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Bihar Rail Project: बिहार में 12 रेल प्रोजेक्ट के लिए फाइनल लोकेशन सर्वे की मंजूरी, देखिए लिस्ट में कौन-कौन है शामिल

Updated at : 11 Sep 2025 11:36 AM (IST)
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Bihar Rail Project Final location survey approved for rail projects see list

सांकेतिक तस्वीर

Bihar Rail Project: बिहार में 12 रेल प्रोजेक्ट के लिए फाइनल लोकेशन सर्वे की मंजूरी मिल गई है. सर्वे का उद्देश्य निर्माण के लिए विस्तार रूप से योजनाएं और तस्वीर तैयार करना है, जिसमें रूट का सटीक निर्धारण, लागत का अनुमान, भू-तकनीकी अध्ययन समेत अन्य जानकारियां शामिल हैं.

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Bihar Rail Project: पूर्व मध्य रेलवे में 10.51 करोड़ से अधिक की लागत से 12 रेल परियोजनाओं के फाइनल लोकेशन सर्वे के लिए रेलवे मंत्रालय से मंजूरी मिल गई है. इनमें दनियावां बाइपास लाइन, आरा-सासाराम दोहरीकरण, फतुहा के पास रेल फ्लाइओवर, पाटलिपुत्र-फुलवारी शरीफ पाटलिपुत्र-दानापुर दोहरीकरण सहित अन्य परियोजनाएं शामिल हैं. पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सरस्वती चंद्र ने बताया कि संबंधित राशि से एफएलएस का सर्वे कर निर्माण कार्य किया जायेगा.

इन प्रोजेक्टों का होगा सर्वे और बजट

  • सकरी-फारबिसगंज लाइन का दोहरीकरण: 3.096 करोड़ रुपये
  • ओलापुर-उमेशनगर बाइपास लाइन के साथ 85 किलोमीटर लंबे समस्तीपुर-हसनपुर-खगड़िया लाइन का दोहरीकरण : 2.37 करोड़ रुपये
  • आरा-सासाराम लाइन का दोहरीकरण के साथ डीएफसी लाइन से कनेक्टिविटी: 2.32 करोड़ रुपये
  • 23 किलोमीटर लंबी सिलौत-जुब्बासहनी बाइपास लाइन : 69 लाख रुपये
  • ललितग्राम-बीरपुर नी लाइन (नेपाल बॉर्डर के पास): 66 लाख रुपये
  • गंगा नदी पर रेलपुल के साथ 10 किलोमीटर लंबी फतुहा-बिदुपुर नइ लाइन : 30 लाख रुपये
  • 6 किलोमीटर लंबा फतुहा के पास रेल फ्लाइओवर 18 लाख रुपये
  • कुचमन और गंजख्वाजा के बीच आरओआर के साथ डीडीयू बाइपास लाइन: 18 लाख रुपये
  • 6 किलोमीटर लंबे नेऊरा बाइपास लाइन : 18 लाख रुपये
  • पाटलिपुत्र-फुलवारीशरीफ (06 किलोमीटर) और पाटलिपुत्र-दानापुर (6 किलोमीटर) लाइन का दोहरीकरण 28.8 लाख रुपये
  • 4 किलोमीटर लंबी बिहारशरीफ बाइपास लाइन : 12 लाख रुपये
  • 4 किलोमीटर लंबी दनियावां बाइपास लाइन: 12 लाख रुपये

इस वजह से होगा लोकेशन सर्वे

सीपीआरओ ने बताया कि फाइनल लोकेशन सर्वे रेलवे लाइन या अन्य बुनियादी ढांचे के निर्माण से पहले एक डिटेल सर्वे है, जो किसी स्पेशल रूट का सेलेक्शन होने के बाद किया जाता है. इसका उद्देश्य निर्माण के लिए डिटेल योजनाएं और चित्र तैयार करना है. इसमें रूट का सटीक निर्धारण, लागत का अनुमान, भू-तकनीकी अध्ययन और कार्य विवरण शामिल होते हैं.

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Preeti Dayal

लेखक के बारे में

By Preeti Dayal

डिजिटल जर्नलिज्म में 3 साल का अनुभव. डिजिटल मीडिया से जुड़े टूल्स और टेकनिक को सीखने की लगन है. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं. बिहार की राजनीति और देश-दुनिया की घटनाओं में रुचि रखती हूं.

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