Giridih News :बक्शीडीह में सड़क, नाली और स्ट्रीट लाइट की कमी, नशेड़ियों के अड्डों से दहशत का माहौल

Edited by PRADEEP KUMAR
Updated:
विज्ञापन

Giridih News :प्रभात खबर आपके द्वारा कार्यक्रम की टीम बुधवार को गिरिडीह नगर निगम क्षेत्र के वार्ड नंबर 20, बक्शीडीह पहुंची. कार्यक्रम में काफी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए और क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं को खुलकर रखा. लोगों ने सबसे पहले इलाके में बुनियादी सुविधाओं के अभाव की बात कही.

विज्ञापन

प्रभात खबर आपके द्वारा कार्यक्रम में खुलकर बोले वार्ड 20 के लोग

प्रभात खबर आपके द्वारा कार्यक्रम की टीम बुधवार को गिरिडीह नगर निगम क्षेत्र के वार्ड नंबर 20, बक्शीडीह पहुंची. कार्यक्रम में काफी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए और क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं को खुलकर रखा. लोगों ने सबसे पहले इलाके में बुनियादी सुविधाओं के अभाव की बात कही. लोगों ने बताया कि वार्ड 20 के कई मोहल्लों में अब तक सड़क तक नहीं बनी है. बरसात के दिनों में कीचड़ और गड्ढों से होकर गुजरना आम बात हो गयी है. नाली की व्यवस्था नहीं होने के कारण गंदा पानी सड़कों पर बहता है जिससे संक्रमण फैलने का खतरा बना रहता है. इसके अलावा स्ट्रीट लाइट के अभाव में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है. स्थानीय लोगों ने बताया कि इलाके में स्ट्रीट लाइट नहीं होने के कारण शाम होते ही घना अंधेरा छा जाता है. इसी अंधेरे का फायदा उठाकर कुछ असामाजिक तत्व इलाके के कुछ कोनों को अड्डा बना लेते हैं, वहां बैठकर गांजा, शराब समेत अन्य नशीले पदार्थों का सेवन करते हैंऔर आये दिन नशे में धुत होकर उत्पात मचाते हैं. इससे आम लोगों में भय का माहौल है, खासकर महिलाएं और बच्चे शाम को घर से निकलने में डरते हैं. लोगों ने कहा कि कई बार शिकायतें करने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है. कार्यक्रम के माध्यम से लोगों ने जिला प्रशासन, नगर निगम और जनप्रतिनिधियों से मांग किया कि वार्ड 20 की अनदेखी बंद हो और जल्द से जल्द सड़क, नाली व स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था सुनिश्चित की जाये. साथ ही नशेड़ियों के विरुद्ध नियमित अभियान चलाकर इलाके को सुरक्षित बनाया जाये.

बरसात में घुटनों तक पानी, नाले में तब्दील हो जाती है सड़क

लोगों ने बताया कि इस इलाके में आज भी कई सड़कें कच्ची और जर्जर हैं. बरसात के मौसम में यह सड़कें पूरी तरह कीचड़ में तब्दील हो जाती है और घुटनों तक पानी भर जाता है. गली-मोहल्लों की सड़कें इस कदर जलमग्न हो जाती हैं कि सड़क और नाले में फर्क कर पाना भी मुश्किल हो जाता है. इलाके की स्थिति यह है कि हल्की बारिश में भी पानी का बहाव तेज हो जाता है और गंदा पानी सड़कों पर जमा होकर नाला जैसी शक्ल ले लेता है. जहां-तहां गड्ढों में पानी भर जाने से दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है. कीचड़ और फिसलन के कारण बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को चलना भी मुश्किल हो जाता है. बरसात के समय दैनिक जीवन पूरी तरह प्रभावित हो जाता है. स्कूल जाने वाले बच्चों को परेशानी होती है, लोगों को बाजार तक पहुंचना मुश्किल होता है और आपात स्थिति में भी इलाके से बाहर निकलना चुनौती बन जाता है. इस समस्या को लेकर कई बार नगर निगम और जिला प्रशासन को आवेदन दिए जा चुके हैं, लेकिन आज तक ठोस कदम नहीं उठाया गया है. सिर्फ आश्वासन मिलता है, जबकि जमीनी हकीकत वही बनी हुई है. वर्षों से सड़क निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक उस पर कोई सुनवाई नहीं हुई है. बरसात में हालत इतनी बिगड़ जाती है कि लोग घरों में कैद होकर रह जाते हैं.

शाम होते ही अंधेरे में डूब जाता है इलाका

सुविधाओं की भारी कमी केवल सड़कों और नालियों तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरा इलाका आज भी स्ट्रीट लाइट जैसी जरूरी सुविधा से वंचित है. इस वार्ड के मोहल्लों में एक भी स्ट्रीट लाइट नहीं लगायी गयी है, जिसके कारण शाम होते ही पूरा इलाका अंधेरे में डूब जाता है. जैसे ही सूरज ढलता है, इलाके में सन्नाटा पसर जाता है. चारों तरफ घना अंधेरा और खस्ताहाल सड़कों के कारण लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है. सड़कें कच्ची और कीचड़ से भरी होती हैं, ऐसे में बिना रोशनी के चलते समय चोट लगने या गिरने की घटनाएं आम हैं. अंधेरा होने के बाद लोग जरूरी कामों के लिए भी बाहर जाने से कतराते हैं. अंधेरे का यह माहौल अब लोगों के लिए केवल असुविधा नहीं, बल्कि भय और असुरक्षा का कारण बन गया है. लोगों ने बताया कि हाल के दिनों में गिरिडीह शहर में चोरी की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं, जिससे इलाके के लोग दहशत में हैं. चोर अंधेरे का फायदा उठाकर कहीं भी छिप सकते हैं और किसी भी घर को निशाना बना सकते हैं. लोगों में यह डर बना रहता है कि कहीं उनके घर में भी सेंध न लग जाए. सिर्फ चोर ही नहीं, बल्कि नशेड़ियों ने भी इस अंधेरे को अपने लिए मुफीद माहौल बना लिया है. जैसे ही रात गहराती है, इलाका नशेड़ियों का अड्डा बन जाता है. गांजा, शराब और अन्य नशीले पदार्थों का खुलेआम सेवन किया जाता है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
PRADEEP KUMAR

लेखक के बारे में

By PRADEEP KUMAR

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola