पटमदा.
पूर्वी सिंहभूम जिले के बोड़ाम थानांतर्गत बेलडीह पंचायत के जोबा फुटबॉल मैदान में अवैध रूप से चल रहे काड़ा (भैंसा) लड़ाई में भैंसा के हमले में ग्रामीण की मौत हो गयी. वहीं, बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया. इस मामले में मृतक का बड़ा पुत्र मेथर कर्मकार ने पुलिस को बताया कि मैदान में दो भैंसा के बीच घमासान लड़ाई चल रही थी. इस बीच कमजोर पड़ता एक भैंसा मैदान छोड़ भागने लगा. इस बीच सुभाष कर्मकार को भैंसा ने उठाकर पटक दिया. वहीं, सागर कर्मकार पर हमला कर दिया. गंभीर रूप से घायल बाप-बेटे को एमजीएम अस्पताल पहुंचाया गया. यहां चिकित्सकों ने सुभाष कर्मकार को मृत घोषित कर दिया.हादसे के बाद भी जारी थी काड़ा लड़ाई, पुलिस ने खदे
ड़ा बताया जाता है कि मेला में चार जोड़ा भैंसों की लड़ाई खत्म हो गयी थी. पांचवें मुकाबले के दौरान हादसा हो गया. हमले के बाद मैदान में अफरा-तफरी मच गयी. इसके बावजूद कुछ समय तक मेला जारी रहा. दो और भैंसों की लड़ाई करायी गयी. बोड़ाम पुलिस ने करीब ढाई बजे पहुंचकर कमेटी के लोगों को खदेड़ कर मेला को तत्काल बंद कराया.मेले की सूचना नहीं थीं, शिकायत पर होगी कार्रवाई
थाना प्रभारीथाना प्रभारी मनोरंजन कुमार ने बताया कि मेला के संबंध में जानकारी नहीं दी गयी थी. ग्रामीण कमेटी ने चोरी-छिपे मेला का आयोजन किया था. कमेटी के बारे में पता लगाया जा रहा है. शव का पोस्टमार्टम मंगलवार को होगा. परिवार की शिकायत के बाद कार्रवाई होगी.भैंसा लड़ाई में एक लाख रुपये तक लगती है बाजी
झारखंड व बंगाल सीमा से सेट अधिकतर गांवों में भैंसा लड़ाई का प्रचलन है. पटमदा, कमलपुर , बोड़ाम व एमजीएम थाना क्षेत्र व पश्चिम बंगाल के गांवों में भैंसा लड़ाई का आयोजन चोरी-छिपे होता रहा है. इसमें एक लाख रुपये की बाजी लगती है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

