मनईटांड़ छठ तालाब में पानी कम, गाद ज्यादा
Author Prabhat khabar digital desk
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धनबाद : शहर के प्रमुख छठ तालाबों में एक है मनईटांड़ छठ तालाब. यहां दूर दराज से बड़ी संख्या में लोग छठ करने आते हैं. इस क्षेत्र का यह सबसे पुराना तालाब है. पानी की कमी व तालाब में गाद के करण व्रतियों की संख्या धीरे-धीरे घटने लगी है. विधायक मद से वर्ष 2016 में […]
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धनबाद : शहर के प्रमुख छठ तालाबों में एक है मनईटांड़ छठ तालाब. यहां दूर दराज से बड़ी संख्या में लोग छठ करने आते हैं. इस क्षेत्र का यह सबसे पुराना तालाब है. पानी की कमी व तालाब में गाद के करण व्रतियों की संख्या धीरे-धीरे घटने लगी है. विधायक मद से वर्ष 2016 में छठ घाट का जीर्णोद्धार किया गया लेकिन तालाब से पूरी गाद नहीं निकाली गयी.
लिहाजा तालाब की स्थिति और भी खराब हो गयी है.तालाब के पूरब व उत्तर तरफ एक-दो जगहों पर नाला है. बरसात में नाला का मुंह तालाब की ओर खोल दिया जाता है. छठ को लेकर नगर निगम की ओर से तालाब की सफाई तो हो रही है, लेकिन मात्र खानापूर्ति. तालाब के चारों ओर कचरा का अंबार लगा है. इस बार तालाब में पानी काफी कम है. तालाब के अंदर घुसते ही गाद मिलती है. अगर यही स्थिति रही तो व्रतियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ेगा.
टैंकर से पानी भरते हैं तालाब में
तालाब में पानी कम रहने पर टैंकर से पानी भरा जाता रहा है. कुछ स्थानीय लोग यहां टैंकर से तालाब में पानी भरते हैं. लेकिन कुछ वर्षों से तालाब में पानी नहीं डाला जा रहा है. वर्ष 2016 में तालाब का जीर्णोद्धार किया गया. उस समय टैंकर से पानी भरा गया. स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर पानी कम रहा तो पूजा कमेटी की ओर से टैंकर से पानी भरा जायेगा.\=
छठ के पहले तालाब हो जायेगा चकाचक
तालाब में पानी कम हुआ तो टैंकर से डाला जायेगा. स्थानीय लोग इसमें सहयोग करते हैं. विधायक फंड से तालाब का जीर्णोद्धार किया गया, लेकिन तालाब से पत्थर नहीं निकाला गया. तालाब से पूरी गाद व पत्थर निकाला जाता तो तालाब की स्थिति और अच्छी होती. नगर निगम की ओर से तालाब से कचरा निकाला जा रहा है. छठ के पहले तालाब चकाचक हो जायेगा.
निर्मला देवी, पार्षद
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