East Singhbhum News : कुड़मी समाज को एसटी का दर्जा दे सरकार
Updated at : 30 Oct 2025 11:42 PM (IST)
विज्ञापन

गालूडीह स्थित मारवाड़ी धर्मशाला परिसर में गुरुवार को घाटशिला विधानसभा स्तरीय आदिवासी कुड़मी समाज की बैठक हुई.
विज्ञापन
गालूडीह.
गालूडीह स्थित मारवाड़ी धर्मशाला परिसर में गुरुवार को घाटशिला विधानसभा स्तरीय आदिवासी कुड़मी समाज की बैठक हुई. समाज के मुख्य संरक्षक अजीत प्रसाद महतो ने कहा कि आदिवासी कुड़मी समाज वर्षों से एसटी का दर्जा, सरना धर्म कोड लागू करने और कुड़माली भाषा को दर्जा देने की मांग पर आंदोलित है. पिछले दिनों रेल टेका आंदोलन किया गया. सरकार में बैठे लोग हमारी बातों को नहीं सुन रहे हैं. हमारी मांगें पूरी हो, अन्यथा समाज विधान सभा चुनाव में वोट बहिष्कार करेगा. बैठक में समाज के वरिष्ठ नेता अमित महतो, शशांक शेखर महतो, पदलोचन महतो, जयराम महतो समेत कई लोग उपस्थित थे. अजीत महतो ने कहा कि हम लोगों ने सरकार को पहले ही 15 दिनों का अल्टीमेटम दिया है, जिसकी अवधि 7 नवंबर को पूरी हो जायेगी. इस दौरान वार्ता नहीं हुई, तो घाटशिला उप चुनाव में वोट बहिष्कार करेंगे.कुड़मी समाज की अस्मिता, भाषा और संस्कृति के लिए है संघर्ष
अजीत महतो ने कहा कि यह संघर्ष किसी राजनीतिक दल के लिए नहीं, बल्कि कुड़मी समाज की अस्मिता, भाषा और संस्कृति के बचाव के लिए है. समाज घर-घर जाकर जन जागरण करेगा. लिफलेट, दीवारों पर नारे और सार्वजनिक सभाओं के माध्यम से नो एसटी- नो वोट संदेश फैलाया जायेगा. बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि पंचायत के मुखिया और सभी समुदायिक नेताओं को जोड़कर एक समन्वित अभियान चलाया जायेगा. जो लोग झारखंड के लिए संघर्ष कर शहादत दे चुके हैं, उनकी कुर्बानियों के बावजूद आज तक जातीय पहचान नहीं मिली. यह लड़ाई अस्तित्व की लड़ाई बन चुकी है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




