शहजाद हत्याकांड के 5 आरोपी पकड़ाए; सीवान SP ने थानेदार को शोकॉज किया, दारोगा सस्पेंड, 2 होमगार्ड की सेवा समाप्ति की तैयारी

Published by : YUVRAJ RATAN Updated At : 03 Jun 2026 5:20 PM

विज्ञापन

प्रेसवार्ता करते एसपी

Siwan News : फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस टीम सक्रिय, जांच अंतिम चरण में : एसपी

विज्ञापन

Siwan News (पंकज कुमार) : बड़हरिया थाना क्षेत्र के शिवराजपुर गांव में बीते 30 मई को हुए शहजाद की पिट-पिट कर हुई हत्या मामले में पुलिस ने पांच लोगों को गिरफ्तार किया हैं. घटना के बाद बुधवार को पुलिस अधीक्षक पुरन कुमार झा ने प्रेस वार्ता कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी.एसपी पुरन कुमार झा बताया कि शिवराजपुर गांव निवासी श्यामुद्दीन शाह का पुत्र शहजाद अली को बीते 30 मई को चोरी के आरोप में घर से ग्रामीण बुला कर ले गए और पिट-पिट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया था. जिसके बाद उसकी सूचना स्थानीय पुलिस के दी और पुलिस मौके पर पहुंचे घायल को इलाज के लिए बड़हरिया पीएचसी में भर्ती कराया .जहां स्थिति गंभीर देखते हुए चिकित्सकों उसे सदर अस्पताल रेफर कर दिया था .जहां उसकी मौत हो गई थी. मौत के बाद परिजनों के आवेदन पर प्राथमिक दर्ज करते हुए मामले की अनुसंधान के दौरान पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है ,जिसमें दो नाबालिक हैं .वही इस घटना के बाद वायरल फुटेज और प्राथमिकी के आधार पर पुलिस अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है.

कुर्सी पर बैठे रहे पुलिसकर्मी, जमीन पर तड़पता रहा शहजाद, वीडियो ने खड़े किए सवाल

घटना के बाद सोशल मीडिया पर फुटेज तेजी से वायरल हो रहा है. जहां शिवराजपुर गांव में कुर्सी पर दो पुलिसकर्मी बैठे हुए हैं, दुःखद यह हैं कि जहां हत्यारे शहजाद का हाथ बांधकर उसे जमीन पर फेके हुए हैं और वह तड़प रहा है. लेकिन डायलॉग की पुलिस और आरोपी हंसते हुए अपनी बातें कर रहे हैं. जिससे यह प्रतीत होता है की डायल 112 की पुलिस और आरोपियों के बीच किसी बात को लेकर पंचायती हो रही है. इसी दौरान शहजाद का स्थिति गंभीर होता गया और उसकी मौत हो गई .अब क्षेत्र के लोग यह कह रहे हैं की पुलिस की मौजूदगी में चोरी का आरोपी शहजाद को मृत्युदंड मिला है.

भीड़ के कब्जे से युवक को नहीं छुड़ाने पर पुलिस अवर निरीक्षक सस्पेंड

इधर शहजाद अली की हत्या के मामले में पुलिस अधीक्षक ने बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की है. मामले की समीक्षा के बाद डायल-112 पर तैनात पुलिस अवर निरीक्षक संजीव कुमार को कर्तव्य में लापरवाही के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. वहीं दो गृहरक्षकों के अनुबंध निरस्तीकरण की कार्रवाई की अनुशंसा की गई है. पुलिस अधीक्षक ने बताया कि डायल-112 पर तैनात पु.अ.नि. संजीव कुमार को सूचना मिली थी कि शिवराजपुर गांव में एक चोर को ग्रामीणों ने पकड़ रखा है. आरोप है कि सूचना पर घटनास्थल पर पहुंचने के बावजूद उन्होंने युवक को भीड़ के कब्जे से मुक्त कर सुरक्षित अभिरक्षा में लेने और आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने के बजाय उसे वहीं छोड़ दिया. इसके बाद ग्रामीणों द्वारा युवक शहजाद अली के साथ मारपीट की गई, जिससे उसकी मौत हो गई. मामले की प्रारंभिक जांच में संबंधित पुलिस पदाधिकारी और डायल-112 पर तैनात कर्मियों की ओर से कर्तव्य के प्रति लापरवाही, अनुशासनहीनता तथा पुलिस दायित्वों के निर्वहन में गंभीर त्रुटि सामने आई हैं. घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक ने पु.अ.नि. संजीव कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. इसके अलावा डायल-112 में तैनात गृहरक्षक नन्दजी यादव और मुक्तिनाथ के विरुद्ध अनुबंध निरस्त करने की कार्रवाई के लिए जिला पदाधिकारी को प्रतिवेदन भेजा गया है.वहीं बड़हरिया थाना के थानाध्यक्ष छोटन कुमार से भी 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है.

घटनास्थल पर कई बार पहुंचकर की गई जांच, साक्ष्यों के आधार पर आगे बढ़ रही कार्रवाई

एसपी में बताया कि घटना की जैसी सूचना मिली कि मैं स्वयं घटना स्तर पर पहुंचा ,जहां हम लोगों ने घटनास्थल की जांच की. इसके अलावा भी हमने कई बार घटनास्थल का जांच किया है. जहां अनुसंधान और एकत्रित साक्ष्य के आधार पर मामले की जांच की जा रही है , जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा .वहीं बड़हरिया की पुलिस आरोपियों गिरफ्तारी के लिए दबिश बनाई हुई है. जहां कोर्ट से वारंट मिलने के बाद लगातार आरोपीय गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है.

खौफ के साये में गुजर रही जिंदगी

बताया जाता है कि शहजाद की हत्या के पहले उसकी भाई की हत्या भी कर दी गई थी. हालांकि उस समय परिजनों ने किसी पर आरोप नहीं लगाया था और ना ही प्राथमिक दर्ज कराया था .लेकिन शहजाद की पीट पीट कर हत्या होने के बाद शहजादा के परिजन काफी दहशत के माहौल में है. संध्या होते ही वे लोग डर से अपने घर में छुप जा रहे हैं. ताकि किसी प्रकार की अनहोनी ना हो.

तड़पते युवक को नहीं मिली तत्काल मदद, पुलिस कार्रवाई पर सवाल

ग्रामीण ने बताया कि जिस समय पुलिस शिवराजपुर गांव स्थित घटनास्थल पर पहुंची .उस समय शहजाद बंधक बने स्थिति में जमीन पर लेटा हुआ था .जहां वह गंभीर चोट के कारण तड़प रहा था .लेकिन पुलिस शहजाद की नहीं सुनी वह आरोपियों की सुनती रही. यदि समय से शहजाद का इलाज हुआ होता तो शहजाद की जिंदगी बच सकती थी.

शहजाद हत्याकांड में नए खुलासे

सूत्रों से जानकारी के मुताबिक गांव के ही एक व्यक्ति ने शहजाद के ऊपर मोबाइल चोरी का आरोप लगाया था. जहां उसे शुक्रवार को मोबाइल चोरी के संबंध में पूछताछ की गई और स्थानीय पुलिस को बुलाकर उसे सौप दिया गया था. हालांकि साक्ष्य नहीं मिलने के कारण पुलिस ने उसे छोड़ दिया था. पुनः शनिवार को उसे घर से बुलाया गया और मोबाइल के संबंध में पूछताछ की गई लेकिन वह कुछ नहीं बता सका था. जिस पर आक्रोशित होकर ग्रामीण ने उसकी पिटाई कर डाली. ग्रामीणों का शक था कि कहीं शहजाद के अन्य साथी भी तो मोबाइल चोरी में शामिल नहीं है. जहां वे लोग बार-बार मोबाइल चोरी के संबंध में शहजाद से पूछते रहे. जहां अंत में गहरी चोट लगने के कारण उसकी मौत हो गई.

बाकी की गिरफ्तारी के लिए दबिश जारी : एसपी

मामले की जांच की जा रही है, पांच लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है. जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है, जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा. पुरन कुमार झा, एसपी

Also Read : बुलेट अंसारी मर्डर केस में पुलिस को सफलता, दो आरोपी गिरफ्तार

विज्ञापन
YUVRAJ RATAN

लेखक के बारे में

By YUVRAJ RATAN

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन