Patna Metro: पटना मेट्रो परियोजना ने अब रफ्तार पकड़ ली है. पटना जंक्शन गोलंबर के पास अंडरग्राउंड मेट्रो स्टेशन के निर्माण के लिए खुदाई का काम शुरू हो गया है. यह स्टेशन पटना का सबसे अहम इंटरचेंज मेट्रो स्टेशन होगा. जहां से यात्रियों को रेलवे और मेट्रो के बीच सीधी कनेक्टिविटी मिलेगी.
फिलहाल यहां यूटिलिटी टेस्ट पिट का काम चल रहा है. इसका मकसद जमीन के नीचे मौजूद बिजली, पानी, सीवर और अन्य सेवाओं की पहचान करना है, ताकि निर्माण के दौरान कोई नुकसान न हो. इस प्रक्रिया के बाद बड़े स्तर पर खुदाई शुरू की जाएगी.
तीन मंजिला होगा यह मेट्रो स्टेशन
एक हफ्ते पहले ही पटना जंक्शन गोलंबर के पास बैरिकेडिंग की गई थी. इससे ट्रैफिक प्रभावित हुआ था. यात्रियों की परेशानी कम करने के लिए मेट्रो की ओर से स्पेशल ट्रैफिक मार्शल तैनात किए गए हैं. पटना जंक्शन के पास बनने वाला यह मेट्रो स्टेशन तीन मंजिला अंडरग्राउंड इंटरचेंज होगा. इसे इस तरह डिजाइन किया जा रहा है कि यात्री आसानी से ट्रेन से मेट्रो और मेट्रो से ट्रेन में सफर कर सकें.
इस स्टेशन तक पहुंचने के लिए तीन अलग-अलग रास्ते होंगे. पहला रास्ता सीधे पटना जंक्शन से होगा. दूसरा मल्टीलेवल पार्किंग से जुड़ेगा. तीसरा रास्ता चिरैयाटांड़ पुल की ओर से मिलेगा.
मेट्रो स्टेशन और पटना जंक्शन की पार्किंग एक दूसरे से जुड़ेगा
मेट्रो स्टेशन की पार्किंग को सीधे पटना जंक्शन की पार्किंग से जोड़ा जाएगा. एक स्टेशन से दूसरे स्टेशन तक पैदल जाने का भी सुरक्षित रास्ता बनेगा. इसका फायदा यह होगा कि ट्रेन से उतरते ही यात्री बिना बाहर निकले सीधे मेट्रो पकड़ सकेंगे.
पटना मेट्रो के दो प्रमुख कॉरिडोर भी यहीं मिलेंगे. पहला कॉरिडोर दानापुर से बेली रोड होते हुए पटना जंक्शन तक आएगा. दूसरा कॉरिडोर पीएमसीएच से गांधी मैदान होते हुए पटना जंक्शन पहुंचेगा. इससे शहर के उत्तर और दक्षिण हिस्से आपस में जुड़ जाएंगे.
महावीर मंदिर के सामने बनेगा नया अंडरग्राउंड सब-वे
इसी बीच यात्रियों के लिए एक और बड़ी सुविधा की योजना बनाई गई है. महावीर मंदिर के सामने नया अंडरग्राउंड सब-वे बनेगा. यह सब-वे बुद्धा स्मृति पार्क के सामने बन रहे इंटरचेंज मेट्रो स्टेशन से जुड़ा होगा. इस सब-वे के जरिए लोग सड़क पार किए बिना सीधे मेट्रो स्टेशन तक पहुंच सकेंगे. ट्रैफिक जाम से छुटकारा मिलेगा. सब-वे में एस्केलेटर, लिफ्ट और ट्रैवलेटर जैसी आधुनिक सुविधाएं होंगी.
मई महीने से अंडरग्राउंड खुदाई का मुख्य काम शुरू होगा. इसके लिए जून में नई टीबीएम मशीन लॉन्च करने की योजना है. पटना मेट्रो का यह चरण शहर की आवाजाही को पूरी तरह बदलने वाला साबित हो सकता है.

