सुपौल के निर्मली अंबेडकर छात्रावास में 20 छात्रों के नामांकन को मंजूरी, डीडीसी ने पारदर्शी प्रक्रिया पर दिया जोर

बैठक करते डीडीसी | Prabhat Khabar Network
Supaul News: सुपौल के निर्मली अंबेडकर कल्याण छात्रावास में 30 रिक्त सीटों पर 20 छात्रों के नामांकन को स्वीकृति प्रदान की गई है. उप विकास आयुक्त इंद्रवीर कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर विशेष जोर दिया गया.
Supaul News: सुपौल जिले के निर्मली स्थित भीमराव अंबेडकर कल्याण छात्रावास में रिक्त सीटों पर नामांकन की प्रक्रिया को जिला प्रशासन ने आगे बढ़ा दिया है. जिला स्तरीय छात्रावास संचालन समिति की बैठक में 20 पात्र छात्रों के नामांकन को मंजूरी दी गई. बैठक की अध्यक्षता उप विकास आयुक्त (डीडीसी) इंद्रवीर कुमार ने की और उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नामांकन की पूरी प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, निष्पक्ष और विभागीय नियमों के अनुरूप सुनिश्चित की जाए.
यह निर्णय उन विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है जो आर्थिक या सामाजिक कारणों से उच्च शिक्षा प्राप्त करने में कठिनाई का सामना करते हैं. छात्रावास जैसी सुविधाएं ऐसे छात्रों को आवासीय सहयोग देकर उनकी पढ़ाई को निरंतर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं.
30 रिक्त सीटों के लिए आए 20 आवेदन
समाहरणालय स्थित उप विकास आयुक्त कार्यालय वेश्म में आयोजित बैठक में भीमराव अंबेडकर कल्याण छात्रावास, निर्मली (भवन संख्या-02) की रिक्त सीटों पर प्राप्त आवेदनों की समीक्षा की गई.
अधिकारियों के अनुसार छात्रावास में कुल 30 सीटें रिक्त थीं, जबकि विभागीय ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से 20 आवेदन प्राप्त हुए. सभी आवेदनों की पात्रता और उपलब्ध अभिलेखों की समीक्षा के बाद नामांकन को स्वीकृति प्रदान की गई.
किन स्तरों के छात्रों को मिली मंजूरी
बैठक में इंटरमीडिएट, स्नातक और स्नातकोत्तर स्तर के छात्रों के आवेदनों पर अलग-अलग विचार किया गया.
समीक्षा के बाद इंटरमीडिएट स्तर पर 08, स्नातक स्तर पर 11 और स्नातकोत्तर स्तर पर 01 छात्र सहित कुल 20 अभ्यर्थियों के नामांकन का अनुमोदन किया गया.
डीडीसी ने दिए सख्त प्रशासनिक निर्देश
उप विकास आयुक्त इंद्रवीर कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि छात्रावास में नामांकन की पूरी प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और विभागीय नियमों के अनुरूप होनी चाहिए.
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर अनियमितता या पक्षपात की गुंजाइश नहीं होनी चाहिए और पात्र छात्रों को समय पर छात्रावास सुविधा उपलब्ध कराई जानी चाहिए.
नियमित निरीक्षण और सुचारु संचालन पर जोर
डीडीसी ने प्रखंड कल्याण पदाधिकारी, निर्मली-सह-छात्रावास समन्वयक को छात्रावास का नियमित निरीक्षण करने का निर्देश भी दिया.
उन्होंने कहा कि छात्रावास का संचालन विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप हो और छात्रों को आवास, सुरक्षा, स्वच्छता तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं व्यवस्थित रूप से उपलब्ध कराई जाएं.
शिक्षा और सामाजिक न्याय की दिशा में अहम कदम
भीमराव अंबेडकर कल्याण छात्रावास जैसी योजनाएं अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य वंचित वर्गों के विद्यार्थियों को शिक्षा से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं.
स्थानीय स्तर पर इस निर्णय को सकारात्मक पहल माना जा रहा है, क्योंकि इससे ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के विद्यार्थियों को पढ़ाई जारी रखने में सहायता मिलेगी.
Supaul News: बैठक में कई अधिकारी रहे उपस्थित
बैठक में जिला कल्याण पदाधिकारी, अनुमंडल कल्याण पदाधिकारी सुपौल, प्रखंड कल्याण पदाधिकारी निर्मली, छात्रावास अधीक्षक तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे.
प्रशासन ने संकेत दिया है कि आगे भी छात्रावास संचालन, निरीक्षण और छात्र सुविधाओं की नियमित समीक्षा की जाएगी, ताकि सरकारी छात्रावासों का लाभ अधिक से अधिक पात्र विद्यार्थियों तक पहुंच सके.
Also Read: Bihar Student Protest: जेल से बाहर आए तेज प्रताप यादव, सरकार के आदेश के बाद मिली जमानत
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में
By राजीव कुमार झा
राजीव कुमार झा प्रिंट माध्यम में 20 और डिजिटल माध्यम में पिछले 02 वर्षों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. करियर की शुरुआत हिन्दुस्तान से की. अभी प्रभात खबर ब्यूरोचीफ के पद पर सुपौल में काम कर रहे हैं. शिक्षा, कला-संस्कृति, सामाजिक कार्य व सिनेमा में रुचि रखते हैं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










