चक्रधरपुर. गर्मी ने दस्तक दे दी है. शहरवासियों को पेयजल संकट की चिंता सताने लगी है. चक्रधरपुर में शहरी जलापूर्ति योजना आजतक पूरी नहीं हो पायी है. शहरवासी छह साल बाद भी राह देख रहे हैं. 25 करोड़ रुपये खर्च होने के बाद भी पानी कहां से लाकर सप्लाई की जायेगी इसपर आज भी असमंजस बना है. 15 करोड़ रुपये से अधिक की निकासी हो चुकी है. सोनुआ प्रखंड के पनसुवां डैम से पानी लाया जाना था, पर पनसुवा व आसपास के ग्रामीणों के विरोध के बाद 49 करोड़ की योजना पर ग्रहण लग गया है.
जुस्को से कराया जा रहा था काम :
नगर विकास विभाग द्वारा चक्रधरपुर शहरी क्षेत्र को जलापूर्ति के लिए योजना बनायी गयी है. इसे धरातल पर उतारने के लिए जुस्को कंपनी द्वारा वर्ष 2017 से काम किया जा रहा है. इसके लिए सिलफोड़ी पंचायत के पुसालोट में विभाग द्वारा 6 करोड़ से वाटर ट्रीटमेंट प्लांट बनकर तैयार है. इसके बाद भी योजना का निर्माण कार्य बंद पड़ा है. योजना चालू होने से चक्रधरपुर के एक लाख से अधिक लोगों को लाभ मिलता.25 करोड़ रुपये हो चुके खर्च
जुस्को द्वारा शहर के दो स्थानों पर जलमीनार और पाइप लाइन का काम कर दिया है. अब तक इस योजना में 25 करोड़ रुपये से अधिक खर्च हो चुके हैं. सोनुआ रोड स्थित पुसालोटा में वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है. शहर में जलापूर्ति के लिए चार में दो जलमीनार पूर्ण हो चुका है. पाइपलाइन का काम भी लगभग पूरा हो चुका है. इसके बावजूद योजना अधर में लटकी है.शहर में 50 किमी तक बिछ चुकी है पाइपलाइन
इस योजना को पूरा करने में विभाग कोई सकारात्मक पहल नहीं कर रही है. जनप्रतिनिधियों का भी कोई ध्यान नहीं है. इस कारण यह योजना छह साल से अधूरी पड़ी है. इस योजना को लेकर शहर के पास से गुजरने वाली संजय नदी से पानी मिलने की उम्मीद है. इस पर विभाग कितनी पहल करती है, इंतजार करने की जरूरत है. चक्रधरपुर शहरी जलापूर्ति योजना के लिए शहर में करीब 50 किलोमीटर तक पाइपलाइन बिछ चुकी है. शहरी जलापूर्ति योजना के पाइप जहां-तहां धूल फांक रहे हैं.शहरी जलापूर्ति योजना पर एक नजर
— 49 करोड़ की योजना– 25 करोड़ खर्च— 2 जलमीनार निर्माण– 2 के लिए नहीं मिली जगह
— 6 करोड़ से पुसालोटा में वाटर ट्रिटमेंट प्लांट बनकर तैयार- 50 किलोमीटर में बिछायी गयी पाइपलाइनडिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है