सम्मेलन: वनवासी कल्याण केंद्र का राष्ट्र शक्ति सम्मेलन, केपी सिंह ने कहा धर्मांतरण कराना देश के लिए घातक

Updated at : 06 Nov 2017 1:26 PM (IST)
विज्ञापन
सम्मेलन: वनवासी कल्याण केंद्र  का राष्ट्र शक्ति सम्मेलन, केपी सिंह ने कहा धर्मांतरण कराना देश के लिए घातक

गढ़वा: वनवासी कल्याण केंद्र ने रविवार को एक दिवसीय राष्ट्र शक्ति सम्मेलन का आयोजन किया. सम्मेलन के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि गढ़वा जिला सहित पूरे झारखंड में इसाई मिशनरियों द्वारा अनुसूचित जनजाति के लोगों का धर्मांतरण कराकर हिंदूओं को तोड़ने की साजिश की जा रही है़ इसलिए सभी लोग संगठित होकर इसका […]

विज्ञापन

गढ़वा: वनवासी कल्याण केंद्र ने रविवार को एक दिवसीय राष्ट्र शक्ति सम्मेलन का आयोजन किया. सम्मेलन के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि गढ़वा जिला सहित पूरे झारखंड में इसाई मिशनरियों द्वारा अनुसूचित जनजाति के लोगों का धर्मांतरण कराकर हिंदूओं को तोड़ने की साजिश की जा रही है़ इसलिए सभी लोग संगठित होकर इसका जवाब दें और सरकार द्वारा बनाये गये धर्मांतरण कानून के तहत मामला दर्ज कराये़ं स्थानीय गोविंद उवि के मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम के केंद्रीय उपाध्यक्ष कृपा प्रसाद सिंह उपस्थित थे़.


उन्होंने सम्मेलन में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे अनुसूचित जनजाति के लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि वनवासियों का गौरवशाली इतिहास रहा है़ चाहे मुगलों के अत्याचारों विरुद्ध लड़ाई लड़ने का मामला हो या अंग्रेजों का, दोनों में आदिवासी समाज के लोगों ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया है़ लेकिन आज देश व धर्म को तोड़ने की साजिश के तहत धर्मांतरण कराया जा रहा है़ यह काफी घृणित कार्य है़ उन्होंने कहा कि भगवान कृष्ण ने कहा था कि जो तुम्हारे धर्म के ऊपर हाथ डाले, उसे जैसे चाहे मार सकते है़ं उन्होंने कहा कि सरना व सनातन धर्म एक है़ दोनों के देवी-देवता व पुरखे भी एक ही है़ं.

उन्होंने कहा कि हमें अपने जीवन के साथ-साथ कुछ समय व पैसे समाज के हित में भी खर्च करने चाहिए़ जब सभी संगठित होंगे, तो समाज मजबूत होगा और किसी की भी हिम्मत नहीं होगी कि वह इस ओर आंख उठाकर देख सके़. इस मौके पर केंद्रीय सरना समाज समिति के संरक्षक देवचरण उरांव ने कहा कि मिशनरियां एक योजनाबद्ध तरीके से साजिशकर सरना समाज को छिन्न-भिन्न करने का प्रयास कर रही है़ समाज के बीच के भी कुछ लोग उनके दलाल बनकर आदिवासियों का धर्मांतरण करा रहे है़ं.उन्होंने कहा कि समाज के लोग जाग चुके हैं, यदि अब ऐसा प्रयास किया गया, तो मिशनरी के लोगों को जेल जानी पड़ेगी़.

उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज को धर्मांतरण बिल का समर्थन करनी चाहिए और मिशनरियों के खिलाफ अपनी शक्ति दिखाने की जरूरत है़ कार्यक्रम में विशिष्ठ अतिथि के रूप में उपस्थित सामाजिक कार्यकर्ता सतीश मिश्र, जिप सदस्य उमा देवी, आरएसएस के गढ़वा जिला संघ चालक विद्यासागर के अलावे आयोजन समिति के संरक्षक विजय कुमार पांडेय, अध्यक्ष विनय कुमार चौबे, सह जिला संघ चालक दिनेश कुमार चौबे, विहिप के बृजबिहारी पांडेय, भाजपा के जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश केसरी, स्कंद, ब्रजेश उपाध्याय, चंदन जायसवाल, जिला प्रचारक सत्यप्रकाश, कृष्णमुरारी पांडेय, यशवंत कुमार मिश्रा, मोहन सिंह,ब्रम्हदेव पाल,कपिलदेव उरांव, ओम बाखला, उपेंद्र प्रसाद सिंह आदि ने भी विचार रखे़ संचालन मनोज पाठक एवं कामेश्वर साहू ने की़ इसके पूर्व कार्यक्रम का उदघाटन दीप प्रज्वलित कर किया गया़.
कई लोग हुए सम्मानित
राष्ट्र शक्ति सम्मेलन कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य कर रहे लोगों को सम्मानित किया गया़ जिन्हें सम्मानित किया गया, उनमें वनवासी कल्याण केंद्र के संस्थापक जवाहरलाल अग्रवाल, इंडियन पब्लिक स्कूल के निदेशक चंदन गौंड़, खेल के लिए प्रीतम गौड़, कुश्ती के लिए प्रियंका कुमारी, कैरम के लिए खुशबू कुमारी, कबड्डी के लिए रामअवध सिंह, सरिता कुमारी व रोहित कुमार शर्मा, कुश्ती के लिए शकुंतला यादव, अंतर्राष्ट्रीय एशियन गेम के लिए उपासना विश्वकर्मा, राष्ट्रीय के लिये प्रियंका कुमारी, एथलेटिक्स के लिये सौरभ कुमार पांडेय, हिमांशु पाठक, सौरभ कुमार व्यवसायी प्रह्लाद गौड़,सेवा के लिए उमेश चंद्रवंशी,सामाजिक कार्य के लिये सतीश गुप्ता, मैट्रिक में 75 प्रतिशत अंक के लिए रोहित कुमार गौड़, बागवानी के लिये ब्रजेश तिवारी, कला संस्कृति के लिये प्रदीप राम, गायत्री परिवार के विनोद कुमार पाठक, सामाजिक कार्य के लिए जग्गा उरांव,नीरज श्रीधर को सम्मानित किया गया़
आदिवासी व सनातन धर्म के लोगों की पूजा पद्यति व विधि-विधान सारे एक
केंद्रीय सरना समाज समिति के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भीखा उरांव ने कहा कि इसाई मिशनरी व उनके दलाल गांव-गांव जाकर भोले-भाले आदिवासियों के बीच यह प्रचार कर रहे हैं कि वे हिंदू नहीं है़ं लेकिन आदिवासी व सनातन धर्म के लोगों की पूजा-पद्यति व विधी-विधान सारे एक ही है़ं इसलिए हमें फूट डालनेवाले लोगों से भ्रमित होने की आवश्यकता नहीं है़ उन्होंने कहा कि यदि वे सभी कमजोर हुए, तो देश भी कमजोर हो जायेगा़
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola