Bihar Teacher Transfer: बिहार के 6 लाख शिक्षकों के लिए बड़ी खुशखबरी, नए साल में लागू होगी मनचाहे तबादले की नई नीति
Published by : Abhinandan Pandey Updated At : 12 Dec 2025 8:24 AM
सांकेतिक तस्वीर
Bihar Teacher Transfer: बिहार के सरकारी स्कूलों के शिक्षकों के लिए लंबे समय से अटकी तबादला नीति अब नए साल से बदलने वाली है. शिक्षा विभाग नई स्थानांतरण नियमावली को अंतिम रूप देने में जुटा है, जिसके लागू होते ही छह लाख से अधिक शिक्षकों को स्पष्ट और पारदर्शी तबादला प्रक्रिया का लाभ मिलेगा.
Bihar Teacher Transfer: बिहार के सरकारी स्कूलों में लंबे समय से लंबित तबादला (Transfer) व्यवस्था अब नए साल से बदलने जा रही है. शिक्षा विभाग Teacher Transfer Rules का संशोधन कार्य अंतिम चरण में ले आया है. विभाग की योजना है कि एक माह के भीतर प्रस्ताव को राज्य कैबिनेट में मंजूरी के लिए भेज दिया जाए. नई नियमावली शिक्षकों की सुविधा, स्थानांतरण प्रक्रिया की पारदर्शिता और स्कूलों में पढ़ाई बाधित न हो, इन्हीं तीन आधारों पर तैयार की जा रही है.
तबादला नीति नहीं होने के कारण बढ़ी समस्याएं
पिछले कई वर्षों से राज्य में शिक्षकों के लिए कोई स्पष्ट और व्यावहारिक तबादला नीति नहीं होने के कारण समस्याएं बढ़ती चली गईं. इस वर्ष सवा लाख से अधिक शिक्षकों का अंतरजिला व जिला के भीतर तबादला किया गया, लेकिन प्रक्रिया स्पष्ट न होने से अलग-अलग आदेश जारी करने पड़े. परिणामस्वरूप बड़ी संख्या में मामले अदालत तक पहुंचे और विभाग को बार-बार सफाई देनी पड़ी.
तबादला नीति लागू करने के लिए कई बार बने ड्राफ्ट
विभागीय अधिकारियों का मानना है कि ठोस नियमावली नहीं होने से न सिर्फ विवाद बढ़े, बल्कि कई विद्यालयों में शिक्षण कार्य भी प्रभावित हुआ. ऐसे में नई नीति सभी कोटियों के शिक्षकों (पुराने शिक्षक, विशिष्ट शिक्षक, विद्यालय अध्यापक, प्रधानाध्यापक और प्रधान शिक्षकों) के लिए एकीकृत दिशा-निर्देश उपलब्ध कराएगी. 2006 में नियोजित शिक्षकों की बहाली शुरू होने के बाद से ही तबादले पर स्पष्ट नीति तय नहीं हो सकी थी. कई बार ड्राफ्ट बने, पर लागू नहीं हो पाए.
नई नियमावली के दायरे में आएंगे 6 लाख से अधिक शिक्षक
राज्य के लगभग 79 हजार स्कूलों में कार्यरत छह लाख से अधिक शिक्षक इस नई नियमावली के दायरे में आएंगे. वर्तमान में लगभग एक लाख से अधिक शिक्षक तबादले की प्रतीक्षा में हैं, लेकिन बड़े पैमाने पर स्थानांतरण नई नीति लागू होने के बाद ही संभव होगा. विभाग पहले विधानसभा चुनाव से पहले ही नीति लागू करना चाहता था, लेकिन शिक्षक संघों की आपत्तियों ने प्रक्रिया को थाम दिया. अब इन्हीं बिंदुओं पर विस्तृत विचार-विमर्श के बाद अंतिम रूप तैयार किया जा रहा है.
अधिसूचना जारी होने के बाद तबादले के लिए जाएंगे आवेदन
नई नियमावली की अधिसूचना जारी होने के बाद ही तबादले के लिए आवेदन लिए जाएंगे, और पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी. महत्वपूर्ण प्रावधान के तहत, नियुक्ति के पहले पांच वर्षों तक शिक्षकों को तबादले का विकल्प नहीं मिलेगा. हां, गंभीर बीमारी या अत्यावश्यक स्थिति में पांच वर्ष पूर्ण होने से पहले भी ऐच्छिक तबादले की अनुमति दी जा सकती है.
राज्य में स्कूलों की संख्या
- प्राथमिक विद्यालय: 40,270
- मध्य विद्यालय: 27,903
- बुनियादी विद्यालय: 391
- माध्यमिक व उच्च माध्यमिक विद्यालय: 9,360
नई नीति से उम्मीद है कि तबादला प्रक्रिया सुचारू, पारदर्शी और समयबद्ध होगी, जिससे शिक्षकों और स्कूलों दोनों को राहत मिलेगी.
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