सरकार बताये चिटफंड कंपनियों के पास जमा रुपये कैसे वापस होंगे : हाइकोर्ट

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रांची : हाइकोर्ट में दर्जनों चिटफंड कंपनियों द्वारा निवेशकों के जमा अरबों रुपये वापस कराने को लेकर दायर जनहित याचिकाअों पर सुनवाई हुई. चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने सरकार से पूछा कि चिटफंड कंपनियों में हजारों निवेशकों ने अरबों रुपये जमा किया है. उस राशि को चिटफंड […]

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रांची : हाइकोर्ट में दर्जनों चिटफंड कंपनियों द्वारा निवेशकों के जमा अरबों रुपये वापस कराने को लेकर दायर जनहित याचिकाअों पर सुनवाई हुई. चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने सरकार से पूछा कि चिटफंड कंपनियों में हजारों निवेशकों ने अरबों रुपये जमा किया है. उस राशि को चिटफंड कंपनियों से वापस कराने के लिए क्या कदम उठाये गये हैं. शपथ पत्र दायर कर बताया जाये कि निवेशकों के रुपये कैसे वापस होंगे.

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खंडपीठ ने अनरेगुलेटेड डिपोजिट स्कीम एंड चिटफंड एक्ट के आलोक में अब तक क्या कार्रवाई की गयी है, उसकी भी जानकारी देने का निर्देश दिया. अगली सुनवाई 28 फरवरी को होगी. इससे पूर्व प्रार्थी की अोर से अधिवक्ता अभिजीत सिंह ने खंडपीठ को बताया कि चिटफंड कंपनियों में हजारों निवेशकों ने अपने पसीने की कमाई जमा की थी. चिटफंड कंपनियों ने निवेशकों से धोखाधड़ी कर रुपये हड़प लिये हैं.
सिख दंगा जांच आयोग से नहीं मिली रिपोर्ट, दो सप्ताह का मिला समय
रांची़ हाइकोर्ट में सिख दंगा पीड़ितों के मामले की जांच व उचित मुआवजा को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई हुई. चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने सुनवाई करते हुए आग्रह स्वीकार कर लिया. मामले की सुनवाई दो सप्ताह के बाद होगी.
इससे पूर्व बताया गया कि एक सदस्यीय जांच आयोग से रिपोर्ट नहीं आ पायी है. समय देने का आग्रह किया गया. वहीं प्रार्थी की अोर से अधिवक्ता दिवाकर उपाध्याय ने खंडपीठ को बताया कि धनबाद, बोकारो, रांची, जमशेदपुर, पलामू, लातेहार सहित कई जिलों में वर्ष 1984 में सिख विरोधी दंगा हुआ था.
इससे बड़े पैमाने पर जान माल की क्षति हुई थी. पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा नहीं मिला. हाइकोर्ट के आदेश के आलोक में सरकार ने वर्ष 2016 में एक सदस्यीय जस्टिस डीपी सिंह आयोग का गठन किया था. मामलों की जांच व उचित मुआवजा भुगतान को लेकर आयोग बनाया गया था, लेकिन संसाधनों के अभाव के कारण आयोग मामलों की जांच नहीं कर पा रहा है.
जस्टिस अनंत बिजय सिंह 21 को लेंगे शपथ
रांची. हाइकोर्ट के जस्टिस अनंत बिजय सिंह 21 जनवरी को दिल्ली में राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) के न्यायिक सदस्य पद की शपथ लेंगे.
शनिवार को हाइकोर्ट में न्यायाधीश के रूप में उनका अंतिम कार्य दिवस रहा. इस माैके पर उन्हें विदाई दी गयी़ उनके सम्मान में रात्रि में व्हाइट हॉल में समारोह का आयोजन किया गया़ श्री सिंह न्यायिक सेवा के अधिकारी रहे हैं. आठ अप्रैल 2016 को उन्हें हाइकोर्ट का न्यायाधीश बनाया गया था. नाै जनवरी 2018 को उन्होंने स्थायी न्यायाधीश पद की शपथ ली थी.
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