उपरोक्त सभी बिंदुओं पर विद्यालय के प्रधानाध्यापक व सभी शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगते हुए तीन दिनों के अंदर स्पष्टीकरण अधोहस्ताक्षरी कार्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है. इधर, टीम ने बताया कि इससे पूर्व गुमला में भी उत्कृष्ट विद्यालयों का निरीक्षण किया गया था, जिसमें भी कई खामियां व कमियां पायी गयी थी. टीम ने बताया कि विद्यालयों में माई स्कूल माई प्राइड के तहत विकसित करने के उद्देश्य से इन विद्यालयों के वातावरण, शिक्षकों के आचरण व बच्चों के लिए रूचिकर विद्यालय बनाने तथा क्रिटिकल गैप का आकलन स्थलीय निरीक्षण के आधार पर करने के उद्देश्य से विद्यालयों का निरीक्षण किया जा रहा है, जिसमें कई कमियां पायी जा रही हैं. उक्त कमियों को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है. निरीक्षण में विद्यालयों में कमियों के साथ यह भी पाया गया है कि कुल 23 शिक्षकों द्वारा ई विद्यावाहिनी पोर्टल पर नियमित रूप से बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज नहीं की जा रही है. उक्त 23 शिक्षकों से भी स्पष्टीकरण मांगा गया है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola