पटना में पूर्व मुखिया का शव मिलने पर बिहटा-बिक्रम-औरंगाबाद मार्ग पर आगजनी, बहन बोली-पुलिस ने हत्या करवाई, जानिए पूरा मामला

पूर्व मुखिया का शव मिलने पर हंगामा करते लोगा| Prabhat Khabar Network
राघोपुर गांव में पूर्व मुखिया संजय यादव का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया. परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए मुख्य मार्ग जाम कर दिया और पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाए.
Patna Crime News : बिहटा थाना क्षेत्र के राघोपुर गांव में शुक्रवार की सुबह पूर्व मुखिया संजय यादव (55) का शव खेत में बोरिंग के पास संदिग्ध परिस्थिति में मिलने से परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा. हत्या का आरोप लगाते हुए लोगों ने शव उठाने से इनकार कर दिया और राघोपुर तीन मोहानी के समीप बिहटा-बिक्रम-औरंगाबाद मुख्य मार्ग को जाम कर आगजनी की. मामले में मृतक की बहन बोली पुलिस ने ही भाई की हत्या करवाई है.
चार घंटे तक प्रदर्शन, आवागमन ठप रह, वाहनों की लगी लंबी कतार
करीब चार घंटे तक चले प्रदर्शन के कारण इस मार्ग पर वाहनों का परिचालन पूरी तरह ठप रहा. जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह ग्रामीण खेत की ओर गये तो बोरिंग के पास संजय यादव का शव पड़ा मिला. सूचना मिलते ही परिजन घटनास्थल पर पहुंचे और हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस को शव उठाने से रोक दिया. देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सड़क पर उतर गये. सड़क जाम के दौरान दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गयी.
परिजनों ने कहा-आत्मसमर्पण की तैयारी के लिए आए थे घर
परिजनों का आरोप है कि संजय यादव की हत्या जमीन विवाद को लेकर की गयी है. उनका कहना है कि संजय यादव कुछ मामलों में फरार चल रहे थे और न्यायालय में आत्मसमर्पण की तैयारी के सिलसिले में घर आये थे. परिजनों ने पुलिस के समक्ष तीन लोगों पर हत्या की आशंका जताते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.
मृतक की बहन ने पुलिस पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मेरे भाई की हत्या पुलिस ने करवाई है. उन्होंने कुछ अन्य लोगों के नाम लेते हुए भी हत्या में संलिप्त होने का आरोप लगाया. हालांकि पुलिस ने इन आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है. पुलिस का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है.
जमीन की करता था खरीद-बिक्री, थानों में कई मामले हैं दर्ज
स्थानीय लोगों के अनुसार संजय यादव धर्मकांटा, ट्रक संचालन व जमीन की खरीद-बिक्री के कारोबार से जुड़े थे. उनके विरुद्ध विभिन्न थानों में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं. पुलिस को मृतक के घर से राइफल बरामदगी से जुड़े एक मामले में भी उनकी तलाश कर रही थी.सूचना पर बिहटा थाना पुलिस, दानापुर-2 डीएसपी अमरेंद्र कुमार झा समेत कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची. काफी देर तक चले हंगामे और वार्ता के बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए शव पटना एम्स भेज दिया. घटनास्थल पर वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए पटना से एफएसएल टीम को भी बुलाया गया, जिसने मौके से आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए.
पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) संकेत कुमार ने बताया कि वैज्ञानिक जांच के लिए एफएसएल टीम को बुलाया गया है. उन्होंने बताया कि मौत का कारण स्पष्ट नहीं है, जबकि परिजन कुछ लोगों पर हत्या का आरोप लगा रहे हैं. मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद आगे विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी.
10 अक्टूबर छापेमारी में पूर्व मुखिया के घर से मिले थे कई हथियार
बिहटा थाना क्षेत्र के राघोपुर गांव स्थित पूर्व मुखिया सह कारोबारी संजय यादव के घर पर 10 अक्टूबर 2025 को पटना पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी की थी. इस दौरान पुलिस ने कई हथियार और बड़ी संख्या में कारतूस बरामद करने का दावा किया था. इस मामले में पुलिस ने संजय यादव के भाई और पुत्र को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था, जबकि संजय यादव तब से फरार चल रहे थे. हालांकि, कार्रवाई के बाद परिजनों ने पुलिस पर विपक्षी के साथ मिलकर झूठा मुकदमा दर्ज कर जबरन फंसाने का आरोप लगाया था.
पटना में पूर्व मुखिया की डेड बॉडी मिलते ही बीच रोड पर बवाल, परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, कई मामलों में थे फरार
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










