ePaper

Bihar Bhumi: बिहार में जमीन के कागजात को लेकर अब नहीं होगी परेशानी, 20 सितंबर के बाद भी कर सकते हैं आवेदन

Updated at : 14 Sep 2025 3:29 PM (IST)
विज्ञापन
Bihar Bhumi

अब 20 सितंबर के बाद भी कर सकेंगे आवेदन (Bihar Bhumi)

Bihar Bhumi: बिहार में जमीन कागजात की गलतियाँ सुधारने के लिए चल रहे राजस्व महाअभियान की समयसीमा बढ़ा दी गई है. अब ग्रामीण लोग 20 सितंबर के बाद भी आवेदन कर सकेंगे. विभाग ने ऑफलाइन कैंप और ऑनलाइन दोनों विकल्प उपलब्ध कराकर प्रक्रिया आसान बना दी है.

विज्ञापन

Bihar Bhumi: बिहार में जमीन के कागजात की गड़बड़ी हमेशा से बड़ी समस्या रही है. पंजी-2 (जमाबंदी रजिस्टर) में नाम, खाता या खसरा गलत दर्ज हो जाने से लोगों को काफी दिक्कत झेलनी पड़ती है. कई बार इन्हीं गलतियों के कारण लोग अदालत और अंचल कार्यालय के चक्कर लगाते रहते हैं.

राजस्व महाअभियान से राहत

भूमि एवं राजस्व विभाग ने इन समस्याओं को हल करने के लिए राजस्व महाअभियान शुरू किया है. इस अभियान के तहत गाँव-गाँव कैंप लगाकर आवेदन लिए जा रहे हैं. अब लोगों को अपने दस्तावेज सही कराने के लिए बार-बार दफ्तर नहीं जाना पड़ेगा. विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक सिंह ने कहा है कि यह अभियान खासकर ग्रामीण इलाकों के लिए मददगार साबित हो रहा है.

अब 20 सितंबर के बाद भी कर सकेंगे आवेदन(Bihar Bhumi)

पहले आवेदन करने की आखिरी तारीख 20 सितंबर तय थी. लेकिन लोगों की ज़रूरत और भागीदारी को देखते हुए विभाग ने समयसीमा बढ़ा दी है. अब जो लोग किसी वजह से पहले आवेदन नहीं कर पाए थे, उन्हें एक और मौका मिल गया है.

ऑनलाइन आवेदन की सुविधा

जो लोग गाँव के कैंप तक नहीं पहुँच सकते, उनके लिए ऑनलाइन आवेदन की भी सुविधा है. विभाग की वेबसाइट पर जाकर लोग पंजी-2 में नाम, खाता, खसरा या रकबा की गलती सुधारने के लिए आवेदन कर सकते हैं. इससे बाहर नौकरी करने वाले और प्रवासी लोग भी अपनी जमीन सही रिकॉर्ड में दर्ज करा पाएंगे.

ग्रामीणों में बढ़ी उम्मीद

गाँव-गाँव लग रहे कैंप में बड़ी संख्या में लोग अपने दस्तावेज लेकर पहुँच रहे हैं. ग्रामीणों का कहना है कि पहले उन्हें एक साधारण गलती सुधारने में भी महीनों लग जाते थे. अब गाँव में ही सुविधा मिलने से यह काम आसान हो गया है.

विवाद कम होने की उम्मीद

यह अभियान न सिर्फ मौजूदा गलतियाँ दूर करेगा, बल्कि आगे चलकर जमीन विवादों की संख्या भी घटा सकता है. जमीन ग्रामीणों की सबसे बड़ी संपत्ति है और सही दस्तावेज होने से किसान और आम लोग निश्चिंत होकर आगे बढ़ सकते हैं.

Also Read: बिहार में बच्चों के आधार कार्ड बनवाने के नियम बदले, जन्म प्रमाण पत्र के साथ अब ये भी कागज होंगे जरूरी

विज्ञापन
Anshuman Parashar

लेखक के बारे में

By Anshuman Parashar

अंशुमान पराशर पिछले दो वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के लिए बिजनेस की लेटेस्ट खबरों पर काम कर रहे हैं. इसे पहले बिहार की राजनीति, अपराध पर भी इन्होंने खबरें लिखी हैं. बिहार विधान सभा चुनाव 2025 में इन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और विस्तृत राजनीतिक कवरेज किया है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन