ePaper

नीतीश और मोहन भागवत के महायज्ञ में शामिल होने से जुड़ी 16 बड़ी बातें, पढ़ें

Updated at : 05 Oct 2017 9:17 AM (IST)
विज्ञापन
नीतीश और मोहन भागवत के महायज्ञ में शामिल होने से जुड़ी 16 बड़ी बातें, पढ़ें

पटना : बिहार के भोजपुर जिले के आरा के चंदवा में चल रहे अंतरराष्ट्रीय धार्मिक उत्सव में बिहार के मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत भी शामिल हुए. दोनों हस्तियों ने बुधवार को महायज्ञ में शिरकत की. इसे लेकर बिहार का सियासी पारा भी काफी गर्म रहा. इसे लेकर तरह-तरह की बयानबाजी […]

विज्ञापन

पटना : बिहार के भोजपुर जिले के आरा के चंदवा में चल रहे अंतरराष्ट्रीय धार्मिक उत्सव में बिहार के मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत भी शामिल हुए. दोनों हस्तियों ने बुधवार को महायज्ञ में शिरकत की. इसे लेकर बिहार का सियासी पारा भी काफी गर्म रहा. इसे लेकर तरह-तरह की बयानबाजी की गयी. पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने ट्वीट कर कहा कि नीतीश कुमार संघयुक्त भारत बनाने की फिराक में हैं. वहीं जदयू ने इस पर राजनीति करने को लेकर राजद को आड़े हाथों लिया. आइए जानते हैं, यज्ञ में नीतीश और मोहन भागवत के शामिल होने से जुड़ी प्रमुख बातें.

– बुधवार को बिहार के भोजपुर जिला के चंदवा में आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय धार्मिक उत्सव में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत शामिल हुए.

– भोजपुर जिला मुख्यालय से पांच किलोमीटर की दूरी पर चंदवा में आयोजित श्री रामानुज स्वामी जी महाराज के पांच दिनों तक चले सहस्त्राब्दि समारोह के समापन पर आयोजित इस महायज्ञ के अवसर पर नीतीश और भागवत ने हालांकि एक साथ मंच साझा नहीं किया. इस समारोह में नीतीश जहां दोपहर के समय शामिल हुए वहीं भागवत दोपहर बाद शामिल हुए.

-परम पूज्य त्रिदंडी स्वामी जी महाराज के शिष्य श्री लक्ष्मी प्रपन्न जीयर स्वामी जी के नेतृत्व में आयोजित इस धार्मिक उत्सव में बडी संख्या में श्रद्धालुओं के भाग लेने के साथ विदेशों अमेरिका, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, जर्मनी, जापान, नेपाल और मलेशिया से आये अनेक साधु संतों ने भाग लिया.

-गत जुलाई महीने में महागठबंधन से नाता तोड़कर भाजपा के साथ बिहार में राजग की सरकार बनाने के बाद यह पहला अवसर है जब दोनों नीतीश और भागवत ने किसी कार्यक्रम में शिरकत की है.

-दलितों के कद्दावर नेता बाबू जगजीवन राम के पैतृक गांव चंदवा में इस धार्मिक उत्सव के आयोजन से यह गांव इस दौरान धार्मिक स्थल में परिणत हो गया था.

-वहीं नीतीश कुमार और भाजपा के वैचारिक संगठन आरएसएस प्रमुख के एक ही कार्यक्रम में भाग लेने पर प्रदेश की प्रमुख विपक्षी पार्टी राजद को कभी संघ मुक्त भारत की बात करने वाले नीतीश पर हमला बोलने का अवसर मिल गया.

-बिहार विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव ने ट्विट कर आरोप लगाया संघ मुक्त भारत की बात करने वाले नीतीश जी कुर्सी के लोभ-मोह और मोदी जी के डर से अब मोहन भागवत जी से मिलकर संघयुक्त भारत की पहल करेंगे.

-राजद प्रवक्ता और विधायक अख्तरल इस्लाम शाहीन ने नीतीश पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया उनका असली चेहरा सामने आ गया है.यह इस बात को साबित करता है कि नीतीश ने भाजपा और आरएसएस से हाथ मिलाने के लिए तेजस्वी का सहारा लिया. इस बीच प्रदेश में सत्ताधारी जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने कहा कि इस समारोह को राजनीतिक चश्मे से नहीं देखा जाना चाहिए क्योंकि यह विशुद्ध रूप से सामाजिक और धार्मिक आयोजन था जिसमें कई देशों के आये लोग शामिल हुए.

-समारोह को संबोधित करते हुए नीतीश ने कहा कि परम पूज्य त्रिदंडी स्वामी जी महाराज के शिष्य श्री लक्ष्मी प्रपन्न जीयर स्वामी जी के द्वारा इतना बड़ा धार्मिक उत्सव कराया गया है, इसके लिये मैं इनको नमन करता हूं.

-उन्होंने संतों से बिहार को आशीर्वाद देने की अपील करते हुए प्रदेश सरकार द्वारा शराबबंदी के बाद बाल विवाह और दहेज प्रथा के खिलाफ छेड़े गये अभियान का जिक्र किया और कहा कि इस मंच से जो संदेश जायेगा, वह बाल विवाह एवं दहेज प्रथा के विरुद्ध एक महत्वपूर्ण कदम होगा और मजबूती से लागू होगा और अंतत: कामयाबी मिलेगी। इसके साथ ही देश के अन्य राज्यों में भी इसका असर पड़ेगा.

-उन्होंने कहा कि भौतिक विकास यथा सड़क, पुलापुलिया, शिक्षा, स्वास्थ्य पर भी उतना ही ध्यान देना है, साथ ही समाज सुधार के काम में काम में भी कामयाब होते हैं तो यह बहुत बड़ी बात होगी.

-कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि खराब परिस्थिति में भी जो धैर्य धारण करते हैं उनका विकास निश्चित है. उन्होंने समाज से जाति के आधार पर भेदभाव समाप्त किये जाने पर जोर दिया.

-भागवत ने स्वच्छता पर जोर देते हुए कहा कि घर और उसके आसपास के इलाके को साफ रखने से अंतत: विश्व का कल्याण होता है.

-समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने अयोध्या में भगवान राम का मंदिर बनने के प्रति विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि वे राम लला के लंबे समय से वकील रहे हैं और में राम मंदिर के पक्ष में बहुत सारे दस्तावेज के आधार पर वे उच्चतम न्यायालय में जीत को लेकर निश्चित है.

-कार्यक्रम को महायज्ञ के कर्ता-धर्ता व परम पूजनीय श्री त्रिदंडी स्वामी जी महाराज के शिष्य पूजनीय श्री लक्ष्मी प्रपन्न जीयर स्वामी जी, कांची पीठाधिश्वर श्री अनंताचार्य गादी स्वामी जी, बाला तिरूपति मंदिर के प्रधान श्री तिरूपति जीयर स्वामी जी, बौद्ध भिक्षु श्री स्वामी जी महाराज, जैन भिक्षु श्री लोकेश जी महाराज सहित अनेक साधु संतों ने संबोधित किया.

-समारोह को पथ निर्माण मंत्री नंदकिशोर यादव, खान एवं भूतत्व मंत्री तथा प्रभारी मंत्री भोजपुर बिनोद कुमार सिंह, उद्योग मंत्री जय कुमार सिंह, सांसद एवं जदयू प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह, सांसद अरुण कुमार ने भी संबोधित किया.

यह भी पढ़ें-
बिहार की इस यूनिवर्सिटी का अनोखा कारनामा, भगवान शिव के पुत्र गणेश देंगे कामर्स पार्ट वन की परीक्षा, जानें

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन