रोहतास: जर्जर किचन शेड में डर के साए में खाना बनाने को मजबूर रसोइया, मध्य विद्यालय दहियाडी में कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा
जर्जर किचन शेड को दिखाते एचएम | Prabhat Khabar Network
रोहतास जिले के मध्य विद्यालय दहियाडी में प्रशासनिक उपेक्षा के चलते मध्याह्न भोजन योजना खतरे में है. जर्जर किचन शेड में रसोइयां बारिश और धूप में जान जोखिम में डालकर 248 बच्चों के लिए खाना बना रही हैं. अधिकारियों को बार-बार सूचना देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश है.
Rohtas News: जिले के काराकाट प्रखंड अंतर्गत सिकरिया पंचायत स्थित मध्य विद्यालय दहियाडी में मध्यह्न भोजन (MDM) योजना का संचालन प्रशासनिक उपेक्षा के कारण खतरे में पड़ गया है. विद्यालय का किचन शेड पूरी तरह से जर्जर और क्षतिग्रस्त हो चुका है. शेड की करकट छत टूटकर पूरी तरह गिर चुकी है, जिसके कारण बारिश और तेज धूप के बीच रसोइयों को जान जोखिम में डालकर 248 बच्चों के लिए भोजन तैयार करना पड़ रहा है.
बारिश में टपकता है पानी, धूप में झुलसती हैं रसोइयां
विद्यालय में कार्यरत रसोइयां शांति देवी, धर्मावती देवी, इंदु देवी और लखपातो देवी ने अपना दर्द बयां करते हुए बताया कि जर्जर शेड में काम करते वक्त हमेशा हादसे का डर सताता रहता है. बरसात के मौसम में ऊपर से लगातार पानी टपकता है, जिससे चूल्हा जलाना और भोजन पकाना बेहद दुष्कर हो जाता है. वहीं, गर्मी के दिनों में सीधे कड़कती धूप के नीचे खड़े होकर भोजन बनाना पड़ता है. रसोइयों ने बताया कि वे रोज़ डर के साए में बच्चों के लिए खाना बनाने को मजबूर हैं.

अधिकारियों को कई बार दी गई सूचना, नहीं हुई कोई कार्रवाई
मामले के संबंध में मध्य विद्यालय दहियाडी के प्रधानाध्यापक मोहम्मद सलामुद्दीन ने बताया कि विद्यालय में कुल 248 छात्र-छात्राएं नामांकित हैं. किचन शेड पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो जाने के कारण रसोइयों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है.
प्रधानाध्यापक ने कहा कि इस विकट समस्या से वरीय अधिकारियों और शिक्षा विभाग को कई बार लिखित एवं मौखिक रूप से अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक जर्जर किचन शेड की मरम्मत या नए शेड के निर्माण को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है. ग्रामीणों और विद्यालय प्रशासन ने विभाग से जल्द से जल्द नया किचन शेड बनवाने की मांग की है ताकि कोई बड़ा हादसा न हो.
Also Read: सासाराम: चेनारी में हर साल 30 हजार पौधे, फिर भी 15% हो जाते हैं बर्बाद, हरियाली बचाने की चुनौती
आपके शहर में
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए