आदिवासी सफाहोड़ ने की पूजा अर्चना

आदिवासी समुदाय को हिंसा, मांसाहारी एवं नशा मुक्त समाज बनाना ही उद्देश्य
भादो पूर्णिमा के अवसर पर आदिवासी समुदाय के महिला एवं पुरुष ने प्रखंड के सुंदर नदी में स्नान कर शिव मंदिर प्रांगण में पूजा अर्चना किया. शिव मंदिर में त्रिशूल, झंडा, मोर के पंख, कासा के थाली में मिष्ठान फल अक्षत तुलसी पत्ता फूल बेलपत्र के साथ पूजा अर्चना की. इस दौरान भजन-कीर्तन का दौर जारी रहा. सफा होड़ समुदाय के पुजारी सोनालाल मुर्मू ने बताया कि आदिवासी समुदाय को हिंसा, मांसाहारी एवं नशा मुक्त समाज बनाना चाहते हैं, ताकि नयी पीढ़ी में अच्छे संस्कार एवं अच्छे विचार हो सके. बताया कि हम सभी मिलकर शंकर पार्वती, बजरंगबली, विषहरी माता समेत अन्य देवी देवताओं का पूजा अर्चना कर घूम घूमकर सभी गांवों में सनातन धर्म का प्रचार करते हैं, ताकि गांव में सभी लोग धर्म की ओर अग्रसर हो एवं धर्म का पालन कर सकें. बता दें कि पथरगामा प्रखंड के कस्तूरिया, बरमसिया, बिसाहा, पथरकानी, भगवानचक, ढीबाबांध, तरडीहा मटिहानी सरैया आदि के आदिवासी परिवार पूजन के लिए सुंदर नदी पहुंचे थे.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










