साइबर थाना में दिया आवेदन, मामला दर्ज सहरसा. आरा जिले के मौलाबाग निवासी अनिल प्रसाद के पुत्र रूपेश कुमार श्रीवास्तव, जो सहरसा विद्युत कार्यालय में पदस्थापित हैं, ने सोशल मीडिया पर जुड़ी एक युवती पर लगातार मानसिक प्रताड़ना, धमकी, बदनामी और धन की मांग करने का गंभीर आरोप लगाया है. इस संबंध में उन्होंने साइबर थाना में आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है. आवेदन में पीड़ित ने बताया है कि करीब छह माह पूर्व सोशल मीडिया पर उनकी पहचान मोतिहारी जिले के रघुनाथपुर बस स्टैंड के समीप गली नंबर 3 निवासी चंद्रमोहन प्रसाद श्रीवास्तव की पुत्री मिल्की कुमारी से हुई. जिसने सोशल मीडिया पर जुड़ने के काफी समय बाद अपना मूल नाम पता बताया. आरोप है कि कुछ समय बाद युवती ने उनसे शादी करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया. जब उन्होंने शादी से इंकार किया तो युवती ने आत्महत्या करने, झूठे मुकदमे में फंसाने, नौकरी से निकलवाने और समाज में बदनाम करने की धमकी दी. पीड़ित ने शादी नहीं करने की स्थिति में युवती ने दस लाख रुपये की मांग भी की. जिसके बाद पीड़ित ने इस मामले को लेकर पूर्व में 25 जून 2025 को न्यायालय में वाद भी दायर किया था. इसके बावजूद युवती द्वारा लगातार प्रताड़ना का सिलसिला जारी रहा. वहीं पीड़ित ने कहा कि युवती ने अलग-अलग नामों से सोशल मीडिया पर कई फर्जी पहचान बनाकर पीड़ित के रिश्तेदारों, मित्रों और विभागीय लोगों के बीच उनकी छवि खराब करने का प्रयास किया. जो साइबर पुलिस की जांच में सामने आया कि उक्त सभी आइडी मिल्की कुमारी द्वारा बनाकर उसे संचालित किया जा रहा है. पीड़ित रूपेश कुमार ने यह भी बताया कि करीब दो माह पूर्व उनके बड़े भाई के सोशल मीडिया आइडी को हैक कर उनकी बहन के चरित्र को लेकर झूठी और आपत्तिजनक बातें फैलाई गयी. जिससे पूरे परिवार को गहरी मानसिक पीड़ा झेलनी पड़ी. वहीं 25 नवंबर 2025 को उनकी होने वाली पत्नी से सोशल मीडिया पर बातचीत कर झूठी अफवाहें फैलाई गयी. जिसके कारण 4 दिसंबर 2025 को उनकी प्रस्तावित शादी टूट गयी. इस घटना से आहत उनकी मां की अचानक से तबीयत बिगड़ गयी और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा. पीड़ित का कहना है कि इन सभी घटनाओं के कारण उन्हें और उनके परिवार को मानसिक, सामाजिक और आर्थिक क्षति हुई है. उन्होंने पुलिस प्रशासन से नामजद आरोपी मिल्की कुमारी व इसमें शामिल अन्य लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग की है. जिससे भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो. वहीं साइबर थाना पुलिस ने दिये गये आवेदन के आधार पर साइबर थाना में मामला दर्ज कर लिया है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

